28 सितंबर 2025 को दोहा का चौघड़िया

रविवार, 28 सितंबर 2025, दोहा, Qatar। समय Asia/Qatar में है।

रविवार, 28 सितंबर 2025 को दोहा में सूर्योदय के समय तिथि शुक्ल षष्ठी (11:57 तक), नक्षत्र ज्येष्ठा (01:25, 29 सित॰ तक) और योग आयुष्मान है। सूर्योदय 05:24 पर और सूर्यास्त 17:23 पर है। राहुकाल 15:53 से 17:23 तक है।

दिन और रात
दिन 05:24 – 17:23
रात 05:25 तक
तिथि
षष्ठी, 11:57 तक
सप्तमी
नक्षत्र
ज्येष्ठा, 01:25 तक
मूल
चौघड़िया
उद्वेग
चर
लाभ
अमृत
काल
शुभ
रोग
उद्वेग
शुभ
अमृत
चर
रोग
काल
लाभ
उद्वेग
शुभ
राहुकाल, यमगंड और गुलिक
राहु
यम
गुलिक
अभिजीत और ब्रह्म मुहूर्त

28 सितंबर 2025 का चौघड़िया

चौघड़िया दिन (सूर्योदय से सूर्यास्त) और रात (सूर्यास्त से अगले सूर्योदय) को आठ-आठ भागों में बांटता है। अमृत, शुभ और लाभ कार्य शुरू करने के लिए अच्छे हैं; चर यात्रा के लिए अच्छा है; उद्वेग, काल और रोग में नई शुरुआत से बचना बेहतर है।

दिन का चौघड़ियासमयफल
उद्वेग05:24 – 06:54टालें
चर06:54 – 08:24सामान्य
लाभ08:24 – 09:54शुभ
अमृत09:54 – 11:24शुभ
काल11:24 – 12:54टालें
शुभ12:54 – 14:24शुभ
रोग14:24 – 15:53टालें
उद्वेग15:53 – 17:23टालें
रात का चौघड़ियासमयफल
शुभ17:23 – 18:53शुभ
अमृत18:53 – 20:24शुभ
चर20:24 – 21:54सामान्य
रोग21:54 – 23:24टालें
काल23:24 – 00:54टालें
लाभ00:54 – 02:24शुभ
उद्वेग02:24 – 03:55टालें
शुभ03:55 – 05:25शुभ

28 सितंबर 2025 का पंचांग

वाररविवार
तिथि
शुक्ल षष्ठी 11:57 तक
शुक्ल सप्तमी 14:02, 29 सित॰ तक
नक्षत्र
ज्येष्ठा 01:25, 29 सित॰ तक
मूल 03:47, 30 सित॰ तक
योग
आयुष्मान 22:02 तक
सौभाग्य 22:30, 29 सित॰ तक
करण
तैतिल 11:57 तक
गर 01:03, 29 सित॰ तक
वणिज 14:02, 29 सित॰ तक
चंद्र राशि
वृश्चिक 01:25, 29 सित॰ तक
सूर्य राशिकन्या
पक्षशुक्ल पक्ष

सूर्य और चंद्रमा

सूर्योदय
05:24
सूर्यास्त
17:23
चंद्रोदय
11:04
चंद्रास्त
21:27
दिनमान
11h 59m

हिंदू कैलेंडर

मास (अमांत)
आश्विन
मास (पूर्णिमांत)
आश्विन
विक्रम संवत
2082
शक संवत
1947, विश्वावसु संवत्सर
ऋतु
शरद
अयन
दक्षिणायन

शुभ समय

ब्रह्म मुहूर्त
03:48 – 04:36
अभिजीत मुहूर्त
11:00 – 11:48

अशुभ समय

राहुकाल
15:53 – 17:23
यमगंड
11:24 – 12:54
गुलिक काल
14:24 – 15:53

होरा (ग्रहों के घंटे)

हर होरा दिन या रात का बारहवां भाग होता है और उस पर एक ग्रह का शासन होता है; सूर्योदय पर पहला होरा वार के स्वामी का होता है। किसी ग्रह के होरा का उपयोग उसके कारक कार्यों के लिए करें — पढ़ाई के लिए गुरु, कला के लिए शुक्र, व्यापार के लिए बुध।

होरा स्वामीसेतकदिन / रात
सूर्य05:2406:24दिन
शुक्र06:2407:24दिन
बुध07:2408:24दिन
चंद्र08:2409:24दिन
शनि09:2410:24दिन
गुरु10:2411:24दिन
मंगल11:2412:24दिन
सूर्य12:2413:24दिन
शुक्र13:2414:24दिन
बुध14:2415:23दिन
चंद्र15:2316:23दिन
शनि16:2317:23दिन
गुरु17:2318:23रात
मंगल18:2319:24रात
सूर्य19:2420:24रात
शुक्र20:2421:24रात
बुध21:2422:24रात
चंद्र22:2423:24रात
शनि23:2400:24रात
गुरु00:2401:24रात
मंगल01:2402:24रात
सूर्य02:2403:24रात
शुक्र03:2404:25रात
बुध04:2505:25रात

अयनांश 24.2166° (लाहिड़ी)। समय दोहा (Asia/Qatar) के स्थानीय हैं।

किसी अन्य शहर का चौघड़िया

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अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

चौघड़िया क्या है?

चौघड़िया समय देखने की एक वैदिक पद्धति है, जो गुजरात और राजस्थान में लोकप्रिय है। इसमें दिन और रात को आठ-आठ भागों में बाँटा जाता है। हर भाग का स्वामी एक ग्रह होता है और उसका नाम अमृत, शुभ, लाभ, चर, उद्वेग, काल या रोग होता है।

कौन-सा चौघड़िया सबसे अच्छा है?

अमृत, शुभ और लाभ नए काम की शुरुआत, दस्तावेज़ों पर हस्ताक्षर और खरीदारी के लिए शुभ माने जाते हैं। चर यात्रा के लिए अच्छा है। उद्वेग, काल और रोग में परंपरागत रूप से नई शुरुआत से बचा जाता है।

चौघड़िया का समय हर दिन अलग क्यों होता है?

ये अवधियाँ आपके स्थान पर वास्तविक दिन (सूर्योदय से सूर्यास्त) और रात (सूर्यास्त से अगले सूर्योदय) का आठवाँ भाग होती हैं, इसलिए साल भर सूर्योदय और सूर्यास्त के साथ बदलती रहती हैं।

क्या चौघड़िया और राहु काल एक ही हैं?

नहीं। राहु काल हर दिन एक अशुभ अवधि है। चौघड़िया दिन और रात की सभी सोलह अवधियों का मूल्यांकन करता है।