वृषभ चंद्र राशि के लिए साल के बड़े विषय गुरु, शनि और राहु–केतु से तय होते हैं — ये धीमे ग्रह एक राशि में साल भर या उससे अधिक रहते हैं। सहायक: आपके एकादश भाव में शनि। सावधानी ज़रूरी: आपके तृतीय भाव में गुरु, आपके चतुर्थ भाव में केतु।
- करियर: काम आपके पक्ष में आगे बढ़ेगा। आपके एकादश भाव में शनि काम और प्रतिष्ठा को सहारा देता है।
- प्रेम: जीवनसाथी के साथ धैर्य रखें और संवेदनशील विषयों से बचें। आपके तृतीय भाव में गुरु रिश्तों पर दबाव डालता है।
- धन: बड़ी खरीदारी, उधार देने और सट्टे से बचें। आपके तृतीय भाव में गुरु धन पर दबाव डालता है।
- स्वास्थ्य: ऊर्जा और सहनशक्ति अच्छी रहेगी। आपके एकादश भाव में शनि स्वास्थ्य को सहारा देता है।
तिमाही-दर-तिमाही
जनवरी – मार्च
- सूर्य कुंभ में, आपके दशम भाव में अनुकूलदशम भाव में सूर्य आपके करियर के अनुकूल है। अधिकारियों और लोगों से पहचान मिलने की संभावना अधिक है, और इस समय नेतृत्व की भूमिकाएँ आपको जँचती हैं।
- मंगल मकर में, आपके नवम भाव में चुनौतीपूर्णनवम भाव में मंगल बाधाएँ, थकान और बड़ों से मतभेद ला सकता है। इस समय ज़ोर-ज़बरदस्ती के बजाय धीमी और स्थिर चाल बेहतर है।
- गुरु मिथुन में, आपके द्वितीय भाव में, वक्री अनुकूलदूसरे भाव में गुरु धन, बचत और पारिवारिक सुख में सहायक है। आपकी सलाह को महत्व मिलता है।
- शनि मीन में, आपके एकादश भाव में अनुकूलएकादश भाव में शनि फलदायी समय है — स्थिर लाभ, पहचान और दीर्घकालिक लक्ष्यों की पूर्ति।
अप्रैल – जून
- सूर्य वृषभ में, आपके प्रथम भाव में चुनौतीपूर्णसूर्य का आपकी अपनी राशि से गोचर आपकी पहचान तो बढ़ाता है, पर गुस्सा भी बढ़ा सकता है। अपनी गति संतुलित रखें, बातचीत में अहं को दूर रखें और ज़्यादा गर्म होने से बचें — शरीर से भी और स्वभाव से भी।
- मंगल मेष में, आपके द्वादश भाव में चुनौतीपूर्णद्वादश भाव में मंगल खर्च बढ़ा सकता है और नींद में खलल डाल सकता है। छिपी दुश्मनी और फ़िज़ूलख़र्ची से बचें।
- गुरु मिथुन में, आपके द्वितीय भाव में अनुकूलदूसरे भाव में गुरु धन, बचत और पारिवारिक सुख में सहायक है। आपकी सलाह को महत्व मिलता है।
- शनि मीन में, आपके एकादश भाव में अनुकूलएकादश भाव में शनि फलदायी समय है — स्थिर लाभ, पहचान और दीर्घकालिक लक्ष्यों की पूर्ति।
जुलाई – सितंबर
- सूर्य कर्क में, आपके तृतीय भाव में अनुकूलतीसरे भाव में सूर्य साहस और पहल करने की शक्ति देता है। अभी शुरू किए गए प्रयास प्रायः सफल होते हैं, और सहकर्मी या भाई-बहन आपके नेतृत्व का अच्छा साथ देते हैं।
- मंगल मिथुन में, आपके द्वितीय भाव में चुनौतीपूर्णदूसरे भाव में मंगल वाणी को तीखा बना सकता है और धन को लेकर विवाद की संभावना रहती है। पारिवारिक या आर्थिक मामलों में प्रतिक्रिया देने से पहले दो बार सोचें।
- गुरु कर्क में, आपके तृतीय भाव में चुनौतीपूर्णतीसरे भाव में गुरु प्रयासों की गति धीमी कर सकता है और धैर्य की परीक्षा ले सकता है। लगातार काम करते रहें।
- शनि मीन में, आपके एकादश भाव में, वक्री अनुकूलएकादश भाव में शनि फलदायी समय है — स्थिर लाभ, पहचान और दीर्घकालिक लक्ष्यों की पूर्ति।
अक्टूबर – दिसंबर
- सूर्य तुला में, आपके षष्ठ भाव में अनुकूलछठे भाव में सूर्य प्रतिस्पर्धा में आगे निकलने और अटके काम पूरे करने में मदद करता है। स्वास्थ्य और ऊर्जा में सुधार होता है, और विवाद प्रायः आपके पक्ष में सुलझते हैं।
- मंगल सिंह में, आपके चतुर्थ भाव में चुनौतीपूर्णचौथे भाव में मंगल घर में खटपट या संपत्ति और वाहन से जुड़ी परेशानियाँ ला सकता है। मरम्मत और काग़ज़ात दुरुस्त रखें।
- गुरु सिंह में, आपके चतुर्थ भाव में चुनौतीपूर्णचौथे भाव में गुरु पारिवारिक चिंताएँ या घर और संपत्ति से जुड़े बदलाव ला सकता है।
- शनि मीन में, आपके एकादश भाव में, वक्री अनुकूलएकादश भाव में शनि फलदायी समय है — स्थिर लाभ, पहचान और दीर्घकालिक लक्ष्यों की पूर्ति।
महत्वपूर्ण तारीखें
| तारीख (IST) | घटना |
|---|---|
| 16 जन॰ 2026 04:28 | मंगल का मकर में, आपके नवम भाव में प्रवेश। नवम भाव में मंगल बाधाएँ, थकान और बड़ों से मतभेद ला सकता है। इस समय ज़ोर-ज़बरदस्ती के बजाय धीमी और स्थिर चाल बेहतर है। चुनौतीपूर्ण |
| 23 फ़र॰ 2026 11:50 | मंगल का कुंभ में, आपके दशम भाव में प्रवेश। दशम भाव में मंगल कड़ी मेहनत और महत्वाकांक्षा देता है, साथ ही कार्यस्थल पर खींचतान भी। अनुशासन बनाए रखें तो फल मिलते हैं। मिश्रित |
| 11 मार्च 2026 09:45 | गुरु मार्गी होता है — इसके रुके हुए मामले फिर से आगे बढ़ने लगते हैं। मिश्रित |
| 2 अप्रैल 2026 15:30 | मंगल का मीन में, आपके एकादश भाव में प्रवेश। एकादश भाव में मंगल लाभ, संपत्ति के सौदों और महत्वाकांक्षी योजनाओं में सफलता के लिए उत्तम है। अनुकूल |
| 11 मई 2026 12:39 | मंगल का मेष में, आपके द्वादश भाव में प्रवेश। द्वादश भाव में मंगल खर्च बढ़ा सकता है और नींद में खलल डाल सकता है। छिपी दुश्मनी और फ़िज़ूलख़र्ची से बचें। चुनौतीपूर्ण |
| 2 जून 2026 01:54 | गुरु का कर्क में, आपके तृतीय भाव में प्रवेश। तीसरे भाव में गुरु प्रयासों की गति धीमी कर सकता है और धैर्य की परीक्षा ले सकता है। लगातार काम करते रहें। चुनौतीपूर्ण |
| 21 जून 2026 00:00 | मंगल का वृषभ में, आपके प्रथम भाव में प्रवेश। आपकी राशि में मंगल ऊर्जा बढ़ाता है, पर अधीरता भी। क्रोध, कटने और जलने से बचें, और इस जोश को व्यायाम में लगाएँ। चुनौतीपूर्ण |
| 27 जुल॰ 2026 00:45 | शनि वक्री होता है — इसके कारक मामले धीमे पड़ते हैं और पुराने मुद्दे दोबारा सामने आ सकते हैं। मिश्रित |
| 2 अग॰ 2026 22:52 | मंगल का मिथुन में, आपके द्वितीय भाव में प्रवेश। दूसरे भाव में मंगल वाणी को तीखा बना सकता है और धन को लेकर विवाद की संभावना रहती है। पारिवारिक या आर्थिक मामलों में प्रतिक्रिया देने से पहले दो बार सोचें। चुनौतीपूर्ण |
| 18 सित॰ 2026 16:36 | मंगल का कर्क में, आपके तृतीय भाव में प्रवेश। तीसरे भाव में मंगल साहस और जीतने का जज़्बा देता है। साहसिक क़दम, खेल-कूद और प्रतिस्पर्धी काम अच्छे चलते हैं। अनुकूल |
| 31 अक्टू॰ 2026 12:09 | गुरु का सिंह में, आपके चतुर्थ भाव में प्रवेश। चौथे भाव में गुरु पारिवारिक चिंताएँ या घर और संपत्ति से जुड़े बदलाव ला सकता है। चुनौतीपूर्ण |
| 12 नव॰ 2026 20:19 | मंगल का सिंह में, आपके चतुर्थ भाव में प्रवेश। चौथे भाव में मंगल घर में खटपट या संपत्ति और वाहन से जुड़ी परेशानियाँ ला सकता है। मरम्मत और काग़ज़ात दुरुस्त रखें। चुनौतीपूर्ण |
| 5 दिस॰ 2026 22:33 | राहु का मकर में, आपके नवम भाव में प्रवेश। नवम भाव में राहु मान्यताओं और गुरुओं या पिता से संबंधों को चुनौती दे सकता है। खुले मन से, पर सावधान रहें। चुनौतीपूर्ण |
| 5 दिस॰ 2026 22:33 | केतु का कर्क में, आपके तृतीय भाव में प्रवेश। तीसरे भाव में केतु साहस और एकाग्र प्रयास से सफलता देता है। अनुकूल |
| 11 दिस॰ 2026 06:00 | शनि मार्गी होता है — इसके रुके हुए मामले फिर से आगे बढ़ने लगते हैं। मिश्रित |
| 13 दिस॰ 2026 06:45 | गुरु वक्री होता है — इसके कारक मामले धीमे पड़ते हैं और पुराने मुद्दे दोबारा सामने आ सकते हैं। मिश्रित |
धीमे ग्रह
- गुरु कर्क में, आपके तृतीय भाव में चुनौतीपूर्णतीसरे भाव में गुरु प्रयासों की गति धीमी कर सकता है और धैर्य की परीक्षा ले सकता है। लगातार काम करते रहें।
- शनि मीन में, आपके एकादश भाव में अनुकूलएकादश भाव में शनि फलदायी समय है — स्थिर लाभ, पहचान और दीर्घकालिक लक्ष्यों की पूर्ति।
- राहु कुंभ में, आपके दशम भाव में मिश्रितदशम भाव में राहु महत्वाकांक्षा और करियर में अपरंपरागत क़दमों को बढ़ावा देता है, कुछ अस्थिरता के साथ।
- केतु सिंह में, आपके चतुर्थ भाव में चुनौतीपूर्णचौथे भाव में केतु घर में बेचैनी ला सकता है। शांति और परिवार के लिए समय निकालें।
पारंपरिक उपाय (केतु): आध्यात्मिक साधना, ध्यान और आवारा कुत्तों की देखभाल केतु के पारंपरिक उपाय हैं।