26 जून 2025 को मुंबई का चौघड़िया

गुरुवार, 26 जून 2025, मुंबई, भारत। समय Asia/Kolkata में है।

गुरुवार, 26 जून 2025 को मुंबई में सूर्योदय के समय तिथि शुक्ल प्रतिपदा (13:25 तक), नक्षत्र आर्द्रा (08:46 तक) और योग ध्रुव है। सूर्योदय 06:03 पर और सूर्यास्त 19:19 पर है। राहुकाल 14:20 से 16:00 तक है।

दिन और रात
दिन 06:03 – 19:19
रात 06:03 तक
तिथि
प्रतिपदा, 13:25 तक
द्वितीया
नक्षत्र
पुनर्वसु
चौघड़िया
शुभ
रोग
उद्वेग
चर
लाभ
अमृत
काल
शुभ
अमृत
चर
रोग
काल
लाभ
उद्वेग
शुभ
अमृत
राहुकाल, यमगंड और गुलिक
राहु
यम
गुलिक
अभिजीत और ब्रह्म मुहूर्त

26 जून 2025 का चौघड़िया

चौघड़िया दिन (सूर्योदय से सूर्यास्त) और रात (सूर्यास्त से अगले सूर्योदय) को आठ-आठ भागों में बांटता है। अमृत, शुभ और लाभ कार्य शुरू करने के लिए अच्छे हैं; चर यात्रा के लिए अच्छा है; उद्वेग, काल और रोग में नई शुरुआत से बचना बेहतर है।

दिन का चौघड़ियासमयफल
शुभ06:03 – 07:42शुभ
रोग07:42 – 09:22टालें
उद्वेग09:22 – 11:01टालें
चर11:01 – 12:41सामान्य
लाभ12:41 – 14:20शुभ
अमृत14:20 – 16:00शुभ
काल16:00 – 17:40टालें
शुभ17:40 – 19:19शुभ
रात का चौघड़ियासमयफल
अमृत19:19 – 20:40शुभ
चर20:40 – 22:00सामान्य
रोग22:00 – 23:21टालें
काल23:21 – 00:41टालें
लाभ00:41 – 02:01शुभ
उद्वेग02:01 – 03:22टालें
शुभ03:22 – 04:42शुभ
अमृत04:42 – 06:03शुभ

26 जून 2025 का पंचांग

वारगुरुवार
तिथि
शुक्ल प्रतिपदा 13:25 तक
शुक्ल द्वितीया 11:19, 27 जून तक
नक्षत्र
पुनर्वसु 07:22, 27 जून तक
योग
ध्रुव 23:40 तक
व्याघातअशुभ 21:10, 27 जून तक
करण
बव 13:25 तक
बालव 00:18, 27 जून तक
कौलव 11:19, 27 जून तक
चंद्र राशि
मिथुन 01:39, 27 जून तक
सूर्य राशिमिथुन
पक्षशुक्ल पक्ष

सूर्य और चंद्रमा

सूर्योदय
06:03
सूर्यास्त
19:19
चंद्रोदय
06:38
चंद्रास्त
20:31
दिनमान
13h 17m

हिंदू कैलेंडर

मास (अमांत)
आषाढ़
मास (पूर्णिमांत)
आषाढ़
विक्रम संवत
2082
शक संवत
1947, विश्वावसु संवत्सर
ऋतु
ग्रीष्म
अयन
उत्तरायण

शुभ समय

ब्रह्म मुहूर्त
04:37 – 05:20
अभिजीत मुहूर्त
12:14 – 13:07

अशुभ समय

राहुकाल
14:20 – 16:00
यमगंड
06:03 – 07:42
गुलिक काल
09:22 – 11:01

होरा (ग्रहों के घंटे)

हर होरा दिन या रात का बारहवां भाग होता है और उस पर एक ग्रह का शासन होता है; सूर्योदय पर पहला होरा वार के स्वामी का होता है। किसी ग्रह के होरा का उपयोग उसके कारक कार्यों के लिए करें — पढ़ाई के लिए गुरु, कला के लिए शुक्र, व्यापार के लिए बुध।

होरा स्वामीसेतकदिन / रात
गुरु06:0307:09दिन
मंगल07:0908:15दिन
सूर्य08:1509:22दिन
शुक्र09:2210:28दिन
बुध10:2811:34दिन
चंद्र11:3412:41दिन
शनि12:4113:47दिन
गुरु13:4714:54दिन
मंगल14:5416:00दिन
सूर्य16:0017:06दिन
शुक्र17:0618:13दिन
बुध18:1319:19दिन
चंद्र19:1920:13रात
शनि20:1321:06रात
गुरु21:0622:00रात
मंगल22:0022:54रात
सूर्य22:5423:47रात
शुक्र23:4700:41रात
बुध00:4101:35रात
चंद्र01:3502:28रात
शनि02:2803:22रात
गुरु03:2204:16रात
मंगल04:1605:09रात
सूर्य05:0906:03रात

अयनांश 24.2130° (लाहिड़ी)। समय मुंबई (Asia/Kolkata) के स्थानीय हैं।

किसी अन्य शहर का चौघड़िया

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अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

चौघड़िया क्या है?

चौघड़िया समय देखने की एक वैदिक पद्धति है, जो गुजरात और राजस्थान में लोकप्रिय है। इसमें दिन और रात को आठ-आठ भागों में बाँटा जाता है। हर भाग का स्वामी एक ग्रह होता है और उसका नाम अमृत, शुभ, लाभ, चर, उद्वेग, काल या रोग होता है।

कौन-सा चौघड़िया सबसे अच्छा है?

अमृत, शुभ और लाभ नए काम की शुरुआत, दस्तावेज़ों पर हस्ताक्षर और खरीदारी के लिए शुभ माने जाते हैं। चर यात्रा के लिए अच्छा है। उद्वेग, काल और रोग में परंपरागत रूप से नई शुरुआत से बचा जाता है।

चौघड़िया का समय हर दिन अलग क्यों होता है?

ये अवधियाँ आपके स्थान पर वास्तविक दिन (सूर्योदय से सूर्यास्त) और रात (सूर्यास्त से अगले सूर्योदय) का आठवाँ भाग होती हैं, इसलिए साल भर सूर्योदय और सूर्यास्त के साथ बदलती रहती हैं।

क्या चौघड़िया और राहु काल एक ही हैं?

नहीं। राहु काल हर दिन एक अशुभ अवधि है। चौघड़िया दिन और रात की सभी सोलह अवधियों का मूल्यांकन करता है।