7 अक्टूबर 2025 को जामनगर का चौघड़िया

मंगलवार, 7 अक्टूबर 2025, जामनगर, भारत। समय Asia/Kolkata में है।

मंगलवार, 7 अक्टूबर 2025 को जामनगर में सूर्योदय के समय तिथि पूर्णिमा (09:17 तक), नक्षत्र रेवती (01:28, 8 अक्टू॰ तक) और योग ध्रुव है। सूर्योदय 06:43 पर और सूर्यास्त 18:31 पर है। राहुकाल 15:34 से 17:03 तक है।

दिन और रात
दिन 06:43 – 18:31
रात 06:43 तक
तिथि
प्रतिपदा, 05:53 तक
नक्षत्र
रेवती, 01:28 तक
अश्विनी
चौघड़िया
रोग
उद्वेग
चर
लाभ
अमृत
काल
शुभ
रोग
काल
लाभ
उद्वेग
शुभ
अमृत
चर
रोग
काल
राहुकाल, यमगंड और गुलिक
राहु
यम
गुलिक
अभिजीत और ब्रह्म मुहूर्त

7 अक्टूबर 2025 का चौघड़िया

चौघड़िया दिन (सूर्योदय से सूर्यास्त) और रात (सूर्यास्त से अगले सूर्योदय) को आठ-आठ भागों में बांटता है। अमृत, शुभ और लाभ कार्य शुरू करने के लिए अच्छे हैं; चर यात्रा के लिए अच्छा है; उद्वेग, काल और रोग में नई शुरुआत से बचना बेहतर है।

दिन का चौघड़ियासमयफल
रोग06:43 – 08:11टालें
उद्वेग08:11 – 09:40टालें
चर09:40 – 11:08सामान्य
लाभ11:08 – 12:37शुभ
अमृत12:37 – 14:05शुभ
काल14:05 – 15:34टालें
शुभ15:34 – 17:03शुभ
रोग17:03 – 18:31टालें
रात का चौघड़ियासमयफल
काल18:31 – 20:03टालें
लाभ20:03 – 21:34शुभ
उद्वेग21:34 – 23:06टालें
शुभ23:06 – 00:37शुभ
अमृत00:37 – 02:09शुभ
चर02:09 – 03:40सामान्य
रोग03:40 – 05:12टालें
काल05:12 – 06:43टालें

7 अक्टूबर 2025 का पंचांग

वारमंगलवार
तिथि
पूर्णिमा 09:17 तक
कृष्ण प्रतिपदा 05:53, 8 अक्टू॰ तक
कृष्ण द्वितीया 02:23, 9 अक्टू॰ तक
नक्षत्र
रेवती 01:28, 8 अक्टू॰ तक
अश्विनी 22:44, 8 अक्टू॰ तक
योग
ध्रुव 09:31 तक
व्याघातअशुभ 05:35, 8 अक्टू॰ तक
हर्षण 01:32, 9 अक्टू॰ तक
करण
बव 09:17 तक
बालव 19:37 तक
कौलव 05:53, 8 अक्टू॰ तक
तैतिल 16:08, 8 अक्टू॰ तक
चंद्र राशि
मीन 01:28, 8 अक्टू॰ तक
सूर्य राशिकन्या
पक्षशुक्ल पक्ष

सूर्य और चंद्रमा

सूर्योदय
06:43
सूर्यास्त
18:31
चंद्रोदय
18:36
चंद्रास्त
06:39
दिनमान
11h 48m

हिंदू कैलेंडर

मास (अमांत)
आश्विन
मास (पूर्णिमांत)
आश्विन
विक्रम संवत
2082
शक संवत
1947, विश्वावसु संवत्सर
ऋतु
शरद
अयन
दक्षिणायन

शुभ समय

ब्रह्म मुहूर्त
05:05 – 05:54
अभिजीत मुहूर्त
12:13 – 13:01

अशुभ समय

राहुकाल
15:34 – 17:03
यमगंड
09:40 – 11:08
गुलिक काल
12:37 – 14:05

होरा (ग्रहों के घंटे)

हर होरा दिन या रात का बारहवां भाग होता है और उस पर एक ग्रह का शासन होता है; सूर्योदय पर पहला होरा वार के स्वामी का होता है। किसी ग्रह के होरा का उपयोग उसके कारक कार्यों के लिए करें — पढ़ाई के लिए गुरु, कला के लिए शुक्र, व्यापार के लिए बुध।

होरा स्वामीसेतकदिन / रात
मंगल06:4307:42दिन
सूर्य07:4208:41दिन
शुक्र08:4109:40दिन
बुध09:4010:39दिन
चंद्र10:3911:38दिन
शनि11:3812:37दिन
गुरु12:3713:36दिन
मंगल13:3614:35दिन
सूर्य14:3515:34दिन
शुक्र15:3416:33दिन
बुध16:3317:32दिन
चंद्र17:3218:31दिन
शनि18:3119:32रात
गुरु19:3220:33रात
मंगल20:3321:34रात
सूर्य21:3422:35रात
शुक्र22:3523:36रात
बुध23:3600:37रात
चंद्र00:3701:38रात
शनि01:3802:39रात
गुरु02:3903:40रात
मंगल03:4004:41रात
सूर्य04:4105:42रात
शुक्र05:4206:43रात

अयनांश 24.2170° (लाहिड़ी)। समय जामनगर (Asia/Kolkata) के स्थानीय हैं।

किसी अन्य शहर का चौघड़िया

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अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

चौघड़िया क्या है?

चौघड़िया समय देखने की एक वैदिक पद्धति है, जो गुजरात और राजस्थान में लोकप्रिय है। इसमें दिन और रात को आठ-आठ भागों में बाँटा जाता है। हर भाग का स्वामी एक ग्रह होता है और उसका नाम अमृत, शुभ, लाभ, चर, उद्वेग, काल या रोग होता है।

कौन-सा चौघड़िया सबसे अच्छा है?

अमृत, शुभ और लाभ नए काम की शुरुआत, दस्तावेज़ों पर हस्ताक्षर और खरीदारी के लिए शुभ माने जाते हैं। चर यात्रा के लिए अच्छा है। उद्वेग, काल और रोग में परंपरागत रूप से नई शुरुआत से बचा जाता है।

चौघड़िया का समय हर दिन अलग क्यों होता है?

ये अवधियाँ आपके स्थान पर वास्तविक दिन (सूर्योदय से सूर्यास्त) और रात (सूर्यास्त से अगले सूर्योदय) का आठवाँ भाग होती हैं, इसलिए साल भर सूर्योदय और सूर्यास्त के साथ बदलती रहती हैं।

क्या चौघड़िया और राहु काल एक ही हैं?

नहीं। राहु काल हर दिन एक अशुभ अवधि है। चौघड़िया दिन और रात की सभी सोलह अवधियों का मूल्यांकन करता है।