2 अक्टूबर 2028 को मालदा का चौघड़िया

सोमवार, 2 अक्टूबर 2028, मालदा, भारत। समय Asia/Kolkata में है।

सोमवार, 2 अक्टूबर 2028 को मालदा में सूर्योदय के समय तिथि शुक्ल चतुर्दशी (19:34 तक), नक्षत्र पूर्वा भाद्रपद (18:56 तक) और योग गंड है। सूर्योदय 05:29 पर और सूर्यास्त 17:22 पर है। राहुकाल 06:59 से 08:28 तक है।

दिन और रात
दिन 05:29 – 17:22
रात 05:30 तक
तिथि
चतुर्दशी, 19:34 तक
पूर्णिमा
नक्षत्र
पूर्वा भाद्रपद, 18:56 तक
उत्तरा भाद्रपद
चौघड़िया
अमृत
काल
शुभ
रोग
उद्वेग
चर
लाभ
अमृत
चर
रोग
काल
लाभ
उद्वेग
शुभ
अमृत
चर
राहुकाल, यमगंड और गुलिक
राहु
यम
गुलिक
अभिजीत और ब्रह्म मुहूर्त

2 अक्टूबर 2028 का चौघड़िया

चौघड़िया दिन (सूर्योदय से सूर्यास्त) और रात (सूर्यास्त से अगले सूर्योदय) को आठ-आठ भागों में बांटता है। अमृत, शुभ और लाभ कार्य शुरू करने के लिए अच्छे हैं; चर यात्रा के लिए अच्छा है; उद्वेग, काल और रोग में नई शुरुआत से बचना बेहतर है।

दिन का चौघड़ियासमयफल
अमृत05:29 – 06:59शुभ
काल06:59 – 08:28टालें
शुभ08:28 – 09:57शुभ
रोग09:57 – 11:26टालें
उद्वेग11:26 – 12:55टालें
चर12:55 – 14:24सामान्य
लाभ14:24 – 15:53शुभ
अमृत15:53 – 17:22शुभ
रात का चौघड़ियासमयफल
चर17:22 – 18:53सामान्य
रोग18:53 – 20:24टालें
काल20:24 – 21:55टालें
लाभ21:55 – 23:26शुभ
उद्वेग23:26 – 00:57टालें
शुभ00:57 – 02:28शुभ
अमृत02:28 – 03:59शुभ
चर03:59 – 05:30सामान्य

2 अक्टूबर 2028 का पंचांग

वारसोमवार
तिथि
शुक्ल चतुर्दशी 19:34 तक
पूर्णिमा 21:55, 3 अक्टू॰ तक
नक्षत्र
उत्तरा भाद्रपद 21:48, 3 अक्टू॰ तक
योग
गंडअशुभ 08:27 तक
वृद्धि 09:19, 3 अक्टू॰ तक
करण
गर 06:20 तक
वणिज 19:34 तक
विष्टि (भद्रा) 08:45, 3 अक्टू॰ तक
चंद्र राशि
कुंभ 12:12 तक
सूर्य राशिकन्या
पक्षशुक्ल पक्ष

सूर्य और चंद्रमा

सूर्योदय
05:29
सूर्यास्त
17:22
चंद्रोदय
16:25
चंद्रास्त
04:10
दिनमान
11h 53m

हिंदू कैलेंडर

मास (अमांत)
आश्विन
मास (पूर्णिमांत)
आश्विन
विक्रम संवत
2085
शक संवत
1950, कीलक संवत्सर
ऋतु
शरद
अयन
दक्षिणायन

शुभ समय

ब्रह्म मुहूर्त
03:53 – 04:41
अभिजीत मुहूर्त
11:02 – 11:50

अशुभ समय

राहुकाल
06:59 – 08:28
यमगंड
09:57 – 11:26
गुलिक काल
12:55 – 14:24

होरा (ग्रहों के घंटे)

हर होरा दिन या रात का बारहवां भाग होता है और उस पर एक ग्रह का शासन होता है; सूर्योदय पर पहला होरा वार के स्वामी का होता है। किसी ग्रह के होरा का उपयोग उसके कारक कार्यों के लिए करें — पढ़ाई के लिए गुरु, कला के लिए शुक्र, व्यापार के लिए बुध।

होरा स्वामीसेतकदिन / रात
चंद्र05:2906:29दिन
शनि06:2907:28दिन
गुरु07:2808:28दिन
मंगल08:2809:27दिन
सूर्य09:2710:27दिन
शुक्र10:2711:26दिन
बुध11:2612:25दिन
चंद्र12:2513:25दिन
शनि13:2514:24दिन
गुरु14:2415:24दिन
मंगल15:2416:23दिन
सूर्य16:2317:22दिन
शुक्र17:2218:23रात
बुध18:2319:24रात
चंद्र19:2420:24रात
शनि20:2421:25रात
गुरु21:2522:26रात
मंगल22:2623:26रात
सूर्य23:2600:27रात
शुक्र00:2701:27रात
बुध01:2702:28रात
चंद्र02:2803:29रात
शनि03:2904:29रात
गुरु04:2905:30रात

अयनांश 24.2587° (लाहिड़ी)। समय मालदा (Asia/Kolkata) के स्थानीय हैं।

किसी अन्य शहर का चौघड़िया

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अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

चौघड़िया क्या है?

चौघड़िया समय देखने की एक वैदिक पद्धति है, जो गुजरात और राजस्थान में लोकप्रिय है। इसमें दिन और रात को आठ-आठ भागों में बाँटा जाता है। हर भाग का स्वामी एक ग्रह होता है और उसका नाम अमृत, शुभ, लाभ, चर, उद्वेग, काल या रोग होता है।

कौन-सा चौघड़िया सबसे अच्छा है?

अमृत, शुभ और लाभ नए काम की शुरुआत, दस्तावेज़ों पर हस्ताक्षर और खरीदारी के लिए शुभ माने जाते हैं। चर यात्रा के लिए अच्छा है। उद्वेग, काल और रोग में परंपरागत रूप से नई शुरुआत से बचा जाता है।

चौघड़िया का समय हर दिन अलग क्यों होता है?

ये अवधियाँ आपके स्थान पर वास्तविक दिन (सूर्योदय से सूर्यास्त) और रात (सूर्यास्त से अगले सूर्योदय) का आठवाँ भाग होती हैं, इसलिए साल भर सूर्योदय और सूर्यास्त के साथ बदलती रहती हैं।

क्या चौघड़िया और राहु काल एक ही हैं?

नहीं। राहु काल हर दिन एक अशुभ अवधि है। चौघड़िया दिन और रात की सभी सोलह अवधियों का मूल्यांकन करता है।