24 नवंबर 2029 को इम्फाल का चौघड़िया

शनिवार, 24 नवंबर 2029, इम्फाल, भारत। समय Asia/Kolkata में है।

शनिवार, 24 नवंबर 2029 को इम्फाल में सूर्योदय के समय तिथि कृष्ण तृतीया (15:44 तक), नक्षत्र आर्द्रा (03:09, 25 नव॰ तक) और योग साध्य है। सूर्योदय 05:36 पर और सूर्यास्त 16:24 पर है। राहुकाल 08:18 से 09:39 तक है।

दिन और रात
दिन 05:36 – 16:24
रात 05:37 तक
तिथि
तृतीया, 15:44 तक
चतुर्थी
नक्षत्र
आर्द्रा, 03:09 तक
पुनर्वसु
चौघड़िया
काल
शुभ
रोग
उद्वेग
चर
लाभ
अमृत
काल
लाभ
उद्वेग
शुभ
अमृत
चर
रोग
काल
लाभ
राहुकाल, यमगंड और गुलिक
राहु
यम
गुलिक
अभिजीत और ब्रह्म मुहूर्त

24 नवंबर 2029 का चौघड़िया

चौघड़िया दिन (सूर्योदय से सूर्यास्त) और रात (सूर्यास्त से अगले सूर्योदय) को आठ-आठ भागों में बांटता है। अमृत, शुभ और लाभ कार्य शुरू करने के लिए अच्छे हैं; चर यात्रा के लिए अच्छा है; उद्वेग, काल और रोग में नई शुरुआत से बचना बेहतर है।

दिन का चौघड़ियासमयफल
काल05:36 – 06:57टालें
शुभ06:57 – 08:18शुभ
रोग08:18 – 09:39टालें
उद्वेग09:39 – 11:00टालें
चर11:00 – 12:21सामान्य
लाभ12:21 – 13:42शुभ
अमृत13:42 – 15:03शुभ
काल15:03 – 16:24टालें
रात का चौघड़ियासमयफल
लाभ16:24 – 18:03शुभ
उद्वेग18:03 – 19:42टालें
शुभ19:42 – 21:22शुभ
अमृत21:22 – 23:01शुभ
चर23:01 – 00:40सामान्य
रोग00:40 – 02:19टालें
काल02:19 – 03:58टालें
लाभ03:58 – 05:37शुभ

24 नवंबर 2029 का पंचांग

वारशनिवार
तिथि
कृष्ण तृतीया 15:44 तक
कृष्ण चतुर्थी 17:05, 25 नव॰ तक
नक्षत्र
आर्द्रा 03:09, 25 नव॰ तक
पुनर्वसु 04:48, 26 नव॰ तक
योग
साध्य 17:39 तक
शुभ 17:32, 25 नव॰ तक
करण
विष्टि (भद्रा) 15:44 तक
बव 04:28, 25 नव॰ तक
बालव 17:05, 25 नव॰ तक
चंद्र राशि
सूर्य राशिवृश्चिक
पक्षकृष्ण पक्ष

सूर्य और चंद्रमा

सूर्योदय
05:36
सूर्यास्त
16:24
चंद्रोदय
19:00
चंद्रास्त
08:04
दिनमान
10h 48m

हिंदू कैलेंडर

मास (अमांत)
कार्तिक
मास (पूर्णिमांत)
मार्गशीर्ष
विक्रम संवत
2086
शक संवत
1951, सौम्य संवत्सर
ऋतु
शरद
अयन
दक्षिणायन

शुभ समय

ब्रह्म मुहूर्त
03:51 – 04:43
अभिजीत मुहूर्त
10:39 – 11:22

अशुभ समय

राहुकाल
08:18 – 09:39
यमगंड
12:21 – 13:42
गुलिक काल
05:36 – 06:57

होरा (ग्रहों के घंटे)

हर होरा दिन या रात का बारहवां भाग होता है और उस पर एक ग्रह का शासन होता है; सूर्योदय पर पहला होरा वार के स्वामी का होता है। किसी ग्रह के होरा का उपयोग उसके कारक कार्यों के लिए करें — पढ़ाई के लिए गुरु, कला के लिए शुक्र, व्यापार के लिए बुध।

होरा स्वामीसेतकदिन / रात
शनि05:3606:30दिन
गुरु06:3007:24दिन
मंगल07:2408:18दिन
सूर्य08:1809:12दिन
शुक्र09:1210:06दिन
बुध10:0611:00दिन
चंद्र11:0011:54दिन
शनि11:5412:48दिन
गुरु12:4813:42दिन
मंगल13:4214:36दिन
सूर्य14:3615:30दिन
शुक्र15:3016:24दिन
बुध16:2417:30रात
चंद्र17:3018:36रात
शनि18:3619:42रात
गुरु19:4220:49रात
मंगल20:4921:55रात
सूर्य21:5523:01रात
शुक्र23:0100:07रात
बुध00:0701:13रात
चंद्र01:1302:19रात
शनि02:1903:25रात
गुरु03:2504:31रात
मंगल04:3105:37रात

अयनांश 24.2747° (लाहिड़ी)। समय इम्फाल (Asia/Kolkata) के स्थानीय हैं।

किसी अन्य शहर का चौघड़िया

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अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

चौघड़िया क्या है?

चौघड़िया समय देखने की एक वैदिक पद्धति है, जो गुजरात और राजस्थान में लोकप्रिय है। इसमें दिन और रात को आठ-आठ भागों में बाँटा जाता है। हर भाग का स्वामी एक ग्रह होता है और उसका नाम अमृत, शुभ, लाभ, चर, उद्वेग, काल या रोग होता है।

कौन-सा चौघड़िया सबसे अच्छा है?

अमृत, शुभ और लाभ नए काम की शुरुआत, दस्तावेज़ों पर हस्ताक्षर और खरीदारी के लिए शुभ माने जाते हैं। चर यात्रा के लिए अच्छा है। उद्वेग, काल और रोग में परंपरागत रूप से नई शुरुआत से बचा जाता है।

चौघड़िया का समय हर दिन अलग क्यों होता है?

ये अवधियाँ आपके स्थान पर वास्तविक दिन (सूर्योदय से सूर्यास्त) और रात (सूर्यास्त से अगले सूर्योदय) का आठवाँ भाग होती हैं, इसलिए साल भर सूर्योदय और सूर्यास्त के साथ बदलती रहती हैं।

क्या चौघड़िया और राहु काल एक ही हैं?

नहीं। राहु काल हर दिन एक अशुभ अवधि है। चौघड़िया दिन और रात की सभी सोलह अवधियों का मूल्यांकन करता है।