20 अप्रैल 2028 को इम्फाल का चौघड़िया

गुरुवार, 20 अप्रैल 2028, इम्फाल, भारत। समय Asia/Kolkata में है।

गुरुवार, 20 अप्रैल 2028 को इम्फाल में सूर्योदय के समय तिथि कृष्ण एकादशी (18:47 तक), नक्षत्र शतभिषा (21:22 तक) और योग शुक्ल है। सूर्योदय 04:47 पर और सूर्यास्त 17:38 पर है। राहुकाल 12:49 से 14:26 तक है।

दिन और रात
दिन 04:47 – 17:38
रात 04:46 तक
तिथि
एकादशी, 18:47 तक
द्वादशी
नक्षत्र
शतभिषा, 21:22 तक
पूर्वा भाद्रपद
चौघड़िया
शुभ
रोग
उद्वेग
चर
लाभ
अमृत
काल
शुभ
अमृत
चर
रोग
काल
लाभ
उद्वेग
शुभ
अमृत
राहुकाल, यमगंड और गुलिक
राहु
यम
गुलिक
अभिजीत और ब्रह्म मुहूर्त

20 अप्रैल 2028 का चौघड़िया

चौघड़िया दिन (सूर्योदय से सूर्यास्त) और रात (सूर्यास्त से अगले सूर्योदय) को आठ-आठ भागों में बांटता है। अमृत, शुभ और लाभ कार्य शुरू करने के लिए अच्छे हैं; चर यात्रा के लिए अच्छा है; उद्वेग, काल और रोग में नई शुरुआत से बचना बेहतर है।

दिन का चौघड़ियासमयफल
शुभ04:47 – 06:23शुभ
रोग06:23 – 08:00टालें
उद्वेग08:00 – 09:36टालें
चर09:36 – 11:13सामान्य
लाभ11:13 – 12:49शुभ
अमृत12:49 – 14:26शुभ
काल14:26 – 16:02टालें
शुभ16:02 – 17:38शुभ
रात का चौघड़ियासमयफल
अमृत17:38 – 19:02शुभ
चर19:02 – 20:25सामान्य
रोग20:25 – 21:49टालें
काल21:49 – 23:12टालें
लाभ23:12 – 00:36शुभ
उद्वेग00:36 – 01:59टालें
शुभ01:59 – 03:23शुभ
अमृत03:23 – 04:46शुभ

20 अप्रैल 2028 का पंचांग

वारगुरुवार
तिथि
कृष्ण एकादशी 18:47 तक
कृष्ण द्वादशी 21:04, 21 अप्रैल तक
नक्षत्र
शतभिषा 21:22 तक
पूर्वा भाद्रपद 00:08, 22 अप्रैल तक
योग
शुक्ल 08:35 तक
ब्रह्म 09:28, 21 अप्रैल तक
करण
बव 05:32 तक
बालव 18:47 तक
कौलव 07:58, 21 अप्रैल तक
चंद्र राशि
सूर्य राशिमेष
पक्षकृष्ण पक्ष

सूर्य और चंद्रमा

सूर्योदय
04:47
सूर्यास्त
17:38
चंद्रोदय
01:55
चंद्रास्त
13:52
दिनमान
12h 51m

हिंदू कैलेंडर

मास (अमांत)
चैत्र
मास (पूर्णिमांत)
वैशाख
विक्रम संवत
2085
शक संवत
1950, कीलक संवत्सर
ऋतु
वसंत
अयन
उत्तरायण

शुभ समय

ब्रह्म मुहूर्त
03:18 – 04:02
अभिजीत मुहूर्त
10:47 – 11:38

अशुभ समय

राहुकाल
12:49 – 14:26
यमगंड
04:47 – 06:23
गुलिक काल
08:00 – 09:36

होरा (ग्रहों के घंटे)

हर होरा दिन या रात का बारहवां भाग होता है और उस पर एक ग्रह का शासन होता है; सूर्योदय पर पहला होरा वार के स्वामी का होता है। किसी ग्रह के होरा का उपयोग उसके कारक कार्यों के लिए करें — पढ़ाई के लिए गुरु, कला के लिए शुक्र, व्यापार के लिए बुध।

होरा स्वामीसेतकदिन / रात
गुरु04:4705:51दिन
मंगल05:5106:56दिन
सूर्य06:5608:00दिन
शुक्र08:0009:04दिन
बुध09:0410:08दिन
चंद्र10:0811:13दिन
शनि11:1312:17दिन
गुरु12:1713:21दिन
मंगल13:2114:26दिन
सूर्य14:2615:30दिन
शुक्र15:3016:34दिन
बुध16:3417:38दिन
चंद्र17:3818:34रात
शनि18:3419:30रात
गुरु19:3020:25रात
मंगल20:2521:21रात
सूर्य21:2122:17रात
शुक्र22:1723:12रात
बुध23:1200:08रात
चंद्र00:0801:04रात
शनि01:0401:59रात
गुरु01:5902:55रात
मंगल02:5503:51रात
सूर्य03:5104:46रात

अयनांश 24.2524° (लाहिड़ी)। समय इम्फाल (Asia/Kolkata) के स्थानीय हैं।

किसी अन्य शहर का चौघड़िया

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अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

चौघड़िया क्या है?

चौघड़िया समय देखने की एक वैदिक पद्धति है, जो गुजरात और राजस्थान में लोकप्रिय है। इसमें दिन और रात को आठ-आठ भागों में बाँटा जाता है। हर भाग का स्वामी एक ग्रह होता है और उसका नाम अमृत, शुभ, लाभ, चर, उद्वेग, काल या रोग होता है।

कौन-सा चौघड़िया सबसे अच्छा है?

अमृत, शुभ और लाभ नए काम की शुरुआत, दस्तावेज़ों पर हस्ताक्षर और खरीदारी के लिए शुभ माने जाते हैं। चर यात्रा के लिए अच्छा है। उद्वेग, काल और रोग में परंपरागत रूप से नई शुरुआत से बचा जाता है।

चौघड़िया का समय हर दिन अलग क्यों होता है?

ये अवधियाँ आपके स्थान पर वास्तविक दिन (सूर्योदय से सूर्यास्त) और रात (सूर्यास्त से अगले सूर्योदय) का आठवाँ भाग होती हैं, इसलिए साल भर सूर्योदय और सूर्यास्त के साथ बदलती रहती हैं।

क्या चौघड़िया और राहु काल एक ही हैं?

नहीं। राहु काल हर दिन एक अशुभ अवधि है। चौघड़िया दिन और रात की सभी सोलह अवधियों का मूल्यांकन करता है।