10 नवंबर 2027 को सुवा का चौघड़िया

बुधवार, 10 नवंबर 2027, सुवा, फ़िजी। समय Pacific/Fiji में है।

बुधवार, 10 नवंबर 2027 को सुवा में सूर्योदय के समय तिथि शुक्ल एकादशी (15:41 तक), नक्षत्र पूर्वा भाद्रपद (11:57 तक) और योग व्याघात है। सूर्योदय 05:23 पर और सूर्यास्त 18:16 पर है। राहुकाल 11:50 से 13:26 तक है।

दिन और रात
दिन 05:23 – 18:16
रात 05:23 तक
तिथि
एकादशी, 15:41 तक
द्वादशी
नक्षत्र
पूर्वा भाद्रपद, 11:57 तक
उत्तरा भाद्रपद
चौघड़िया
लाभ
अमृत
काल
शुभ
रोग
उद्वेग
चर
लाभ
उद्वेग
शुभ
अमृत
चर
रोग
काल
लाभ
उद्वेग
राहुकाल, यमगंड और गुलिक
राहु
यम
गुलिक
अभिजीत और ब्रह्म मुहूर्त

10 नवंबर 2027 का चौघड़िया

चौघड़िया दिन (सूर्योदय से सूर्यास्त) और रात (सूर्यास्त से अगले सूर्योदय) को आठ-आठ भागों में बांटता है। अमृत, शुभ और लाभ कार्य शुरू करने के लिए अच्छे हैं; चर यात्रा के लिए अच्छा है; उद्वेग, काल और रोग में नई शुरुआत से बचना बेहतर है।

दिन का चौघड़ियासमयफल
लाभ05:23 – 07:00शुभ
अमृत07:00 – 08:36शुभ
काल08:36 – 10:13टालें
शुभ10:13 – 11:50शुभ
रोग11:50 – 13:26टालें
उद्वेग13:26 – 15:03टालें
चर15:03 – 16:40सामान्य
लाभ16:40 – 18:16शुभ
रात का चौघड़ियासमयफल
उद्वेग18:16 – 19:40टालें
शुभ19:40 – 21:03शुभ
अमृत21:03 – 22:26शुभ
चर22:26 – 23:50सामान्य
रोग23:50 – 01:13टालें
काल01:13 – 02:36टालें
लाभ02:36 – 03:59शुभ
उद्वेग03:59 – 05:23टालें

10 नवंबर 2027 का पंचांग

वारबुधवार
तिथि
शुक्ल एकादशी 15:41 तक
शुक्ल द्वादशी 16:37, 11 नव॰ तक
नक्षत्र
उत्तरा भाद्रपद 13:31, 11 नव॰ तक
योग
व्याघातअशुभ 06:21 तक
हर्षण 06:10, 11 नव॰ तक
करण
विष्टि (भद्रा) 15:41 तक
बव 04:14, 11 नव॰ तक
बालव 16:37, 11 नव॰ तक
चंद्र राशि
कुंभ 05:27 तक
सूर्य राशितुला
पक्षशुक्ल पक्ष

सूर्य और चंद्रमा

सूर्योदय
05:23
सूर्यास्त
18:16
चंद्रोदय
14:44
चंद्रास्त
02:18
दिनमान
12h 53m

हिंदू कैलेंडर

मास (अमांत)
कार्तिक
मास (पूर्णिमांत)
कार्तिक
विक्रम संवत
2084
शक संवत
1949, प्लवंग संवत्सर
ऋतु
शरद
अयन
दक्षिणायन

शुभ समय

ब्रह्म मुहूर्त
03:54 – 04:39
अभिजीत मुहूर्त
11:24 – 12:16 (बुधवार को पारंपरिक रूप से वर्जित)

अशुभ समय

राहुकाल
11:50 – 13:26
यमगंड
07:00 – 08:36
गुलिक काल
10:13 – 11:50

होरा (ग्रहों के घंटे)

हर होरा दिन या रात का बारहवां भाग होता है और उस पर एक ग्रह का शासन होता है; सूर्योदय पर पहला होरा वार के स्वामी का होता है। किसी ग्रह के होरा का उपयोग उसके कारक कार्यों के लिए करें — पढ़ाई के लिए गुरु, कला के लिए शुक्र, व्यापार के लिए बुध।

होरा स्वामीसेतकदिन / रात
बुध05:2306:27दिन
चंद्र06:2707:32दिन
शनि07:3208:36दिन
गुरु08:3609:41दिन
मंगल09:4110:45दिन
सूर्य10:4511:50दिन
शुक्र11:5012:54दिन
बुध12:5413:59दिन
चंद्र13:5915:03दिन
शनि15:0316:08दिन
गुरु16:0817:12दिन
मंगल17:1218:16दिन
सूर्य18:1619:12रात
शुक्र19:1220:08रात
बुध20:0821:03रात
चंद्र21:0321:59रात
शनि21:5922:54रात
गुरु22:5423:50रात
मंगल23:5000:45रात
सूर्य00:4501:41रात
शुक्र01:4102:36रात
बुध02:3603:32रात
चंद्र03:3204:27रात
शनि04:2705:23रात

अयनांश 24.2462° (लाहिड़ी)। समय सुवा (Pacific/Fiji) के स्थानीय हैं।

किसी अन्य शहर का चौघड़िया

सूची में से सबसे नज़दीकी शहर चुनें।

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

चौघड़िया क्या है?

चौघड़िया समय देखने की एक वैदिक पद्धति है, जो गुजरात और राजस्थान में लोकप्रिय है। इसमें दिन और रात को आठ-आठ भागों में बाँटा जाता है। हर भाग का स्वामी एक ग्रह होता है और उसका नाम अमृत, शुभ, लाभ, चर, उद्वेग, काल या रोग होता है।

कौन-सा चौघड़िया सबसे अच्छा है?

अमृत, शुभ और लाभ नए काम की शुरुआत, दस्तावेज़ों पर हस्ताक्षर और खरीदारी के लिए शुभ माने जाते हैं। चर यात्रा के लिए अच्छा है। उद्वेग, काल और रोग में परंपरागत रूप से नई शुरुआत से बचा जाता है।

चौघड़िया का समय हर दिन अलग क्यों होता है?

ये अवधियाँ आपके स्थान पर वास्तविक दिन (सूर्योदय से सूर्यास्त) और रात (सूर्यास्त से अगले सूर्योदय) का आठवाँ भाग होती हैं, इसलिए साल भर सूर्योदय और सूर्यास्त के साथ बदलती रहती हैं।

क्या चौघड़िया और राहु काल एक ही हैं?

नहीं। राहु काल हर दिन एक अशुभ अवधि है। चौघड़िया दिन और रात की सभी सोलह अवधियों का मूल्यांकन करता है।