28 जनवरी 2026 को इम्फाल का चौघड़िया

बुधवार, 28 जनवरी 2026, इम्फाल, भारत। समय Asia/Kolkata में है।

बुधवार, 28 जनवरी 2026 को इम्फाल में सूर्योदय के समय तिथि शुक्ल दशमी (16:36 तक), नक्षत्र कृत्तिका (09:27 तक) और योग ब्रह्म है। सूर्योदय 05:58 पर और सूर्यास्त 16:56 पर है। राहुकाल 11:27 से 12:49 तक है।

दिन और रात
दिन 05:58 – 16:56
रात 05:57 तक
तिथि
दशमी, 16:36 तक
एकादशी
नक्षत्र
कृत्तिका, 09:27 तक
रोहिणी
चौघड़िया
लाभ
अमृत
काल
शुभ
रोग
उद्वेग
चर
लाभ
उद्वेग
शुभ
अमृत
चर
रोग
काल
लाभ
उद्वेग
राहुकाल, यमगंड और गुलिक
राहु
यम
गुलिक
अभिजीत और ब्रह्म मुहूर्त

28 जनवरी 2026 का चौघड़िया

चौघड़िया दिन (सूर्योदय से सूर्यास्त) और रात (सूर्यास्त से अगले सूर्योदय) को आठ-आठ भागों में बांटता है। अमृत, शुभ और लाभ कार्य शुरू करने के लिए अच्छे हैं; चर यात्रा के लिए अच्छा है; उद्वेग, काल और रोग में नई शुरुआत से बचना बेहतर है।

दिन का चौघड़ियासमयफल
लाभ05:58 – 07:20शुभ
अमृत07:20 – 08:42शुभ
काल08:42 – 10:04टालें
शुभ10:04 – 11:27शुभ
रोग11:27 – 12:49टालें
उद्वेग12:49 – 14:11टालें
चर14:11 – 15:33सामान्य
लाभ15:33 – 16:56शुभ
रात का चौघड़ियासमयफल
उद्वेग16:56 – 18:33टालें
शुभ18:33 – 20:11शुभ
अमृत20:11 – 21:49शुभ
चर21:49 – 23:27सामान्य
रोग23:27 – 01:04टालें
काल01:04 – 02:42टालें
लाभ02:42 – 04:20शुभ
उद्वेग04:20 – 05:57टालें

28 जनवरी 2026 का पंचांग

वारबुधवार
तिथि
शुक्ल दशमी 16:36 तक
शुक्ल एकादशी 13:55, 29 जन॰ तक
नक्षत्र
रोहिणी 07:31, 29 जन॰ तक
योग
ब्रह्म 23:54 तक
इंद्र 20:27, 29 जन॰ तक
करण
गर 16:36 तक
वणिज 03:17, 29 जन॰ तक
विष्टि (भद्रा) 13:55, 29 जन॰ तक
चंद्र राशि
सूर्य राशिमकर
पक्षशुक्ल पक्ष

सूर्य और चंद्रमा

सूर्योदय
05:58
सूर्यास्त
16:56
चंद्रोदय
12:03
चंद्रास्त
01:18
दिनमान
10h 58m

हिंदू कैलेंडर

मास (अमांत)
माघ
मास (पूर्णिमांत)
माघ
विक्रम संवत
2082
शक संवत
1947, विश्वावसु संवत्सर
ऋतु
शिशिर
अयन
उत्तरायण

शुभ समय

ब्रह्म मुहूर्त
04:13 – 05:06
अभिजीत मुहूर्त
11:05 – 11:49 (बुधवार को पारंपरिक रूप से वर्जित)

अशुभ समय

राहुकाल
11:27 – 12:49
यमगंड
07:20 – 08:42
गुलिक काल
10:04 – 11:27

होरा (ग्रहों के घंटे)

हर होरा दिन या रात का बारहवां भाग होता है और उस पर एक ग्रह का शासन होता है; सूर्योदय पर पहला होरा वार के स्वामी का होता है। किसी ग्रह के होरा का उपयोग उसके कारक कार्यों के लिए करें — पढ़ाई के लिए गुरु, कला के लिए शुक्र, व्यापार के लिए बुध।

होरा स्वामीसेतकदिन / रात
बुध05:5806:53दिन
चंद्र06:5307:47दिन
शनि07:4708:42दिन
गुरु08:4209:37दिन
मंगल09:3710:32दिन
सूर्य10:3211:27दिन
शुक्र11:2712:22दिन
बुध12:2213:16दिन
चंद्र13:1614:11दिन
शनि14:1115:06दिन
गुरु15:0616:01दिन
मंगल16:0116:56दिन
सूर्य16:5618:01रात
शुक्र18:0119:06रात
बुध19:0620:11रात
चंद्र20:1121:16रात
शनि21:1622:21रात
गुरु22:2123:27रात
मंगल23:2700:32रात
सूर्य00:3201:37रात
शुक्र01:3702:42रात
बुध02:4203:47रात
चंद्र03:4704:52रात
शनि04:5205:57रात

अयनांश 24.2213° (लाहिड़ी)। समय इम्फाल (Asia/Kolkata) के स्थानीय हैं।

किसी अन्य शहर का चौघड़िया

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अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

चौघड़िया क्या है?

चौघड़िया समय देखने की एक वैदिक पद्धति है, जो गुजरात और राजस्थान में लोकप्रिय है। इसमें दिन और रात को आठ-आठ भागों में बाँटा जाता है। हर भाग का स्वामी एक ग्रह होता है और उसका नाम अमृत, शुभ, लाभ, चर, उद्वेग, काल या रोग होता है।

कौन-सा चौघड़िया सबसे अच्छा है?

अमृत, शुभ और लाभ नए काम की शुरुआत, दस्तावेज़ों पर हस्ताक्षर और खरीदारी के लिए शुभ माने जाते हैं। चर यात्रा के लिए अच्छा है। उद्वेग, काल और रोग में परंपरागत रूप से नई शुरुआत से बचा जाता है।

चौघड़िया का समय हर दिन अलग क्यों होता है?

ये अवधियाँ आपके स्थान पर वास्तविक दिन (सूर्योदय से सूर्यास्त) और रात (सूर्यास्त से अगले सूर्योदय) का आठवाँ भाग होती हैं, इसलिए साल भर सूर्योदय और सूर्यास्त के साथ बदलती रहती हैं।

क्या चौघड़िया और राहु काल एक ही हैं?

नहीं। राहु काल हर दिन एक अशुभ अवधि है। चौघड़िया दिन और रात की सभी सोलह अवधियों का मूल्यांकन करता है।