2 फ़रवरी 2029 को बरेली का चौघड़िया

शुक्रवार, 2 फ़रवरी 2029, बरेली, भारत। समय Asia/Kolkata में है।

शुक्रवार, 2 फ़रवरी 2029 को बरेली में सूर्योदय के समय तिथि कृष्ण चतुर्थी (23:44 तक), नक्षत्र उत्तरा फाल्गुनी (03:07, 3 फ़र॰ तक) और योग अतिगंड है। सूर्योदय 06:59 पर और सूर्यास्त 17:52 पर है। राहुकाल 11:04 से 12:26 तक है।

दिन और रात
दिन 06:59 – 17:52
रात 06:58 तक
तिथि
चतुर्थी, 23:44 तक
पंचमी
नक्षत्र
उत्तरा फाल्गुनी, 03:07 तक
हस्त
चौघड़िया
चर
लाभ
अमृत
काल
शुभ
रोग
उद्वेग
चर
रोग
काल
लाभ
उद्वेग
शुभ
अमृत
चर
रोग
राहुकाल, यमगंड और गुलिक
राहु
यम
गुलिक
अभिजीत और ब्रह्म मुहूर्त

2 फ़रवरी 2029 का चौघड़िया

चौघड़िया दिन (सूर्योदय से सूर्यास्त) और रात (सूर्यास्त से अगले सूर्योदय) को आठ-आठ भागों में बांटता है। अमृत, शुभ और लाभ कार्य शुरू करने के लिए अच्छे हैं; चर यात्रा के लिए अच्छा है; उद्वेग, काल और रोग में नई शुरुआत से बचना बेहतर है।

दिन का चौघड़ियासमयफल
चर06:59 – 08:21सामान्य
लाभ08:21 – 09:42शुभ
अमृत09:42 – 11:04शुभ
काल11:04 – 12:26टालें
शुभ12:26 – 13:47शुभ
रोग13:47 – 15:09टालें
उद्वेग15:09 – 16:31टालें
चर16:31 – 17:52सामान्य
रात का चौघड़ियासमयफल
रोग17:52 – 19:31टालें
काल19:31 – 21:09टालें
लाभ21:09 – 22:47शुभ
उद्वेग22:47 – 00:25टालें
शुभ00:25 – 02:04शुभ
अमृत02:04 – 03:42शुभ
चर03:42 – 05:20सामान्य
रोग05:20 – 06:58टालें

2 फ़रवरी 2029 का पंचांग

वारशुक्रवार
तिथि
कृष्ण चतुर्थी 23:44 तक
कृष्ण पंचमी 20:54, 3 फ़र॰ तक
नक्षत्र
उत्तरा फाल्गुनी 03:07, 3 फ़र॰ तक
हस्त 01:03, 4 फ़र॰ तक
योग
अतिगंडअशुभ 11:46 तक
सुकर्मा 08:07, 3 फ़र॰ तक
करण
बव 13:13 तक
बालव 23:44 तक
कौलव 10:17, 3 फ़र॰ तक
चंद्र राशि
सिंह 10:49 तक
सूर्य राशिमकर
पक्षकृष्ण पक्ष

सूर्य और चंद्रमा

सूर्योदय
06:59
सूर्यास्त
17:52
चंद्रोदय
21:26
चंद्रास्त
08:43
दिनमान
10h 53m

हिंदू कैलेंडर

मास (अमांत)
माघ
मास (पूर्णिमांत)
फाल्गुन
विक्रम संवत
2085
शक संवत
1950, कीलक संवत्सर
ऋतु
शिशिर
अयन
उत्तरायण

शुभ समय

ब्रह्म मुहूर्त
05:14 – 06:06
अभिजीत मुहूर्त
12:04 – 12:47

अशुभ समय

राहुकाल
11:04 – 12:26
यमगंड
15:09 – 16:31
गुलिक काल
08:21 – 09:42

होरा (ग्रहों के घंटे)

हर होरा दिन या रात का बारहवां भाग होता है और उस पर एक ग्रह का शासन होता है; सूर्योदय पर पहला होरा वार के स्वामी का होता है। किसी ग्रह के होरा का उपयोग उसके कारक कार्यों के लिए करें — पढ़ाई के लिए गुरु, कला के लिए शुक्र, व्यापार के लिए बुध।

होरा स्वामीसेतकदिन / रात
शुक्र06:5907:53दिन
बुध07:5308:48दिन
चंद्र08:4809:42दिन
शनि09:4210:37दिन
गुरु10:3711:31दिन
मंगल11:3112:26दिन
सूर्य12:2613:20दिन
शुक्र13:2014:15दिन
बुध14:1515:09दिन
चंद्र15:0916:03दिन
शनि16:0316:58दिन
गुरु16:5817:52दिन
मंगल17:5218:58रात
सूर्य18:5820:03रात
शुक्र20:0321:09रात
बुध21:0922:14रात
चंद्र22:1423:20रात
शनि23:2000:25रात
गुरु00:2501:31रात
मंगल01:3102:36रात
सूर्य02:3603:42रात
शुक्र03:4204:47रात
बुध04:4705:53रात
चंद्र05:5306:58रात

अयनांश 24.2634° (लाहिड़ी)। समय बरेली (Asia/Kolkata) के स्थानीय हैं।

किसी अन्य शहर का चौघड़िया

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अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

चौघड़िया क्या है?

चौघड़िया समय देखने की एक वैदिक पद्धति है, जो गुजरात और राजस्थान में लोकप्रिय है। इसमें दिन और रात को आठ-आठ भागों में बाँटा जाता है। हर भाग का स्वामी एक ग्रह होता है और उसका नाम अमृत, शुभ, लाभ, चर, उद्वेग, काल या रोग होता है।

कौन-सा चौघड़िया सबसे अच्छा है?

अमृत, शुभ और लाभ नए काम की शुरुआत, दस्तावेज़ों पर हस्ताक्षर और खरीदारी के लिए शुभ माने जाते हैं। चर यात्रा के लिए अच्छा है। उद्वेग, काल और रोग में परंपरागत रूप से नई शुरुआत से बचा जाता है।

चौघड़िया का समय हर दिन अलग क्यों होता है?

ये अवधियाँ आपके स्थान पर वास्तविक दिन (सूर्योदय से सूर्यास्त) और रात (सूर्यास्त से अगले सूर्योदय) का आठवाँ भाग होती हैं, इसलिए साल भर सूर्योदय और सूर्यास्त के साथ बदलती रहती हैं।

क्या चौघड़िया और राहु काल एक ही हैं?

नहीं। राहु काल हर दिन एक अशुभ अवधि है। चौघड़िया दिन और रात की सभी सोलह अवधियों का मूल्यांकन करता है।