15 जनवरी 2029 को ईरोड का चौघड़िया

सोमवार, 15 जनवरी 2029, ईरोड, भारत। समय Asia/Kolkata में है।

सोमवार, 15 जनवरी 2029 को ईरोड में सूर्योदय के समय तिथि शुक्ल प्रतिपदा (23:30 तक), नक्षत्र उत्तराषाढ़ा (16:38 तक) और योग हर्षण है। सूर्योदय 06:42 पर और सूर्यास्त 18:14 पर है। राहुकाल 08:09 से 09:35 तक है।

दिन और रात
दिन 06:42 – 18:14
रात 06:42 तक
तिथि
प्रतिपदा, 23:30 तक
द्वितीया
नक्षत्र
उत्तराषाढ़ा, 16:38 तक
श्रवण
चौघड़िया
अमृत
काल
शुभ
रोग
उद्वेग
चर
लाभ
अमृत
चर
रोग
काल
लाभ
उद्वेग
शुभ
अमृत
चर
राहुकाल, यमगंड और गुलिक
राहु
यम
गुलिक
अभिजीत और ब्रह्म मुहूर्त

15 जनवरी 2029 का चौघड़िया

चौघड़िया दिन (सूर्योदय से सूर्यास्त) और रात (सूर्यास्त से अगले सूर्योदय) को आठ-आठ भागों में बांटता है। अमृत, शुभ और लाभ कार्य शुरू करने के लिए अच्छे हैं; चर यात्रा के लिए अच्छा है; उद्वेग, काल और रोग में नई शुरुआत से बचना बेहतर है।

दिन का चौघड़ियासमयफल
अमृत06:42 – 08:09शुभ
काल08:09 – 09:35टालें
शुभ09:35 – 11:02शुभ
रोग11:02 – 12:28टालें
उद्वेग12:28 – 13:55टालें
चर13:55 – 15:21सामान्य
लाभ15:21 – 16:48शुभ
अमृत16:48 – 18:14शुभ
रात का चौघड़ियासमयफल
चर18:14 – 19:48सामान्य
रोग19:48 – 21:21टालें
काल21:21 – 22:55टालें
लाभ22:55 – 00:28शुभ
उद्वेग00:28 – 02:02टालें
शुभ02:02 – 03:35शुभ
अमृत03:35 – 05:09शुभ
चर05:09 – 06:42सामान्य

15 जनवरी 2029 का पंचांग

वारसोमवार
तिथि
शुक्ल प्रतिपदा 23:30 तक
शुक्ल द्वितीया 00:37, 17 जन॰ तक
नक्षत्र
श्रवण 18:09, 16 जन॰ तक
योग
हर्षण 08:30 तक
वज्रअशुभ 07:56, 16 जन॰ तक
करण
किंस्तुघ्न 11:08 तक
बव 23:30 तक
बालव 12:00, 16 जन॰ तक
चंद्र राशि
सूर्य राशिमकर
पक्षशुक्ल पक्ष

सूर्य और चंद्रमा

सूर्योदय
06:42
सूर्यास्त
18:14
चंद्रोदय
07:00
चंद्रास्त
18:52
दिनमान
11h 32m

हिंदू कैलेंडर

मास (अमांत)
माघ
मास (पूर्णिमांत)
माघ
विक्रम संवत
2085
शक संवत
1950, कीलक संवत्सर
ऋतु
शिशिर
अयन
उत्तरायण

शुभ समय

ब्रह्म मुहूर्त
05:02 – 05:52
अभिजीत मुहूर्त
12:05 – 12:51

अशुभ समय

राहुकाल
08:09 – 09:35
यमगंड
11:02 – 12:28
गुलिक काल
13:55 – 15:21

होरा (ग्रहों के घंटे)

हर होरा दिन या रात का बारहवां भाग होता है और उस पर एक ग्रह का शासन होता है; सूर्योदय पर पहला होरा वार के स्वामी का होता है। किसी ग्रह के होरा का उपयोग उसके कारक कार्यों के लिए करें — पढ़ाई के लिए गुरु, कला के लिए शुक्र, व्यापार के लिए बुध।

होरा स्वामीसेतकदिन / रात
चंद्र06:4207:40दिन
शनि07:4008:37दिन
गुरु08:3709:35दिन
मंगल09:3510:33दिन
सूर्य10:3311:30दिन
शुक्र11:3012:28दिन
बुध12:2813:26दिन
चंद्र13:2614:23दिन
शनि14:2315:21दिन
गुरु15:2116:19दिन
मंगल16:1917:16दिन
सूर्य17:1618:14दिन
शुक्र18:1419:16रात
बुध19:1620:19रात
चंद्र20:1921:21रात
शनि21:2122:23रात
गुरु22:2323:26रात
मंगल23:2600:28रात
सूर्य00:2801:30रात
शुक्र01:3002:33रात
बुध02:3303:35रात
चंद्र03:3504:38रात
शनि04:3805:40रात
गुरु05:4006:42रात

अयनांश 24.2627° (लाहिड़ी)। समय ईरोड (Asia/Kolkata) के स्थानीय हैं।

किसी अन्य शहर का चौघड़िया

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अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

चौघड़िया क्या है?

चौघड़िया समय देखने की एक वैदिक पद्धति है, जो गुजरात और राजस्थान में लोकप्रिय है। इसमें दिन और रात को आठ-आठ भागों में बाँटा जाता है। हर भाग का स्वामी एक ग्रह होता है और उसका नाम अमृत, शुभ, लाभ, चर, उद्वेग, काल या रोग होता है।

कौन-सा चौघड़िया सबसे अच्छा है?

अमृत, शुभ और लाभ नए काम की शुरुआत, दस्तावेज़ों पर हस्ताक्षर और खरीदारी के लिए शुभ माने जाते हैं। चर यात्रा के लिए अच्छा है। उद्वेग, काल और रोग में परंपरागत रूप से नई शुरुआत से बचा जाता है।

चौघड़िया का समय हर दिन अलग क्यों होता है?

ये अवधियाँ आपके स्थान पर वास्तविक दिन (सूर्योदय से सूर्यास्त) और रात (सूर्यास्त से अगले सूर्योदय) का आठवाँ भाग होती हैं, इसलिए साल भर सूर्योदय और सूर्यास्त के साथ बदलती रहती हैं।

क्या चौघड़िया और राहु काल एक ही हैं?

नहीं। राहु काल हर दिन एक अशुभ अवधि है। चौघड़िया दिन और रात की सभी सोलह अवधियों का मूल्यांकन करता है।