15 मार्च 2029 को नांदेड़ का चौघड़िया

गुरुवार, 15 मार्च 2029, नांदेड़, भारत। समय Asia/Kolkata में है।

गुरुवार, 15 मार्च 2029 को नांदेड़ में सूर्योदय के समय तिथि अमावस्या (09:49 तक), नक्षत्र पूर्वा भाद्रपद (15:19 तक) और योग शुभ है। सूर्योदय 06:29 पर और सूर्यास्त 18:30 पर है। राहुकाल 13:59 से 15:30 तक है।

दिन और रात
दिन 06:29 – 18:30
रात 06:28 तक
तिथि
अमावस्या, 09:49 तक
प्रतिपदा
नक्षत्र
पूर्वा भाद्रपद, 15:19 तक
उत्तरा भाद्रपद
चौघड़िया
शुभ
रोग
उद्वेग
चर
लाभ
अमृत
काल
शुभ
अमृत
चर
रोग
काल
लाभ
उद्वेग
शुभ
अमृत
राहुकाल, यमगंड और गुलिक
राहु
यम
गुलिक
अभिजीत और ब्रह्म मुहूर्त

15 मार्च 2029 का चौघड़िया

चौघड़िया दिन (सूर्योदय से सूर्यास्त) और रात (सूर्यास्त से अगले सूर्योदय) को आठ-आठ भागों में बांटता है। अमृत, शुभ और लाभ कार्य शुरू करने के लिए अच्छे हैं; चर यात्रा के लिए अच्छा है; उद्वेग, काल और रोग में नई शुरुआत से बचना बेहतर है।

दिन का चौघड़ियासमयफल
शुभ06:29 – 07:59शुभ
रोग07:59 – 09:29टालें
उद्वेग09:29 – 10:59टालें
चर10:59 – 12:29सामान्य
लाभ12:29 – 13:59शुभ
अमृत13:59 – 15:30शुभ
काल15:30 – 17:00टालें
शुभ17:00 – 18:30शुभ
रात का चौघड़ियासमयफल
अमृत18:30 – 20:00शुभ
चर20:00 – 21:29सामान्य
रोग21:29 – 22:59टालें
काल22:59 – 00:29टालें
लाभ00:29 – 01:59शुभ
उद्वेग01:59 – 03:28टालें
शुभ03:28 – 04:58शुभ
अमृत04:58 – 06:28शुभ

15 मार्च 2029 का पंचांग

वारगुरुवार
तिथि
अमावस्या 09:49 तक
शुक्ल प्रतिपदा 12:13, 16 मार्च तक
नक्षत्र
उत्तरा भाद्रपद 18:14, 16 मार्च तक
योग
शुभ 19:58 तक
शुक्ल 20:49, 16 मार्च तक
करण
नाग 09:49 तक
किंस्तुघ्न 23:00 तक
बव 12:13, 16 मार्च तक
चंद्र राशि
कुंभ 08:36 तक
सूर्य राशिमीन
पक्षकृष्ण पक्ष

सूर्य और चंद्रमा

सूर्योदय
06:29
सूर्यास्त
18:30
चंद्रोदय
06:14
चंद्रास्त
18:42
दिनमान
12h 1m

हिंदू कैलेंडर

मास (अमांत)
फाल्गुन
मास (पूर्णिमांत)
चैत्र
विक्रम संवत
2085
शक संवत
1950, कीलक संवत्सर
ऋतु
शिशिर
अयन
उत्तरायण

शुभ समय

ब्रह्म मुहूर्त
04:53 – 05:41
अभिजीत मुहूर्त
12:05 – 12:53

अशुभ समय

राहुकाल
13:59 – 15:30
यमगंड
06:29 – 07:59
गुलिक काल
09:29 – 10:59

होरा (ग्रहों के घंटे)

हर होरा दिन या रात का बारहवां भाग होता है और उस पर एक ग्रह का शासन होता है; सूर्योदय पर पहला होरा वार के स्वामी का होता है। किसी ग्रह के होरा का उपयोग उसके कारक कार्यों के लिए करें — पढ़ाई के लिए गुरु, कला के लिए शुक्र, व्यापार के लिए बुध।

होरा स्वामीसेतकदिन / रात
गुरु06:2907:29दिन
मंगल07:2908:29दिन
सूर्य08:2909:29दिन
शुक्र09:2910:29दिन
बुध10:2911:29दिन
चंद्र11:2912:29दिन
शनि12:2913:29दिन
गुरु13:2914:29दिन
मंगल14:2915:30दिन
सूर्य15:3016:30दिन
शुक्र16:3017:30दिन
बुध17:3018:30दिन
चंद्र18:3019:30रात
शनि19:3020:30रात
गुरु20:3021:29रात
मंगल21:2922:29रात
सूर्य22:2923:29रात
शुक्र23:2900:29रात
बुध00:2901:29रात
चंद्र01:2902:28रात
शनि02:2803:28रात
गुरु03:2804:28रात
मंगल04:2805:28रात
सूर्य05:2806:28रात

अयनांश 24.2650° (लाहिड़ी)। समय नांदेड़ (Asia/Kolkata) के स्थानीय हैं।

किसी अन्य शहर का चौघड़िया

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अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

चौघड़िया क्या है?

चौघड़िया समय देखने की एक वैदिक पद्धति है, जो गुजरात और राजस्थान में लोकप्रिय है। इसमें दिन और रात को आठ-आठ भागों में बाँटा जाता है। हर भाग का स्वामी एक ग्रह होता है और उसका नाम अमृत, शुभ, लाभ, चर, उद्वेग, काल या रोग होता है।

कौन-सा चौघड़िया सबसे अच्छा है?

अमृत, शुभ और लाभ नए काम की शुरुआत, दस्तावेज़ों पर हस्ताक्षर और खरीदारी के लिए शुभ माने जाते हैं। चर यात्रा के लिए अच्छा है। उद्वेग, काल और रोग में परंपरागत रूप से नई शुरुआत से बचा जाता है।

चौघड़िया का समय हर दिन अलग क्यों होता है?

ये अवधियाँ आपके स्थान पर वास्तविक दिन (सूर्योदय से सूर्यास्त) और रात (सूर्यास्त से अगले सूर्योदय) का आठवाँ भाग होती हैं, इसलिए साल भर सूर्योदय और सूर्यास्त के साथ बदलती रहती हैं।

क्या चौघड़िया और राहु काल एक ही हैं?

नहीं। राहु काल हर दिन एक अशुभ अवधि है। चौघड़िया दिन और रात की सभी सोलह अवधियों का मूल्यांकन करता है।