5 सितंबर 2025 को दोहा का चौघड़िया

शुक्रवार, 5 सितंबर 2025, दोहा, Qatar। समय Asia/Qatar में है।

शुक्रवार, 5 सितंबर 2025 को दोहा में सूर्योदय के समय तिथि शुक्ल त्रयोदशी (00:43, 6 सित॰ तक), नक्षत्र श्रवण (21:08 तक) और योग शोभन है। सूर्योदय 05:16 पर और सूर्यास्त 17:48 पर है। राहुकाल 09:58 से 11:32 तक है।

दिन और रात
दिन 05:16 – 17:48
रात 05:16 तक
तिथि
त्रयोदशी, 00:43 तक
चतुर्दशी
नक्षत्र
श्रवण, 21:08 तक
धनिष्ठा
चौघड़िया
चर
लाभ
अमृत
काल
शुभ
रोग
उद्वेग
चर
रोग
काल
लाभ
उद्वेग
शुभ
अमृत
चर
रोग
राहुकाल, यमगंड और गुलिक
राहु
यम
गुलिक
अभिजीत और ब्रह्म मुहूर्त

5 सितंबर 2025 का चौघड़िया

चौघड़िया दिन (सूर्योदय से सूर्यास्त) और रात (सूर्यास्त से अगले सूर्योदय) को आठ-आठ भागों में बांटता है। अमृत, शुभ और लाभ कार्य शुरू करने के लिए अच्छे हैं; चर यात्रा के लिए अच्छा है; उद्वेग, काल और रोग में नई शुरुआत से बचना बेहतर है।

दिन का चौघड़ियासमयफल
चर05:16 – 06:50सामान्य
लाभ06:50 – 08:24शुभ
अमृत08:24 – 09:58शुभ
काल09:58 – 11:32टालें
शुभ11:32 – 13:06शुभ
रोग13:06 – 14:40टालें
उद्वेग14:40 – 16:14टालें
चर16:14 – 17:48सामान्य
रात का चौघड़ियासमयफल
रोग17:48 – 19:14टालें
काल19:14 – 20:40टालें
लाभ20:40 – 22:06शुभ
उद्वेग22:06 – 23:32टालें
शुभ23:32 – 00:58शुभ
अमृत00:58 – 02:24शुभ
चर02:24 – 03:50सामान्य
रोग03:50 – 05:16टालें

5 सितंबर 2025 का पंचांग

वारशुक्रवार
तिथि
शुक्ल त्रयोदशी 00:43, 6 सित॰ तक
शुक्ल चतुर्दशी 23:11, 6 सित॰ तक
नक्षत्र
श्रवण 21:08 तक
धनिष्ठा 20:25, 6 सित॰ तक
योग
शोभन 11:22 तक
अतिगंडअशुभ 09:21, 6 सित॰ तक
करण
कौलव 13:16 तक
तैतिल 00:43, 6 सित॰ तक
गर 12:01, 6 सित॰ तक
चंद्र राशि
सूर्य राशिसिंह
पक्षशुक्ल पक्ष

सूर्य और चंद्रमा

सूर्योदय
05:16
सूर्यास्त
17:48
चंद्रोदय
16:25
चंद्रास्त
02:34
दिनमान
12h 33m

हिंदू कैलेंडर

मास (अमांत)
भाद्रपद
मास (पूर्णिमांत)
भाद्रपद
विक्रम संवत
2082
शक संवत
1947, विश्वावसु संवत्सर
ऋतु
वर्षा
अयन
दक्षिणायन

शुभ समय

ब्रह्म मुहूर्त
03:44 – 04:30
अभिजीत मुहूर्त
11:07 – 11:57

अशुभ समय

राहुकाल
09:58 – 11:32
यमगंड
14:40 – 16:14
गुलिक काल
06:50 – 08:24

होरा (ग्रहों के घंटे)

हर होरा दिन या रात का बारहवां भाग होता है और उस पर एक ग्रह का शासन होता है; सूर्योदय पर पहला होरा वार के स्वामी का होता है। किसी ग्रह के होरा का उपयोग उसके कारक कार्यों के लिए करें — पढ़ाई के लिए गुरु, कला के लिए शुक्र, व्यापार के लिए बुध।

होरा स्वामीसेतकदिन / रात
शुक्र05:1606:18दिन
बुध06:1807:21दिन
चंद्र07:2108:24दिन
शनि08:2409:26दिन
गुरु09:2610:29दिन
मंगल10:2911:32दिन
सूर्य11:3212:35दिन
शुक्र12:3513:37दिन
बुध13:3714:40दिन
चंद्र14:4015:43दिन
शनि15:4316:45दिन
गुरु16:4517:48दिन
मंगल17:4818:45रात
सूर्य18:4519:43रात
शुक्र19:4320:40रात
बुध20:4021:37रात
चंद्र21:3722:35रात
शनि22:3523:32रात
गुरु23:3200:29रात
मंगल00:2901:27रात
सूर्य01:2702:24रात
शुक्र02:2403:21रात
बुध03:2104:19रात
चंद्र04:1905:16रात

अयनांश 24.2158° (लाहिड़ी)। समय दोहा (Asia/Qatar) के स्थानीय हैं।

किसी अन्य शहर का चौघड़िया

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अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

चौघड़िया क्या है?

चौघड़िया समय देखने की एक वैदिक पद्धति है, जो गुजरात और राजस्थान में लोकप्रिय है। इसमें दिन और रात को आठ-आठ भागों में बाँटा जाता है। हर भाग का स्वामी एक ग्रह होता है और उसका नाम अमृत, शुभ, लाभ, चर, उद्वेग, काल या रोग होता है।

कौन-सा चौघड़िया सबसे अच्छा है?

अमृत, शुभ और लाभ नए काम की शुरुआत, दस्तावेज़ों पर हस्ताक्षर और खरीदारी के लिए शुभ माने जाते हैं। चर यात्रा के लिए अच्छा है। उद्वेग, काल और रोग में परंपरागत रूप से नई शुरुआत से बचा जाता है।

चौघड़िया का समय हर दिन अलग क्यों होता है?

ये अवधियाँ आपके स्थान पर वास्तविक दिन (सूर्योदय से सूर्यास्त) और रात (सूर्यास्त से अगले सूर्योदय) का आठवाँ भाग होती हैं, इसलिए साल भर सूर्योदय और सूर्यास्त के साथ बदलती रहती हैं।

क्या चौघड़िया और राहु काल एक ही हैं?

नहीं। राहु काल हर दिन एक अशुभ अवधि है। चौघड़िया दिन और रात की सभी सोलह अवधियों का मूल्यांकन करता है।