20 मार्च 2029 को बरेली का चौघड़िया

मंगलवार, 20 मार्च 2029, बरेली, भारत। समय Asia/Kolkata में है।

मंगलवार, 20 मार्च 2029 को बरेली में सूर्योदय के समय तिथि शुक्ल पंचमी (21:48 तक), नक्षत्र कृत्तिका (05:35, 21 मार्च तक) और योग विष्कंभ है। सूर्योदय 06:16 पर और सूर्यास्त 18:23 पर है। राहुकाल 15:21 से 16:52 तक है।

दिन और रात
दिन 06:16 – 18:23
रात 06:15 तक
तिथि
पंचमी, 21:48 तक
षष्ठी
नक्षत्र
कृत्तिका, 05:35 तक
चौघड़िया
रोग
उद्वेग
चर
लाभ
अमृत
काल
शुभ
रोग
काल
लाभ
उद्वेग
शुभ
अमृत
चर
रोग
काल
राहुकाल, यमगंड और गुलिक
राहु
यम
गुलिक
अभिजीत और ब्रह्म मुहूर्त

20 मार्च 2029 का चौघड़िया

चौघड़िया दिन (सूर्योदय से सूर्यास्त) और रात (सूर्यास्त से अगले सूर्योदय) को आठ-आठ भागों में बांटता है। अमृत, शुभ और लाभ कार्य शुरू करने के लिए अच्छे हैं; चर यात्रा के लिए अच्छा है; उद्वेग, काल और रोग में नई शुरुआत से बचना बेहतर है।

दिन का चौघड़ियासमयफल
रोग06:16 – 07:47टालें
उद्वेग07:47 – 09:18टालें
चर09:18 – 10:49सामान्य
लाभ10:49 – 12:19शुभ
अमृत12:19 – 13:50शुभ
काल13:50 – 15:21टालें
शुभ15:21 – 16:52शुभ
रोग16:52 – 18:23टालें
रात का चौघड़ियासमयफल
काल18:23 – 19:52टालें
लाभ19:52 – 21:21शुभ
उद्वेग21:21 – 22:50टालें
शुभ22:50 – 00:19शुभ
अमृत00:19 – 01:48शुभ
चर01:48 – 03:17सामान्य
रोग03:17 – 04:46टालें
काल04:46 – 06:15टालें

20 मार्च 2029 का पंचांग

वारमंगलवार
तिथि
शुक्ल पंचमी 21:48 तक
शुक्ल षष्ठी 23:33, 21 मार्च तक
नक्षत्र
कृत्तिका 05:35, 21 मार्च तक
रोहिणी 07:43, 22 मार्च तक
योग
विष्कंभअशुभ 23:59 तक
प्रीति 00:15, 22 मार्च तक
करण
बव 08:45 तक
बालव 21:48 तक
कौलव 10:44, 21 मार्च तक
चंद्र राशि
मेष 09:41 तक
सूर्य राशिमीन
पक्षशुक्ल पक्ष

सूर्य और चंद्रमा

सूर्योदय
06:16
सूर्यास्त
18:23
चंद्रोदय
08:51
चंद्रास्त
23:04
दिनमान
12h 7m

हिंदू कैलेंडर

मास (अमांत)
अधिक चैत्र
मास (पूर्णिमांत)
अधिक चैत्र
विक्रम संवत
2086
शक संवत
1951, सौम्य संवत्सर
ऋतु
वसंत
अयन
उत्तरायण

शुभ समय

ब्रह्म मुहूर्त
04:41 – 05:28
अभिजीत मुहूर्त
11:55 – 12:44

अशुभ समय

राहुकाल
15:21 – 16:52
यमगंड
09:18 – 10:49
गुलिक काल
12:19 – 13:50

होरा (ग्रहों के घंटे)

हर होरा दिन या रात का बारहवां भाग होता है और उस पर एक ग्रह का शासन होता है; सूर्योदय पर पहला होरा वार के स्वामी का होता है। किसी ग्रह के होरा का उपयोग उसके कारक कार्यों के लिए करें — पढ़ाई के लिए गुरु, कला के लिए शुक्र, व्यापार के लिए बुध।

होरा स्वामीसेतकदिन / रात
मंगल06:1607:16दिन
सूर्य07:1608:17दिन
शुक्र08:1709:18दिन
बुध09:1810:18दिन
चंद्र10:1811:19दिन
शनि11:1912:19दिन
गुरु12:1913:20दिन
मंगल13:2014:21दिन
सूर्य14:2115:21दिन
शुक्र15:2116:22दिन
बुध16:2217:22दिन
चंद्र17:2218:23दिन
शनि18:2319:22रात
गुरु19:2220:22रात
मंगल20:2221:21रात
सूर्य21:2122:20रात
शुक्र22:2023:20रात
बुध23:2000:19रात
चंद्र00:1901:18रात
शनि01:1802:17रात
गुरु02:1703:17रात
मंगल03:1704:16रात
सूर्य04:1605:15रात
शुक्र05:1506:15रात

अयनांश 24.2652° (लाहिड़ी)। समय बरेली (Asia/Kolkata) के स्थानीय हैं।

किसी अन्य शहर का चौघड़िया

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अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

चौघड़िया क्या है?

चौघड़िया समय देखने की एक वैदिक पद्धति है, जो गुजरात और राजस्थान में लोकप्रिय है। इसमें दिन और रात को आठ-आठ भागों में बाँटा जाता है। हर भाग का स्वामी एक ग्रह होता है और उसका नाम अमृत, शुभ, लाभ, चर, उद्वेग, काल या रोग होता है।

कौन-सा चौघड़िया सबसे अच्छा है?

अमृत, शुभ और लाभ नए काम की शुरुआत, दस्तावेज़ों पर हस्ताक्षर और खरीदारी के लिए शुभ माने जाते हैं। चर यात्रा के लिए अच्छा है। उद्वेग, काल और रोग में परंपरागत रूप से नई शुरुआत से बचा जाता है।

चौघड़िया का समय हर दिन अलग क्यों होता है?

ये अवधियाँ आपके स्थान पर वास्तविक दिन (सूर्योदय से सूर्यास्त) और रात (सूर्यास्त से अगले सूर्योदय) का आठवाँ भाग होती हैं, इसलिए साल भर सूर्योदय और सूर्यास्त के साथ बदलती रहती हैं।

क्या चौघड़िया और राहु काल एक ही हैं?

नहीं। राहु काल हर दिन एक अशुभ अवधि है। चौघड़िया दिन और रात की सभी सोलह अवधियों का मूल्यांकन करता है।