24 मार्च 2029 को बरेली का चौघड़िया

शनिवार, 24 मार्च 2029, बरेली, भारत। समय Asia/Kolkata में है।

शनिवार, 24 मार्च 2029 को बरेली में सूर्योदय के समय तिथि शुक्ल नवमी (00:49, 25 मार्च तक), नक्षत्र आर्द्रा (10:02 तक) और योग शोभन है। सूर्योदय 06:11 पर और सूर्यास्त 18:25 पर है। राहुकाल 09:15 से 10:46 तक है।

दिन और रात
दिन 06:11 – 18:25
रात 06:10 तक
तिथि
नवमी, 00:49 तक
दशमी
नक्षत्र
आर्द्रा, 10:02 तक
पुनर्वसु
चौघड़िया
काल
शुभ
रोग
उद्वेग
चर
लाभ
अमृत
काल
लाभ
उद्वेग
शुभ
अमृत
चर
रोग
काल
लाभ
राहुकाल, यमगंड और गुलिक
राहु
यम
गुलिक
अभिजीत और ब्रह्म मुहूर्त

24 मार्च 2029 का चौघड़िया

चौघड़िया दिन (सूर्योदय से सूर्यास्त) और रात (सूर्यास्त से अगले सूर्योदय) को आठ-आठ भागों में बांटता है। अमृत, शुभ और लाभ कार्य शुरू करने के लिए अच्छे हैं; चर यात्रा के लिए अच्छा है; उद्वेग, काल और रोग में नई शुरुआत से बचना बेहतर है।

दिन का चौघड़ियासमयफल
काल06:11 – 07:43टालें
शुभ07:43 – 09:15शुभ
रोग09:15 – 10:46टालें
उद्वेग10:46 – 12:18टालें
चर12:18 – 13:50सामान्य
लाभ13:50 – 15:22शुभ
अमृत15:22 – 16:54शुभ
काल16:54 – 18:25टालें
रात का चौघड़ियासमयफल
लाभ18:25 – 19:53शुभ
उद्वेग19:53 – 21:21टालें
शुभ21:21 – 22:50शुभ
अमृत22:50 – 00:18शुभ
चर00:18 – 01:46सामान्य
रोग01:46 – 03:14टालें
काल03:14 – 04:42टालें
लाभ04:42 – 06:10शुभ

24 मार्च 2029 का पंचांग

वारशनिवार
तिथि
शुक्ल नवमी 00:49, 25 मार्च तक
शुक्ल दशमी 23:37, 25 मार्च तक
नक्षत्र
पुनर्वसु 10:01, 25 मार्च तक
योग
शोभन 22:02 तक
अतिगंडअशुभ 20:01, 25 मार्च तक
करण
बालव 13:06 तक
कौलव 00:49, 25 मार्च तक
तैतिल 12:19, 25 मार्च तक
चंद्र राशि
मिथुन 04:06, 25 मार्च तक
सूर्य राशिमीन
पक्षशुक्ल पक्ष

सूर्य और चंद्रमा

सूर्योदय
06:11
सूर्यास्त
18:25
चंद्रोदय
12:21
चंद्रास्त
01:40
दिनमान
12h 14m

हिंदू कैलेंडर

मास (अमांत)
अधिक चैत्र
मास (पूर्णिमांत)
अधिक चैत्र
विक्रम संवत
2086
शक संवत
1951, सौम्य संवत्सर
ऋतु
वसंत
अयन
उत्तरायण

शुभ समय

ब्रह्म मुहूर्त
04:37 – 05:24
अभिजीत मुहूर्त
11:54 – 12:43

अशुभ समय

राहुकाल
09:15 – 10:46
यमगंड
13:50 – 15:22
गुलिक काल
06:11 – 07:43

होरा (ग्रहों के घंटे)

हर होरा दिन या रात का बारहवां भाग होता है और उस पर एक ग्रह का शासन होता है; सूर्योदय पर पहला होरा वार के स्वामी का होता है। किसी ग्रह के होरा का उपयोग उसके कारक कार्यों के लिए करें — पढ़ाई के लिए गुरु, कला के लिए शुक्र, व्यापार के लिए बुध।

होरा स्वामीसेतकदिन / रात
शनि06:1107:12दिन
गुरु07:1208:14दिन
मंगल08:1409:15दिन
सूर्य09:1510:16दिन
शुक्र10:1611:17दिन
बुध11:1712:18दिन
चंद्र12:1813:19दिन
शनि13:1914:21दिन
गुरु14:2115:22दिन
मंगल15:2216:23दिन
सूर्य16:2317:24दिन
शुक्र17:2418:25दिन
बुध18:2519:24रात
चंद्र19:2420:23रात
शनि20:2321:21रात
गुरु21:2122:20रात
मंगल22:2023:19रात
सूर्य23:1900:18रात
शुक्र00:1801:16रात
बुध01:1602:15रात
चंद्र02:1503:14रात
शनि03:1404:13रात
गुरु04:1305:11रात
मंगल05:1106:10रात

अयनांश 24.2653° (लाहिड़ी)। समय बरेली (Asia/Kolkata) के स्थानीय हैं।

किसी अन्य शहर का चौघड़िया

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अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

चौघड़िया क्या है?

चौघड़िया समय देखने की एक वैदिक पद्धति है, जो गुजरात और राजस्थान में लोकप्रिय है। इसमें दिन और रात को आठ-आठ भागों में बाँटा जाता है। हर भाग का स्वामी एक ग्रह होता है और उसका नाम अमृत, शुभ, लाभ, चर, उद्वेग, काल या रोग होता है।

कौन-सा चौघड़िया सबसे अच्छा है?

अमृत, शुभ और लाभ नए काम की शुरुआत, दस्तावेज़ों पर हस्ताक्षर और खरीदारी के लिए शुभ माने जाते हैं। चर यात्रा के लिए अच्छा है। उद्वेग, काल और रोग में परंपरागत रूप से नई शुरुआत से बचा जाता है।

चौघड़िया का समय हर दिन अलग क्यों होता है?

ये अवधियाँ आपके स्थान पर वास्तविक दिन (सूर्योदय से सूर्यास्त) और रात (सूर्यास्त से अगले सूर्योदय) का आठवाँ भाग होती हैं, इसलिए साल भर सूर्योदय और सूर्यास्त के साथ बदलती रहती हैं।

क्या चौघड़िया और राहु काल एक ही हैं?

नहीं। राहु काल हर दिन एक अशुभ अवधि है। चौघड़िया दिन और रात की सभी सोलह अवधियों का मूल्यांकन करता है।