वाहन खरीद मुहूर्त 2091
2091 में नई दिल्ली के लिए वाहन खरीद के 88 शुभ दिन, उन समय-अवधियों के साथ जिनमें सभी शर्तें पूरी होती हैं।
वाहन खरीद का अगला मुहूर्त: बुधवार, 3 जनवरी 2091 — 07:14 – 12:25, 13:43 – 23:10
जनवरी 2091 · 9 दिन
| तारीख | मुहूर्त |
|---|---|
| बुधवार, 3 जन॰ | 07:14 – 12:25 13:43 – 23:10 नक्षत्र: रोहिणी, मृगशिरा · तिथि: शुक्ल त्रयोदशी |
| शुक्रवार, 5 जन॰ | 20:38 – 07:14 (6 जन॰) नक्षत्र: पुनर्वसु · तिथि: पूर्णिमा, कृष्ण प्रतिपदा |
| शुक्रवार, 12 जन॰ | 07:14 – 11:10 12:29 – 05:08 (13 जन॰) नक्षत्र: हस्त, चित्रा · तिथि: कृष्ण अष्टमी |
| रविवार, 14 जन॰ | 07:14 – 08:49 नक्षत्र: स्वाति · तिथि: कृष्ण दशमी |
| सोमवार, 15 जन॰ | 09:52 – 00:18 (16 जन॰) नक्षत्र: अनुराधा · तिथि: कृष्ण एकादशी |
| सोमवार, 22 जन॰ | 07:13 – 08:33 09:53 – 01:36 (23 जन॰) नक्षत्र: धनिष्ठा, शतभिषा · तिथि: शुक्ल तृतीया |
| गुरुवार, 25 जन॰ | 19:40 – 07:11 (26 जन॰) नक्षत्र: रेवती · तिथि: शुक्ल षष्ठी |
| शुक्रवार, 26 जन॰ | 07:11 – 09:08 नक्षत्र: रेवती · तिथि: शुक्ल षष्ठी |
| बुधवार, 31 जन॰ | 07:09 – 12:34 13:55 – 16:40 नक्षत्र: मृगशिरा · तिथि: शुक्ल एकादशी |
फ़रवरी 2091 · 5 दिन
| तारीख | मुहूर्त |
|---|---|
| शुक्रवार, 2 फ़र॰ | 07:08 – 11:13 12:34 – 14:40 नक्षत्र: पुनर्वसु · तिथि: शुक्ल त्रयोदशी |
| गुरुवार, 8 फ़र॰ | 07:04 – 13:58 15:20 – 07:04 (9 फ़र॰) नक्षत्र: हस्त, चित्रा · तिथि: कृष्ण पंचमी, कृष्ण षष्ठी |
| शुक्रवार, 9 फ़र॰ | 07:04 – 11:12 12:35 – 17:38 नक्षत्र: चित्रा, स्वाति · तिथि: कृष्ण षष्ठी |
| सोमवार, 26 फ़र॰ | 14:14 – 06:48 (27 फ़र॰) नक्षत्र: रोहिणी · तिथि: शुक्ल अष्टमी |
| बुधवार, 28 फ़र॰ | 09:24 – 12:33 14:00 – 16:46 नक्षत्र: मृगशिरा · तिथि: शुक्ल दशमी |
मार्च 2091 · 8 दिन
| तारीख | मुहूर्त |
|---|---|
| गुरुवार, 1 मार्च | 16:52 – 06:45 (2 मार्च) नक्षत्र: पुनर्वसु · तिथि: शुक्ल एकादशी |
| शुक्रवार, 2 मार्च | 06:45 – 08:03 नक्षत्र: पुनर्वसु · तिथि: शुक्ल एकादशी |
| बुधवार, 7 मार्च | 14:24 – 06:38 (8 मार्च) नक्षत्र: हस्त, चित्रा · तिथि: कृष्ण तृतीया |
| गुरुवार, 8 मार्च | 06:38 – 10:57 नक्षत्र: चित्रा · तिथि: कृष्ण तृतीया |
| शुक्रवार, 9 मार्च | 07:46 – 11:03 12:31 – 21:31 नक्षत्र: स्वाति · तिथि: कृष्ण पंचमी |
| गुरुवार, 15 मार्च | 20:39 – 01:11 (16 मार्च) नक्षत्र: श्रवण · तिथि: कृष्ण एकादशी |
| सोमवार, 26 मार्च | 06:18 – 07:50 09:22 – 22:54 नक्षत्र: रोहिणी · तिथि: शुक्ल षष्ठी |
| शुक्रवार, 30 मार्च | 06:13 – 10:52 12:25 – 00:56 (31 मार्च) नक्षत्र: पुष्य · तिथि: शुक्ल दशमी, शुक्ल एकादशी |
अप्रैल 2091 · 9 दिन
| तारीख | मुहूर्त |
|---|---|
| बुधवार, 4 अप्रैल | 06:07 – 12:24 13:58 – 03:11 (5 अप्रैल) नक्षत्र: हस्त, चित्रा · तिथि: पूर्णिमा, कृष्ण प्रतिपदा |
| शुक्रवार, 6 अप्रैल | 06:05 – 07:17 नक्षत्र: स्वाति · तिथि: कृष्ण तृतीया |
| गुरुवार, 12 अप्रैल | 13:12 – 13:57 15:33 – 05:57 (13 अप्रैल) नक्षत्र: श्रवण, धनिष्ठा · तिथि: कृष्ण दशमी |
| शुक्रवार, 13 अप्रैल | 05:57 – 10:45 12:21 – 05:56 (14 अप्रैल) नक्षत्र: धनिष्ठा · तिथि: कृष्ण दशमी, कृष्ण एकादशी |
| रविवार, 22 अप्रैल | 05:48 – 09:12 नक्षत्र: रोहिणी · तिथि: शुक्ल तृतीया |
| सोमवार, 23 अप्रैल | 10:41 – 05:46 (24 अप्रैल) नक्षत्र: मृगशिरा · तिथि: शुक्ल पंचमी |
| बुधवार, 25 अप्रैल | 08:04 – 12:13 नक्षत्र: पुनर्वसु · तिथि: शुक्ल षष्ठी |
| गुरुवार, 26 अप्रैल | 12:08 – 13:57 15:36 – 05:44 (27 अप्रैल) नक्षत्र: पुष्य · तिथि: शुक्ल अष्टमी |
| शुक्रवार, 27 अप्रैल | 05:44 – 08:48 नक्षत्र: पुष्य · तिथि: शुक्ल अष्टमी |
मई 2091 · 8 दिन
| तारीख | मुहूर्त |
|---|---|
| बुधवार, 2 मई | 19:03 – 05:38 (3 मई) नक्षत्र: चित्रा, स्वाति · तिथि: पूर्णिमा |
| गुरुवार, 3 मई | 05:38 – 13:58 15:38 – 18:15 नक्षत्र: स्वाति · तिथि: पूर्णिमा, कृष्ण प्रतिपदा |
| गुरुवार, 10 मई | 05:33 – 13:58 15:39 – 02:47 (11 मई) नक्षत्र: श्रवण, धनिष्ठा · तिथि: कृष्ण अष्टमी |
| सोमवार, 21 मई | 05:27 – 07:10 08:52 – 12:22 नक्षत्र: मृगशिरा · तिथि: शुक्ल तृतीया |
| बुधवार, 23 मई | 05:26 – 12:18 14:01 – 05:26 (24 मई) नक्षत्र: पुनर्वसु, पुष्य · तिथि: शुक्ल पंचमी, शुक्ल षष्ठी |
| गुरुवार, 24 मई | 05:26 – 14:01 नक्षत्र: पुष्य · तिथि: शुक्ल षष्ठी |
| सोमवार, 28 मई | 11:15 – 05:24 (29 मई) नक्षत्र: हस्त · तिथि: शुक्ल दशमी, शुक्ल एकादशी |
| बुधवार, 30 मई | 08:55 – 12:18 14:02 – 04:25 (31 मई) नक्षत्र: स्वाति · तिथि: शुक्ल त्रयोदशी |
जून 2091 · 5 दिन
| तारीख | मुहूर्त |
|---|---|
| शुक्रवार, 1 जून | 05:23 – 10:35 12:19 – 23:29 नक्षत्र: अनुराधा · तिथि: पूर्णिमा, कृष्ण प्रतिपदा |
| बुधवार, 6 जून | 05:23 – 12:20 14:04 – 05:23 (7 जून) नक्षत्र: श्रवण, धनिष्ठा · तिथि: कृष्ण पंचमी, कृष्ण षष्ठी |
| गुरुवार, 7 जून | 05:23 – 14:04 नक्षत्र: धनिष्ठा · तिथि: कृष्ण षष्ठी |
| शुक्रवार, 8 जून | 16:56 – 23:11 नक्षत्र: शतभिषा · तिथि: कृष्ण अष्टमी |
| सोमवार, 11 जून | 05:22 – 07:07 08:52 – 05:22 (12 जून) नक्षत्र: रेवती · तिथि: कृष्ण दशमी, कृष्ण एकादशी |
जुलाई 2091 · 5 दिन
| तारीख | मुहूर्त |
|---|---|
| रविवार, 22 जुल॰ | 05:37 – 09:54 नक्षत्र: हस्त · तिथि: शुक्ल षष्ठी |
| सोमवार, 23 जुल॰ | 09:02 – 05:24 (24 जुल॰) नक्षत्र: चित्रा, स्वाति · तिथि: शुक्ल अष्टमी |
| बुधवार, 25 जुल॰ | 17:00 – 05:39 (26 जुल॰) नक्षत्र: अनुराधा · तिथि: शुक्ल दशमी, शुक्ल एकादशी |
| गुरुवार, 26 जुल॰ | 05:39 – 14:09 नक्षत्र: अनुराधा · तिथि: शुक्ल एकादशी |
| सोमवार, 30 जुल॰ | 13:00 – 05:42 (31 जुल॰) नक्षत्र: श्रवण · तिथि: पूर्णिमा, कृष्ण प्रतिपदा |
अगस्त 2091 · 12 दिन
| तारीख | मुहूर्त |
|---|---|
| बुधवार, 1 अग॰ | 17:46 – 05:43 (2 अग॰) नक्षत्र: शतभिषा · तिथि: कृष्ण तृतीया |
| गुरुवार, 2 अग॰ | 05:43 – 14:08 नक्षत्र: शतभिषा · तिथि: कृष्ण तृतीया |
| रविवार, 5 अग॰ | 05:45 – 17:28 19:09 – 23:38 नक्षत्र: रेवती · तिथि: कृष्ण षष्ठी |
| गुरुवार, 9 अग॰ | 07:56 – 14:06 15:46 – 05:47 (10 अग॰) नक्षत्र: रोहिणी · तिथि: कृष्ण दशमी |
| शुक्रवार, 10 अग॰ | 05:47 – 10:46 12:26 – 05:48 (11 अग॰) नक्षत्र: रोहिणी, मृगशिरा · तिथि: कृष्ण दशमी, कृष्ण एकादशी |
| रविवार, 12 अग॰ | 11:58 – 17:23 19:03 – 05:49 (13 अग॰) नक्षत्र: पुनर्वसु · तिथि: कृष्ण त्रयोदशी |
| सोमवार, 13 अग॰ | 05:49 – 07:28 नक्षत्र: पुनर्वसु · तिथि: कृष्ण त्रयोदशी |
| रविवार, 19 अग॰ | 05:52 – 17:18 18:56 – 05:53 (20 अग॰) नक्षत्र: चित्रा, स्वाति · तिथि: शुक्ल पंचमी, शुक्ल षष्ठी |
| सोमवार, 20 अग॰ | 05:53 – 07:31 09:08 – 14:41 नक्षत्र: स्वाति · तिथि: शुक्ल षष्ठी |
| बुधवार, 22 अग॰ | 05:54 – 10:13 नक्षत्र: अनुराधा · तिथि: शुक्ल अष्टमी |
| रविवार, 26 अग॰ | 20:07 – 05:09 (27 अग॰) नक्षत्र: श्रवण · तिथि: शुक्ल त्रयोदशी |
| बुधवार, 29 अग॰ | 05:57 – 12:21 13:57 – 23:51 नक्षत्र: शतभिषा · तिथि: पूर्णिमा, कृष्ण प्रतिपदा |
सितंबर 2091 · 5 दिन
| तारीख | मुहूर्त |
|---|---|
| बुधवार, 5 सित॰ | 20:23 – 06:01 (6 सित॰) नक्षत्र: रोहिणी · तिथि: कृष्ण अष्टमी |
| गुरुवार, 6 सित॰ | 06:01 – 13:53 15:28 – 22:06 नक्षत्र: रोहिणी, मृगशिरा · तिथि: कृष्ण अष्टमी |
| रविवार, 9 सित॰ | 06:03 – 16:59 18:33 – 23:16 नक्षत्र: पुनर्वसु, पुष्य · तिथि: कृष्ण एकादशी |
| रविवार, 23 सित॰ | 06:10 – 16:01 नक्षत्र: श्रवण · तिथि: शुक्ल एकादशी |
| सोमवार, 24 सित॰ | 16:46 – 06:11 (25 सित॰) नक्षत्र: धनिष्ठा, शतभिषा · तिथि: शुक्ल त्रयोदशी |
अक्टूबर 2091 · 3 दिन
| तारीख | मुहूर्त |
|---|---|
| रविवार, 21 अक्टू॰ | 06:25 – 16:20 17:45 – 06:26 (22 अक्टू॰) नक्षत्र: श्रवण, धनिष्ठा · तिथि: शुक्ल दशमी, शुक्ल एकादशी |
| सोमवार, 22 अक्टू॰ | 06:26 – 07:51 09:15 – 05:51 (23 अक्टू॰) नक्षत्र: धनिष्ठा, शतभिषा · तिथि: शुक्ल एकादशी |
| शुक्रवार, 26 अक्टू॰ | 12:20 – 20:28 नक्षत्र: रेवती · तिथि: पूर्णिमा |
नवंबर 2091 · 10 दिन
| तारीख | मुहूर्त |
|---|---|
| गुरुवार, 1 नव॰ | 06:33 – 10:28 नक्षत्र: मृगशिरा · तिथि: कृष्ण पंचमी |
| शुक्रवार, 2 नव॰ | 12:34 – 03:11 (3 नव॰) नक्षत्र: पुनर्वसु · तिथि: कृष्ण षष्ठी |
| रविवार, 4 नव॰ | 06:35 – 15:08 नक्षत्र: पुष्य · तिथि: कृष्ण अष्टमी |
| गुरुवार, 8 नव॰ | 20:19 – 06:38 (9 नव॰) नक्षत्र: हस्त · तिथि: कृष्ण त्रयोदशी |
| शुक्रवार, 9 नव॰ | 06:38 – 10:43 12:04 – 16:53 नक्षत्र: हस्त, चित्रा · तिथि: कृष्ण त्रयोदशी |
| शुक्रवार, 16 नव॰ | 14:53 – 17:04 नक्षत्र: श्रवण · तिथि: शुक्ल षष्ठी |
| रविवार, 18 नव॰ | 06:45 – 16:06 नक्षत्र: धनिष्ठा · तिथि: शुक्ल अष्टमी |
| सोमवार, 26 नव॰ | 11:17 – 06:53 (27 नव॰) नक्षत्र: रोहिणी · तिथि: कृष्ण प्रतिपदा |
| बुधवार, 28 नव॰ | 13:27 – 16:11 नक्षत्र: मृगशिरा · तिथि: कृष्ण तृतीया |
| शुक्रवार, 30 नव॰ | 16:03 – 06:56 (1 दिस॰) नक्षत्र: पुनर्वसु, पुष्य · तिथि: कृष्ण पंचमी |
दिसंबर 2091 · 9 दिन
| तारीख | मुहूर्त |
|---|---|
| बुधवार, 5 दिस॰ | 20:34 – 06:59 (6 दिस॰) नक्षत्र: हस्त · तिथि: कृष्ण दशमी |
| गुरुवार, 6 दिस॰ | 06:59 – 13:29 14:47 – 07:00 (7 दिस॰) नक्षत्र: हस्त, चित्रा · तिथि: कृष्ण दशमी, कृष्ण एकादशी |
| शुक्रवार, 7 दिस॰ | 07:00 – 09:16 नक्षत्र: चित्रा · तिथि: कृष्ण एकादशी |
| शुक्रवार, 14 दिस॰ | 09:36 – 10:58 12:15 – 07:06 (15 दिस॰) नक्षत्र: श्रवण, धनिष्ठा · तिथि: शुक्ल पंचमी |
| रविवार, 16 दिस॰ | 07:06 – 09:10 नक्षत्र: शतभिषा · तिथि: शुक्ल षष्ठी |
| बुधवार, 19 दिस॰ | 14:10 – 07:08 (20 दिस॰) नक्षत्र: रेवती · तिथि: शुक्ल दशमी |
| गुरुवार, 20 दिस॰ | 07:08 – 09:18 नक्षत्र: रेवती · तिथि: शुक्ल दशमी |
| रविवार, 23 दिस॰ | 18:01 – 00:02 (24 दिस॰) नक्षत्र: रोहिणी · तिथि: शुक्ल त्रयोदशी |
| शुक्रवार, 28 दिस॰ | 07:12 – 11:05 12:22 – 02:45 (29 दिस॰) नक्षत्र: पुष्य · तिथि: कृष्ण तृतीया |
नई दिल्ली के लिए गणना। समय-अवधियां स्थानीय समय में दिखाई गई हैं; जो अवधि मध्यरात्रि पार करती है, वह उसी दिन की मानी जाती है जिस दिन वह शुरू होती है (हिंदू दिन सूर्योदय से सूर्योदय तक चलता है)।
प्रयुक्त नियम
वाहन खरीदना एक बड़ी खरीद है, और कई परिवार उसकी डिलीवरी शुभ समय पर लेना पसंद करते हैं। वाहन के लिए चर नक्षत्र सबसे अच्छे माने जाते हैं, साथ ही मृदु और क्षिप्र नक्षत्र भी, अनुकूल तिथि और वार पर। नीचे दी गई समय-अवधियों में उस दिन का राहुकाल शामिल नहीं किया गया है।
- चंद्रमा का नक्षत्र: रोहिणी, मृगशिरा, पुनर्वसु, पुष्य, हस्त, चित्रा, स्वाति, अनुराधा, श्रवण, धनिष्ठा, शतभिषा, रेवती
- तिथि (शुक्ल पक्ष): तृतीया, पंचमी, षष्ठी, अष्टमी, दशमी, एकादशी, त्रयोदशी, पूर्णिमा; (कृष्ण पक्ष): प्रतिपदा, तृतीया, पंचमी, षष्ठी, अष्टमी, दशमी, एकादशी, त्रयोदशी
- वार: रविवार, सोमवार, बुधवार, गुरुवार, शुक्रवार
- अधिक मास (मलमास) में कोई मुहूर्त नहीं
- पितृ पक्ष में कोई मुहूर्त नहीं
- केवल वे अवधियां जो रात 9 बजे से पहले शुरू हों
- राहुकाल को समय-अवधियों से बाहर रखा गया है
ये सामान्य रूप से शुभ समय-अवधियां हैं। किसी संस्कार के लिए ज्योतिषी चुने गए क्षण का लग्न और संबंधित व्यक्तियों का तारा बल व चंद्र बल भी देखते हैं — एक ही अवधि किसी एक व्यक्ति के लिए दूसरे की तुलना में अधिक अनुकूल हो सकती है।
ज्योतिषी से अपना व्यक्तिगत मुहूर्त निकलवाएं किसी अनुभवी ज्योतिषी से बात करें।
अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न
2091 में वाहन खरीद के कितने मुहूर्त हैं?
इस पेज पर दिए गए नियमों के अनुसार 2091 में नई दिल्ली के लिए वाहन खरीद के 88 शुभ दिन हैं।
वाहन खरीद के लिए अगली शुभ तिथि कब है?
अगली शुभ तिथि बुधवार, 3 जनवरी 2091 है, मुहूर्त 07:14 – 12:25, 13:43 – 23:10।
कुछ महीनों में कोई मुहूर्त क्यों नहीं होता?
मौसमी निषेधों के कारण लंबी अवधियां वर्जित हो जाती हैं: खरमास (सूर्य धनु या मीन राशि में), चातुर्मास, अधिक मास, और वे अवधियां जब शुक्र या गुरु अस्त होते हैं। बचे हुए दिनों में भी उपयुक्त नक्षत्र और तिथि का एक साथ होना ज़रूरी है।