5 मार्च 2026 को अलीगढ़ का चौघड़िया

गुरुवार, 5 मार्च 2026, अलीगढ़, भारत। समय Asia/Kolkata में है।

गुरुवार, 5 मार्च 2026 को अलीगढ़ में सूर्योदय के समय तिथि कृष्ण द्वितीया (17:04 तक), नक्षत्र उत्तरा फाल्गुनी (08:17 तक) और योग शूल है। सूर्योदय 06:38 पर और सूर्यास्त 18:20 पर है। राहुकाल 13:57 से 15:24 तक है।

दिन और रात
दिन 06:38 – 18:20
रात 06:37 तक
तिथि
द्वितीया, 17:04 तक
तृतीया
नक्षत्र
हस्त
चौघड़िया
शुभ
रोग
उद्वेग
चर
लाभ
अमृत
काल
शुभ
अमृत
चर
रोग
काल
लाभ
उद्वेग
शुभ
अमृत
राहुकाल, यमगंड और गुलिक
राहु
यम
गुलिक
अभिजीत और ब्रह्म मुहूर्त

5 मार्च 2026 का चौघड़िया

चौघड़िया दिन (सूर्योदय से सूर्यास्त) और रात (सूर्यास्त से अगले सूर्योदय) को आठ-आठ भागों में बांटता है। अमृत, शुभ और लाभ कार्य शुरू करने के लिए अच्छे हैं; चर यात्रा के लिए अच्छा है; उद्वेग, काल और रोग में नई शुरुआत से बचना बेहतर है।

दिन का चौघड़ियासमयफल
शुभ06:38 – 08:06शुभ
रोग08:06 – 09:33टालें
उद्वेग09:33 – 11:01टालें
चर11:01 – 12:29सामान्य
लाभ12:29 – 13:57शुभ
अमृत13:57 – 15:24शुभ
काल15:24 – 16:52टालें
शुभ16:52 – 18:20शुभ
रात का चौघड़ियासमयफल
अमृत18:20 – 19:52शुभ
चर19:52 – 21:24सामान्य
रोग21:24 – 22:56टालें
काल22:56 – 00:28टालें
लाभ00:28 – 02:00शुभ
उद्वेग02:00 – 03:33टालें
शुभ03:33 – 05:05शुभ
अमृत05:05 – 06:37शुभ

5 मार्च 2026 का पंचांग

वारगुरुवार
तिथि
कृष्ण द्वितीया 17:04 तक
कृष्ण तृतीया 17:53, 6 मार्च तक
नक्षत्र
हस्त 09:30, 6 मार्च तक
योग
शूलअशुभ 07:45 तक
गंडअशुभ 07:05, 6 मार्च तक
करण
गर 17:04 तक
वणिज 05:24, 6 मार्च तक
विष्टि (भद्रा) 17:53, 6 मार्च तक
चंद्र राशि
सूर्य राशिकुंभ
पक्षकृष्ण पक्ष

सूर्य और चंद्रमा

सूर्योदय
06:38
सूर्यास्त
18:20
चंद्रोदय
20:13
चंद्रास्त
07:28
दिनमान
11h 42m

हिंदू कैलेंडर

मास (अमांत)
फाल्गुन
मास (पूर्णिमांत)
चैत्र
विक्रम संवत
2082
शक संवत
1947, विश्वावसु संवत्सर
ऋतु
शिशिर
अयन
उत्तरायण

शुभ समय

ब्रह्म मुहूर्त
04:59 – 05:49
अभिजीत मुहूर्त
12:05 – 12:52

अशुभ समय

राहुकाल
13:57 – 15:24
यमगंड
06:38 – 08:06
गुलिक काल
09:33 – 11:01

होरा (ग्रहों के घंटे)

हर होरा दिन या रात का बारहवां भाग होता है और उस पर एक ग्रह का शासन होता है; सूर्योदय पर पहला होरा वार के स्वामी का होता है। किसी ग्रह के होरा का उपयोग उसके कारक कार्यों के लिए करें — पढ़ाई के लिए गुरु, कला के लिए शुक्र, व्यापार के लिए बुध।

होरा स्वामीसेतकदिन / रात
गुरु06:3807:36दिन
मंगल07:3608:35दिन
सूर्य08:3509:33दिन
शुक्र09:3310:32दिन
बुध10:3211:30दिन
चंद्र11:3012:29दिन
शनि12:2913:27दिन
गुरु13:2714:26दिन
मंगल14:2615:24दिन
सूर्य15:2416:23दिन
शुक्र16:2317:21दिन
बुध17:2118:20दिन
चंद्र18:2019:21रात
शनि19:2120:23रात
गुरु20:2321:24रात
मंगल21:2422:26रात
सूर्य22:2623:27रात
शुक्र23:2700:28रात
बुध00:2801:30रात
चंद्र01:3002:31रात
शनि02:3103:33रात
गुरु03:3304:34रात
मंगल04:3405:35रात
सूर्य05:3506:37रात

अयनांश 24.2227° (लाहिड़ी)। समय अलीगढ़ (Asia/Kolkata) के स्थानीय हैं।

किसी अन्य शहर का चौघड़िया

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अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

चौघड़िया क्या है?

चौघड़िया समय देखने की एक वैदिक पद्धति है, जो गुजरात और राजस्थान में लोकप्रिय है। इसमें दिन और रात को आठ-आठ भागों में बाँटा जाता है। हर भाग का स्वामी एक ग्रह होता है और उसका नाम अमृत, शुभ, लाभ, चर, उद्वेग, काल या रोग होता है।

कौन-सा चौघड़िया सबसे अच्छा है?

अमृत, शुभ और लाभ नए काम की शुरुआत, दस्तावेज़ों पर हस्ताक्षर और खरीदारी के लिए शुभ माने जाते हैं। चर यात्रा के लिए अच्छा है। उद्वेग, काल और रोग में परंपरागत रूप से नई शुरुआत से बचा जाता है।

चौघड़िया का समय हर दिन अलग क्यों होता है?

ये अवधियाँ आपके स्थान पर वास्तविक दिन (सूर्योदय से सूर्यास्त) और रात (सूर्यास्त से अगले सूर्योदय) का आठवाँ भाग होती हैं, इसलिए साल भर सूर्योदय और सूर्यास्त के साथ बदलती रहती हैं।

क्या चौघड़िया और राहु काल एक ही हैं?

नहीं। राहु काल हर दिन एक अशुभ अवधि है। चौघड़िया दिन और रात की सभी सोलह अवधियों का मूल्यांकन करता है।