23 अक्टूबर 2028 को कोटा का चौघड़िया

सोमवार, 23 अक्टूबर 2028, कोटा, भारत। समय Asia/Kolkata में है।

सोमवार, 23 अक्टूबर 2028 को कोटा में सूर्योदय के समय तिथि शुक्ल षष्ठी (20:53 तक), नक्षत्र मूल (11:16 तक) और योग अतिगंड है। सूर्योदय 06:29 पर और सूर्यास्त 17:52 पर है। राहुकाल 07:54 से 09:19 तक है।

दिन और रात
दिन 06:29 – 17:52
रात 06:29 तक
तिथि
षष्ठी, 20:53 तक
सप्तमी
नक्षत्र
मूल, 11:16 तक
पूर्वाषाढ़ा
चौघड़िया
अमृत
काल
शुभ
रोग
उद्वेग
चर
लाभ
अमृत
चर
रोग
काल
लाभ
उद्वेग
शुभ
अमृत
चर
राहुकाल, यमगंड और गुलिक
राहु
यम
गुलिक
अभिजीत और ब्रह्म मुहूर्त

23 अक्टूबर 2028 का चौघड़िया

चौघड़िया दिन (सूर्योदय से सूर्यास्त) और रात (सूर्यास्त से अगले सूर्योदय) को आठ-आठ भागों में बांटता है। अमृत, शुभ और लाभ कार्य शुरू करने के लिए अच्छे हैं; चर यात्रा के लिए अच्छा है; उद्वेग, काल और रोग में नई शुरुआत से बचना बेहतर है।

दिन का चौघड़ियासमयफल
अमृत06:29 – 07:54शुभ
काल07:54 – 09:19टालें
शुभ09:19 – 10:45शुभ
रोग10:45 – 12:10टालें
उद्वेग12:10 – 13:36टालें
चर13:36 – 15:01सामान्य
लाभ15:01 – 16:26शुभ
अमृत16:26 – 17:52शुभ
रात का चौघड़ियासमयफल
चर17:52 – 19:27सामान्य
रोग19:27 – 21:01टालें
काल21:01 – 22:36टालें
लाभ22:36 – 00:11शुभ
उद्वेग00:11 – 01:45टालें
शुभ01:45 – 03:20शुभ
अमृत03:20 – 04:55शुभ
चर04:55 – 06:29सामान्य

23 अक्टूबर 2028 का पंचांग

वारसोमवार
तिथि
शुक्ल षष्ठी 20:53 तक
शुक्ल सप्तमी 21:41, 24 अक्टू॰ तक
नक्षत्र
मूल 11:16 तक
पूर्वाषाढ़ा 12:22, 24 अक्टू॰ तक
योग
अतिगंडअशुभ 12:16 तक
सुकर्मा 11:32, 24 अक्टू॰ तक
करण
कौलव 08:47 तक
तैतिल 20:53 तक
गर 09:11, 24 अक्टू॰ तक
चंद्र राशि
सूर्य राशितुला
पक्षशुक्ल पक्ष

सूर्य और चंद्रमा

सूर्योदय
06:29
सूर्यास्त
17:52
चंद्रोदय
11:41
चंद्रास्त
22:28
दिनमान
11h 23m

हिंदू कैलेंडर

मास (अमांत)
कार्तिक
मास (पूर्णिमांत)
कार्तिक
विक्रम संवत
2085
शक संवत
1950, कीलक संवत्सर
ऋतु
शरद
अयन
दक्षिणायन

शुभ समय

ब्रह्म मुहूर्त
04:48 – 05:38
अभिजीत मुहूर्त
11:48 – 12:33

अशुभ समय

राहुकाल
07:54 – 09:19
यमगंड
10:45 – 12:10
गुलिक काल
13:36 – 15:01

होरा (ग्रहों के घंटे)

हर होरा दिन या रात का बारहवां भाग होता है और उस पर एक ग्रह का शासन होता है; सूर्योदय पर पहला होरा वार के स्वामी का होता है। किसी ग्रह के होरा का उपयोग उसके कारक कार्यों के लिए करें — पढ़ाई के लिए गुरु, कला के लिए शुक्र, व्यापार के लिए बुध।

होरा स्वामीसेतकदिन / रात
चंद्र06:2907:26दिन
शनि07:2608:23दिन
गुरु08:2309:19दिन
मंगल09:1910:16दिन
सूर्य10:1611:13दिन
शुक्र11:1312:10दिन
बुध12:1013:07दिन
चंद्र13:0714:04दिन
शनि14:0415:01दिन
गुरु15:0115:58दिन
मंगल15:5816:55दिन
सूर्य16:5517:52दिन
शुक्र17:5218:55रात
बुध18:5519:58रात
चंद्र19:5821:01रात
शनि21:0122:04रात
गुरु22:0423:07रात
मंगल23:0700:11रात
सूर्य00:1101:14रात
शुक्र01:1402:17रात
बुध02:1703:20रात
चंद्र03:2004:23रात
शनि04:2305:26रात
गुरु05:2606:29रात

अयनांश 24.2595° (लाहिड़ी)। समय कोटा (Asia/Kolkata) के स्थानीय हैं।

किसी अन्य शहर का चौघड़िया

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अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

चौघड़िया क्या है?

चौघड़िया समय देखने की एक वैदिक पद्धति है, जो गुजरात और राजस्थान में लोकप्रिय है। इसमें दिन और रात को आठ-आठ भागों में बाँटा जाता है। हर भाग का स्वामी एक ग्रह होता है और उसका नाम अमृत, शुभ, लाभ, चर, उद्वेग, काल या रोग होता है।

कौन-सा चौघड़िया सबसे अच्छा है?

अमृत, शुभ और लाभ नए काम की शुरुआत, दस्तावेज़ों पर हस्ताक्षर और खरीदारी के लिए शुभ माने जाते हैं। चर यात्रा के लिए अच्छा है। उद्वेग, काल और रोग में परंपरागत रूप से नई शुरुआत से बचा जाता है।

चौघड़िया का समय हर दिन अलग क्यों होता है?

ये अवधियाँ आपके स्थान पर वास्तविक दिन (सूर्योदय से सूर्यास्त) और रात (सूर्यास्त से अगले सूर्योदय) का आठवाँ भाग होती हैं, इसलिए साल भर सूर्योदय और सूर्यास्त के साथ बदलती रहती हैं।

क्या चौघड़िया और राहु काल एक ही हैं?

नहीं। राहु काल हर दिन एक अशुभ अवधि है। चौघड़िया दिन और रात की सभी सोलह अवधियों का मूल्यांकन करता है।