15 अक्टूबर 2028 को नोएडा का चौघड़िया

रविवार, 15 अक्टूबर 2028, नोएडा, भारत। समय Asia/Kolkata में है।

रविवार, 15 अक्टूबर 2028 को नोएडा में सूर्योदय के समय तिथि कृष्ण द्वादशी (19:17 तक), नक्षत्र पूर्वा फाल्गुनी (01:59, 16 अक्टू॰ तक) और योग शुक्ल है। सूर्योदय 06:21 पर और सूर्यास्त 17:50 पर है। राहुकाल 16:24 से 17:50 तक है।

दिन और रात
दिन 06:21 – 17:50
रात 06:21 तक
तिथि
द्वादशी, 19:17 तक
त्रयोदशी
नक्षत्र
पूर्वा फाल्गुनी, 01:59 तक
उत्तरा फाल्गुनी
चौघड़िया
उद्वेग
चर
लाभ
अमृत
काल
शुभ
रोग
उद्वेग
शुभ
अमृत
चर
रोग
काल
लाभ
उद्वेग
शुभ
राहुकाल, यमगंड और गुलिक
राहु
यम
गुलिक
अभिजीत और ब्रह्म मुहूर्त

15 अक्टूबर 2028 का चौघड़िया

चौघड़िया दिन (सूर्योदय से सूर्यास्त) और रात (सूर्यास्त से अगले सूर्योदय) को आठ-आठ भागों में बांटता है। अमृत, शुभ और लाभ कार्य शुरू करने के लिए अच्छे हैं; चर यात्रा के लिए अच्छा है; उद्वेग, काल और रोग में नई शुरुआत से बचना बेहतर है।

दिन का चौघड़ियासमयफल
उद्वेग06:21 – 07:47टालें
चर07:47 – 09:13सामान्य
लाभ09:13 – 10:39शुभ
अमृत10:39 – 12:05शुभ
काल12:05 – 13:32टालें
शुभ13:32 – 14:58शुभ
रोग14:58 – 16:24टालें
उद्वेग16:24 – 17:50टालें
रात का चौघड़ियासमयफल
शुभ17:50 – 19:24शुभ
अमृत19:24 – 20:58शुभ
चर20:58 – 22:32सामान्य
रोग22:32 – 00:06टालें
काल00:06 – 01:40टालें
लाभ01:40 – 03:14शुभ
उद्वेग03:14 – 04:48टालें
शुभ04:48 – 06:21शुभ

15 अक्टूबर 2028 का पंचांग

वाररविवार
तिथि
कृष्ण द्वादशी 19:17 तक
कृष्ण त्रयोदशी 15:45, 16 अक्टू॰ तक
नक्षत्र
पूर्वा फाल्गुनी 01:59, 16 अक्टू॰ तक
उत्तरा फाल्गुनी 23:11, 16 अक्टू॰ तक
योग
शुक्ल 17:51 तक
ब्रह्म 13:49, 16 अक्टू॰ तक
करण
कौलव 08:55 तक
तैतिल 19:17 तक
गर 05:33, 16 अक्टू॰ तक
वणिज 15:45, 16 अक्टू॰ तक
चंद्र राशि
सूर्य राशिकन्या
पक्षकृष्ण पक्ष

सूर्य और चंद्रमा

सूर्योदय
06:21
सूर्यास्त
17:50
चंद्रोदय
03:01
चंद्रास्त
15:43
दिनमान
11h 29m

हिंदू कैलेंडर

मास (अमांत)
आश्विन
मास (पूर्णिमांत)
कार्तिक
विक्रम संवत
2085
शक संवत
1950, कीलक संवत्सर
ऋतु
शरद
अयन
दक्षिणायन

शुभ समय

ब्रह्म मुहूर्त
04:41 – 05:31
अभिजीत मुहूर्त
11:42 – 12:28

अशुभ समय

राहुकाल
16:24 – 17:50
यमगंड
12:05 – 13:32
गुलिक काल
14:58 – 16:24

होरा (ग्रहों के घंटे)

हर होरा दिन या रात का बारहवां भाग होता है और उस पर एक ग्रह का शासन होता है; सूर्योदय पर पहला होरा वार के स्वामी का होता है। किसी ग्रह के होरा का उपयोग उसके कारक कार्यों के लिए करें — पढ़ाई के लिए गुरु, कला के लिए शुक्र, व्यापार के लिए बुध।

होरा स्वामीसेतकदिन / रात
सूर्य06:2107:18दिन
शुक्र07:1808:16दिन
बुध08:1609:13दिन
चंद्र09:1310:11दिन
शनि10:1111:08दिन
गुरु11:0812:05दिन
मंगल12:0513:03दिन
सूर्य13:0314:00दिन
शुक्र14:0014:58दिन
बुध14:5815:55दिन
चंद्र15:5516:53दिन
शनि16:5317:50दिन
गुरु17:5018:53रात
मंगल18:5319:55रात
सूर्य19:5520:58रात
शुक्र20:5822:01रात
बुध22:0123:03रात
चंद्र23:0300:06रात
शनि00:0601:08रात
गुरु01:0802:11रात
मंगल02:1103:14रात
सूर्य03:1404:16रात
शुक्र04:1605:19रात
बुध05:1906:21रात

अयनांश 24.2592° (लाहिड़ी)। समय नोएडा (Asia/Kolkata) के स्थानीय हैं।

किसी अन्य शहर का चौघड़िया

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अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

चौघड़िया क्या है?

चौघड़िया समय देखने की एक वैदिक पद्धति है, जो गुजरात और राजस्थान में लोकप्रिय है। इसमें दिन और रात को आठ-आठ भागों में बाँटा जाता है। हर भाग का स्वामी एक ग्रह होता है और उसका नाम अमृत, शुभ, लाभ, चर, उद्वेग, काल या रोग होता है।

कौन-सा चौघड़िया सबसे अच्छा है?

अमृत, शुभ और लाभ नए काम की शुरुआत, दस्तावेज़ों पर हस्ताक्षर और खरीदारी के लिए शुभ माने जाते हैं। चर यात्रा के लिए अच्छा है। उद्वेग, काल और रोग में परंपरागत रूप से नई शुरुआत से बचा जाता है।

चौघड़िया का समय हर दिन अलग क्यों होता है?

ये अवधियाँ आपके स्थान पर वास्तविक दिन (सूर्योदय से सूर्यास्त) और रात (सूर्यास्त से अगले सूर्योदय) का आठवाँ भाग होती हैं, इसलिए साल भर सूर्योदय और सूर्यास्त के साथ बदलती रहती हैं।

क्या चौघड़िया और राहु काल एक ही हैं?

नहीं। राहु काल हर दिन एक अशुभ अवधि है। चौघड़िया दिन और रात की सभी सोलह अवधियों का मूल्यांकन करता है।