22 जनवरी 2027 को इंदौर का चौघड़िया

शुक्रवार, 22 जनवरी 2027, इंदौर, भारत। समय Asia/Kolkata में है।

शुक्रवार, 22 जनवरी 2027 को इंदौर में सूर्योदय के समय तिथि पूर्णिमा (17:47 तक), नक्षत्र पुनर्वसु (10:25 तक) और योग विष्कंभ है। सूर्योदय 07:08 पर और सूर्यास्त 18:07 पर है। राहुकाल 11:15 से 12:38 तक है।

दिन और रात
दिन 07:08 – 18:07
रात 07:08 तक
तिथि
पूर्णिमा, 17:47 तक
प्रतिपदा
नक्षत्र
पुनर्वसु, 10:25 तक
पुष्य
चौघड़िया
चर
लाभ
अमृत
काल
शुभ
रोग
उद्वेग
चर
रोग
काल
लाभ
उद्वेग
शुभ
अमृत
चर
रोग
राहुकाल, यमगंड और गुलिक
राहु
यम
गुलिक
अभिजीत और ब्रह्म मुहूर्त

22 जनवरी 2027 का चौघड़िया

चौघड़िया दिन (सूर्योदय से सूर्यास्त) और रात (सूर्यास्त से अगले सूर्योदय) को आठ-आठ भागों में बांटता है। अमृत, शुभ और लाभ कार्य शुरू करने के लिए अच्छे हैं; चर यात्रा के लिए अच्छा है; उद्वेग, काल और रोग में नई शुरुआत से बचना बेहतर है।

दिन का चौघड़ियासमयफल
चर07:08 – 08:31सामान्य
लाभ08:31 – 09:53शुभ
अमृत09:53 – 11:15शुभ
काल11:15 – 12:38टालें
शुभ12:38 – 14:00शुभ
रोग14:00 – 15:22टालें
उद्वेग15:22 – 16:45टालें
चर16:45 – 18:07सामान्य
रात का चौघड़ियासमयफल
रोग18:07 – 19:45टालें
काल19:45 – 21:22टालें
लाभ21:22 – 23:00शुभ
उद्वेग23:00 – 00:38टालें
शुभ00:38 – 02:15शुभ
अमृत02:15 – 03:53शुभ
चर03:53 – 05:30सामान्य
रोग05:30 – 07:08टालें

22 जनवरी 2027 का पंचांग

वारशुक्रवार
तिथि
पूर्णिमा 17:47 तक
कृष्ण प्रतिपदा 14:13, 23 जन॰ तक
नक्षत्र
पुष्य 07:31, 23 जन॰ तक
योग
विष्कंभअशुभ 13:50 तक
प्रीति 09:38, 23 जन॰ तक
करण
विष्टि (भद्रा) 07:38 तक
बव 17:47 तक
बालव 03:58, 23 जन॰ तक
कौलव 14:13, 23 जन॰ तक
चंद्र राशि
सूर्य राशिमकर
पक्षशुक्ल पक्ष

सूर्य और चंद्रमा

सूर्योदय
07:08
सूर्यास्त
18:07
चंद्रोदय
18:03
चंद्रास्त
06:53
दिनमान
10h 59m

हिंदू कैलेंडर

मास (अमांत)
पौष
मास (पूर्णिमांत)
पौष
विक्रम संवत
2083
शक संवत
1948, पराभव संवत्सर
ऋतु
हेमंत
अयन
उत्तरायण

शुभ समय

ब्रह्म मुहूर्त
05:24 – 06:16
अभिजीत मुहूर्त
12:16 – 13:00

अशुभ समय

राहुकाल
11:15 – 12:38
यमगंड
15:22 – 16:45
गुलिक काल
08:31 – 09:53

होरा (ग्रहों के घंटे)

हर होरा दिन या रात का बारहवां भाग होता है और उस पर एक ग्रह का शासन होता है; सूर्योदय पर पहला होरा वार के स्वामी का होता है। किसी ग्रह के होरा का उपयोग उसके कारक कार्यों के लिए करें — पढ़ाई के लिए गुरु, कला के लिए शुक्र, व्यापार के लिए बुध।

होरा स्वामीसेतकदिन / रात
शुक्र07:0808:03दिन
बुध08:0308:58दिन
चंद्र08:5809:53दिन
शनि09:5310:48दिन
गुरु10:4811:43दिन
मंगल11:4312:38दिन
सूर्य12:3813:33दिन
शुक्र13:3314:27दिन
बुध14:2715:22दिन
चंद्र15:2216:17दिन
शनि16:1717:12दिन
गुरु17:1218:07दिन
मंगल18:0719:12रात
सूर्य19:1220:17रात
शुक्र20:1721:22रात
बुध21:2222:27रात
चंद्र22:2723:32रात
शनि23:3200:38रात
गुरु00:3801:43रात
मंगल01:4302:48रात
सूर्य02:4803:53रात
शुक्र03:5304:58रात
बुध04:5806:03रात
चंद्र06:0307:08रात

अयनांश 24.2350° (लाहिड़ी)। समय इंदौर (Asia/Kolkata) के स्थानीय हैं।

किसी अन्य शहर का चौघड़िया

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अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

चौघड़िया क्या है?

चौघड़िया समय देखने की एक वैदिक पद्धति है, जो गुजरात और राजस्थान में लोकप्रिय है। इसमें दिन और रात को आठ-आठ भागों में बाँटा जाता है। हर भाग का स्वामी एक ग्रह होता है और उसका नाम अमृत, शुभ, लाभ, चर, उद्वेग, काल या रोग होता है।

कौन-सा चौघड़िया सबसे अच्छा है?

अमृत, शुभ और लाभ नए काम की शुरुआत, दस्तावेज़ों पर हस्ताक्षर और खरीदारी के लिए शुभ माने जाते हैं। चर यात्रा के लिए अच्छा है। उद्वेग, काल और रोग में परंपरागत रूप से नई शुरुआत से बचा जाता है।

चौघड़िया का समय हर दिन अलग क्यों होता है?

ये अवधियाँ आपके स्थान पर वास्तविक दिन (सूर्योदय से सूर्यास्त) और रात (सूर्यास्त से अगले सूर्योदय) का आठवाँ भाग होती हैं, इसलिए साल भर सूर्योदय और सूर्यास्त के साथ बदलती रहती हैं।

क्या चौघड़िया और राहु काल एक ही हैं?

नहीं। राहु काल हर दिन एक अशुभ अवधि है। चौघड़िया दिन और रात की सभी सोलह अवधियों का मूल्यांकन करता है।