विवाह मुहूर्त 2020

2020 में नई दिल्ली के लिए विवाह के 61 शुभ दिन, उन समय-अवधियों के साथ जिनमें सभी शर्तें पूरी होती हैं।

जनवरी 2020 · 8 दिन

तारीखमुहूर्त
बुधवार, 15 जन॰
07:15 – 21:12
नक्षत्र: उत्तरा फाल्गुनी · तिथि: कृष्ण पंचमी, कृष्ण षष्ठी
गुरुवार, 16 जन॰
20:32 – 02:30 (17 जन॰)
नक्षत्र: हस्त · तिथि: कृष्ण सप्तमी
शुक्रवार, 17 जन॰
01:12 (18 जन॰) – 07:14 (18 जन॰)
नक्षत्र: स्वाति · तिथि: कृष्ण अष्टमी, कृष्ण नवमी
शनिवार, 18 जन॰
07:14 – 12:24
नक्षत्र: स्वाति · तिथि: कृष्ण नवमी
सोमवार, 20 जन॰
07:58 – 23:30
नक्षत्र: अनुराधा · तिथि: कृष्ण एकादशी
बुधवार, 29 जन॰
12:13 – 07:10 (30 जन॰)
नक्षत्र: उत्तरा भाद्रपद · तिथि: शुक्ल पंचमी
गुरुवार, 30 जन॰
07:10 – 07:10 (31 जन॰)
नक्षत्र: उत्तरा भाद्रपद, रेवती · तिथि: शुक्ल पंचमी, शुक्ल षष्ठी
शुक्रवार, 31 जन॰
07:10 – 11:26
नक्षत्र: रेवती · तिथि: शुक्ल षष्ठी

फ़रवरी 2020 · 13 दिन

तारीखमुहूर्त
सोमवार, 3 फ़र॰
00:52 (4 फ़र॰) – 07:07 (4 फ़र॰)
नक्षत्र: रोहिणी · तिथि: शुक्ल दशमी
मंगलवार, 4 फ़र॰
07:07 – 05:12 (5 फ़र॰)
नक्षत्र: रोहिणी, मृगशिरा · तिथि: शुक्ल दशमी, शुक्ल एकादशी
रविवार, 9 फ़र॰
01:04 (10 फ़र॰) – 07:04 (10 फ़र॰)
नक्षत्र: मघा · तिथि: कृष्ण प्रतिपदा
सोमवार, 10 फ़र॰
07:04 – 11:31
नक्षत्र: मघा · तिथि: कृष्ण प्रतिपदा, कृष्ण द्वितीया
मंगलवार, 11 फ़र॰
14:23 – 16:34
02:53 (12 फ़र॰) – 07:02 (12 फ़र॰)
नक्षत्र: उत्तरा फाल्गुनी · तिथि: कृष्ण तृतीया, कृष्ण चतुर्थी
बुधवार, 12 फ़र॰
07:02 – 23:36
नक्षत्र: उत्तरा फाल्गुनी, हस्त · तिथि: कृष्ण चतुर्थी
शुक्रवार, 14 फ़र॰
16:50 – 18:21
05:21 (15 फ़र॰) – 06:00 (15 फ़र॰)
नक्षत्र: स्वाति · तिथि: कृष्ण षष्ठी, कृष्ण सप्तमी
शनिवार, 15 फ़र॰
05:09 (16 फ़र॰) – 06:59 (16 फ़र॰)
नक्षत्र: अनुराधा · तिथि: कृष्ण अष्टमी
रविवार, 16 फ़र॰
06:59 – 11:48
नक्षत्र: अनुराधा · तिथि: कृष्ण अष्टमी
शुक्रवार, 21 फ़र॰
07:07 – 09:13
नक्षत्र: उत्तराषाढ़ा · तिथि: कृष्ण त्रयोदशी
मंगलवार, 25 फ़र॰
19:10 – 06:50 (26 फ़र॰)
नक्षत्र: उत्तरा भाद्रपद · तिथि: शुक्ल द्वितीया, शुक्ल तृतीया
बुधवार, 26 फ़र॰
06:50 – 06:49 (27 फ़र॰)
नक्षत्र: उत्तरा भाद्रपद, रेवती · तिथि: शुक्ल तृतीया, शुक्ल चतुर्थी
गुरुवार, 27 फ़र॰
06:49 – 17:28
नक्षत्र: रेवती · तिथि: शुक्ल चतुर्थी

मार्च 2020 · 5 दिन

तारीखमुहूर्त
मंगलवार, 3 मार्च
12:22 – 06:42 (4 मार्च)
नक्षत्र: मृगशिरा · तिथि: शुक्ल अष्टमी, शुक्ल नवमी
बुधवार, 4 मार्च
06:42 – 11:23
नक्षत्र: मृगशिरा · तिथि: शुक्ल नवमी
रविवार, 8 मार्च
12:13 – 03:04 (9 मार्च)
नक्षत्र: मघा · तिथि: शुक्ल चतुर्दशी
बुधवार, 11 मार्च
08:11 – 18:59
नक्षत्र: हस्त · तिथि: कृष्ण द्वितीया, कृष्ण तृतीया
गुरुवार, 12 मार्च
16:15 – 00:03 (13 मार्च)
नक्षत्र: स्वाति · तिथि: कृष्ण चतुर्थी

अप्रैल 2020 · 6 दिन

तारीखमुहूर्त
मंगलवार, 14 अप्रैल
19:40 – 05:55 (15 अप्रैल)
नक्षत्र: उत्तराषाढ़ा · तिथि: कृष्ण अष्टमी
बुधवार, 15 अप्रैल
05:55 – 21:04
नक्षत्र: उत्तराषाढ़ा · तिथि: कृष्ण अष्टमी, कृष्ण नवमी
सोमवार, 20 अप्रैल
07:22 – 20:30
नक्षत्र: उत्तरा भाद्रपद · तिथि: कृष्ण त्रयोदशी
शनिवार, 25 अप्रैल
20:57 – 05:44 (26 अप्रैल)
नक्षत्र: रोहिणी · तिथि: शुक्ल तृतीया
रविवार, 26 अप्रैल
05:44 – 23:53
नक्षत्र: रोहिणी, मृगशिरा · तिथि: शुक्ल तृतीया, शुक्ल चतुर्थी
सोमवार, 27 अप्रैल
23:36 – 00:29 (28 अप्रैल)
नक्षत्र: मृगशिरा · तिथि: शुक्ल पंचमी

मई 2020 · 13 दिन

तारीखमुहूर्त
शनिवार, 2 मई
06:47 – 23:40
नक्षत्र: मघा · तिथि: शुक्ल नवमी, शुक्ल दशमी
सोमवार, 4 मई
08:35 – 04:44 (5 मई)
नक्षत्र: उत्तरा फाल्गुनी, हस्त · तिथि: शुक्ल द्वादशी, शुक्ल त्रयोदशी
बुधवार, 6 मई
13:51 – 19:45
नक्षत्र: स्वाति · तिथि: शुक्ल चतुर्दशी
शुक्रवार, 8 मई
08:37 – 12:55
नक्षत्र: अनुराधा · तिथि: कृष्ण प्रतिपदा
रविवार, 10 मई
10:45 – 04:13 (11 मई)
नक्षत्र: मूल · तिथि: कृष्ण चतुर्थी
सोमवार, 11 मई
04:09 (12 मई) – 05:32 (12 मई)
नक्षत्र: उत्तराषाढ़ा · तिथि: कृष्ण पंचमी
मंगलवार, 12 मई
05:32 – 04:53 (13 मई)
नक्षत्र: उत्तराषाढ़ा · तिथि: कृष्ण पंचमी, कृष्ण षष्ठी
रविवार, 17 मई
03:31 (18 मई) – 05:28 (18 मई)
नक्षत्र: उत्तरा भाद्रपद · तिथि: कृष्ण एकादशी
सोमवार, 18 मई
05:28 – 05:28 (19 मई)
नक्षत्र: उत्तरा भाद्रपद, रेवती · तिथि: कृष्ण एकादशी, कृष्ण द्वादशी
मंगलवार, 19 मई
05:28 – 13:10
नक्षत्र: रेवती · तिथि: कृष्ण द्वादशी
शनिवार, 23 मई
06:34 – 05:26 (24 मई)
नक्षत्र: रोहिणी, मृगशिरा · तिथि: शुक्ल प्रतिपदा, शुक्ल द्वितीया
रविवार, 24 मई
05:26 – 05:25 (25 मई)
नक्षत्र: मृगशिरा · तिथि: शुक्ल द्वितीया, शुक्ल तृतीया
सोमवार, 25 मई
05:25 – 05:54
नक्षत्र: मृगशिरा · तिथि: शुक्ल तृतीया

जून 2020 · 8 दिन

तारीखमुहूर्त
शनिवार, 13 जून
21:27 – 05:22 (14 जून)
नक्षत्र: उत्तरा भाद्रपद · तिथि: कृष्ण अष्टमी, कृष्ण नवमी
रविवार, 14 जून
05:22 – 05:23 (15 जून)
नक्षत्र: उत्तरा भाद्रपद, रेवती · तिथि: कृष्ण नवमी, कृष्ण दशमी
सोमवार, 15 जून
05:23 – 16:30
नक्षत्र: रेवती · तिथि: कृष्ण दशमी
शुक्रवार, 19 जून
10:31 – 11:01
नक्षत्र: रोहिणी · तिथि: कृष्ण त्रयोदशी
गुरुवार, 25 जून
04:31 (26 जून) – 05:25 (26 जून)
नक्षत्र: मघा · तिथि: शुक्ल पंचमी
शुक्रवार, 26 जून
05:25 – 11:25
नक्षत्र: मघा · तिथि: शुक्ल पंचमी, शुक्ल षष्ठी
शनिवार, 27 जून
23:06 – 02:53 (28 जून)
नक्षत्र: उत्तरा फाल्गुनी · तिथि: शुक्ल सप्तमी
रविवार, 28 जून
13:45 – 20:12
नक्षत्र: हस्त · तिथि: शुक्ल अष्टमी

जुलाई 2020 · 0 दिन

जुलाई में कोई भी दिन सभी शर्तें पूरी नहीं करता।

अगस्त 2020 · 0 दिन

अगस्त में कोई भी दिन सभी शर्तें पूरी नहीं करता।

सितंबर 2020 · 0 दिन

सितंबर में कोई भी दिन सभी शर्तें पूरी नहीं करता।

अक्टूबर 2020 · 0 दिन

अक्टूबर में कोई भी दिन सभी शर्तें पूरी नहीं करता।

नवंबर 2020 · 3 दिन

तारीखमुहूर्त
गुरुवार, 26 नव॰
06:52 – 07:34
नक्षत्र: रेवती · तिथि: शुक्ल द्वादशी
रविवार, 29 नव॰
06:03 (30 नव॰) – 06:55 (30 नव॰)
नक्षत्र: रोहिणी · तिथि: पूर्णिमा
सोमवार, 30 नव॰
06:55 – 06:56 (1 दिस॰)
नक्षत्र: रोहिणी · तिथि: पूर्णिमा, कृष्ण प्रतिपदा

दिसंबर 2020 · 5 दिन

तारीखमुहूर्त
मंगलवार, 1 दिस॰
06:56 – 06:57 (2 दिस॰)
नक्षत्र: रोहिणी, मृगशिरा · तिथि: कृष्ण प्रतिपदा, कृष्ण द्वितीया
बुधवार, 2 दिस॰
06:57 – 10:37
नक्षत्र: मृगशिरा · तिथि: कृष्ण द्वितीया
मंगलवार, 8 दिस॰
13:47 – 07:02 (9 दिस॰)
नक्षत्र: उत्तरा फाल्गुनी · तिथि: कृष्ण अष्टमी, कृष्ण नवमी
बुधवार, 9 दिस॰
07:02 – 02:07 (10 दिस॰)
नक्षत्र: उत्तरा फाल्गुनी, हस्त · तिथि: कृष्ण नवमी, कृष्ण दशमी
शुक्रवार, 11 दिस॰
08:48 – 15:50
नक्षत्र: स्वाति · तिथि: कृष्ण एकादशी, कृष्ण द्वादशी

नई दिल्ली के लिए गणना। समय-अवधियां स्थानीय समय में दिखाई गई हैं; जो अवधि मध्यरात्रि पार करती है, वह उसी दिन की मानी जाती है जिस दिन वह शुरू होती है (हिंदू दिन सूर्योदय से सूर्योदय तक चलता है)।

प्रयुक्त नियम

हिंदू विवाह परंपरागत रूप से पंचांग से चुने गए मुहूर्त में होते हैं। शास्त्रीय ग्रंथ विवाह की अनुमति केवल कुछ सौर मासों में देते हैं, चातुर्मास और उन अवधियों को वर्जित करते हैं जब विवाह के कारक शुक्र या गुरु अस्त हों, और अशुभ योग व करण से रहित अनुकूल नक्षत्र देखते हैं। इसके बाद कुल ज्योतिषी उस अवधि के भीतर फेरों के लिए सटीक लग्न तय करते हैं।

  • चंद्रमा का नक्षत्र: रोहिणी, मृगशिरा, मघा, उत्तरा फाल्गुनी, हस्त, स्वाति, अनुराधा, मूल, उत्तराषाढ़ा, उत्तरा भाद्रपद, रेवती
  • वर्जित पद: मघा और मूल का पहला पद, रेवती का अंतिम पद
  • सूर्य की राशि (सौर मास): मेष, वृषभ, मिथुन, वृश्चिक, मकर, कुंभ
  • वर्जित योग: विष्कंभ, अतिगंड, शूल, गंड, व्याघात, वज्र, व्यतीपात, परिघ, वैधृति
  • वर्जित करण: विष्टि (भद्रा), शकुनि, चतुष्पद, नाग
  • अधिक मास (मलमास) में कोई मुहूर्त नहीं
  • चातुर्मास (देवशयनी से देवउठनी एकादशी तक) में कोई मुहूर्त नहीं
  • शुक्र या गुरु के अस्त (तारा अस्त) रहने पर, और अस्त होने से पहले तथा उदय होने के बाद के 3 दिनों में कोई मुहूर्त नहीं
  • जो दिन किसी वर्जित अवधि को छूता है, उसे पूरी तरह छोड़ दिया जाता है

ये सामान्य रूप से शुभ समय-अवधियां हैं। किसी संस्कार के लिए ज्योतिषी चुने गए क्षण का लग्न और संबंधित व्यक्तियों का तारा बल व चंद्र बल भी देखते हैं — एक ही अवधि किसी एक व्यक्ति के लिए दूसरे की तुलना में अधिक अनुकूल हो सकती है।

ज्योतिषी से अपना व्यक्तिगत मुहूर्त निकलवाएं किसी अनुभवी ज्योतिषी से बात करें।

ज्योतिषी से बात करें

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

2020 में विवाह के कितने मुहूर्त हैं?

इस पेज पर दिए गए नियमों के अनुसार 2020 में नई दिल्ली के लिए विवाह के 61 शुभ दिन हैं।

कुछ महीनों में कोई मुहूर्त क्यों नहीं होता?

मौसमी निषेधों के कारण लंबी अवधियां वर्जित हो जाती हैं: खरमास (सूर्य धनु या मीन राशि में), चातुर्मास, अधिक मास, और वे अवधियां जब शुक्र या गुरु अस्त होते हैं। बचे हुए दिनों में भी उपयुक्त नक्षत्र और तिथि का एक साथ होना ज़रूरी है।