18 अक्टूबर 2027 को जामनगर का चौघड़िया

सोमवार, 18 अक्टूबर 2027, जामनगर, भारत। समय Asia/Kolkata में है।

सोमवार, 18 अक्टूबर 2027 को जामनगर में सूर्योदय के समय तिथि कृष्ण तृतीया (17:52 तक), नक्षत्र कृत्तिका (23:48 तक) और योग सिद्धि है। सूर्योदय 06:47 पर और सूर्यास्त 18:22 पर है। राहुकाल 08:14 से 09:40 तक है।

दिन और रात
दिन 06:47 – 18:22
रात 06:47 तक
तिथि
तृतीया, 17:52 तक
चतुर्थी
नक्षत्र
कृत्तिका, 23:48 तक
रोहिणी
चौघड़िया
अमृत
काल
शुभ
रोग
उद्वेग
चर
लाभ
अमृत
चर
रोग
काल
लाभ
उद्वेग
शुभ
अमृत
चर
राहुकाल, यमगंड और गुलिक
राहु
यम
गुलिक
अभिजीत और ब्रह्म मुहूर्त

18 अक्टूबर 2027 का चौघड़िया

चौघड़िया दिन (सूर्योदय से सूर्यास्त) और रात (सूर्यास्त से अगले सूर्योदय) को आठ-आठ भागों में बांटता है। अमृत, शुभ और लाभ कार्य शुरू करने के लिए अच्छे हैं; चर यात्रा के लिए अच्छा है; उद्वेग, काल और रोग में नई शुरुआत से बचना बेहतर है।

दिन का चौघड़ियासमयफल
अमृत06:47 – 08:14शुभ
काल08:14 – 09:40टालें
शुभ09:40 – 11:07शुभ
रोग11:07 – 12:34टालें
उद्वेग12:34 – 14:01टालें
चर14:01 – 15:28सामान्य
लाभ15:28 – 16:55शुभ
अमृत16:55 – 18:22शुभ
रात का चौघड़ियासमयफल
चर18:22 – 19:55सामान्य
रोग19:55 – 21:28टालें
काल21:28 – 23:01टालें
लाभ23:01 – 00:35शुभ
उद्वेग00:35 – 02:08टालें
शुभ02:08 – 03:41शुभ
अमृत03:41 – 05:14शुभ
चर05:14 – 06:47सामान्य

18 अक्टूबर 2027 का पंचांग

वारसोमवार
तिथि
कृष्ण तृतीया 17:52 तक
कृष्ण चतुर्थी 16:42, 19 अक्टू॰ तक
नक्षत्र
रोहिणी 23:15, 19 अक्टू॰ तक
योग
सिद्धि 11:17 तक
व्यतीपातअशुभ 09:17, 19 अक्टू॰ तक
करण
विष्टि (भद्रा) 17:52 तक
बव 05:19, 19 अक्टू॰ तक
बालव 16:42, 19 अक्टू॰ तक
चंद्र राशि
सूर्य राशितुला
पक्षकृष्ण पक्ष

सूर्य और चंद्रमा

सूर्योदय
06:47
सूर्यास्त
18:22
चंद्रोदय
20:14
चंद्रास्त
09:15
दिनमान
11h 35m

हिंदू कैलेंडर

मास (अमांत)
आश्विन
मास (पूर्णिमांत)
कार्तिक
विक्रम संवत
2084
शक संवत
1949, प्लवंग संवत्सर
ऋतु
शरद
अयन
दक्षिणायन

शुभ समय

ब्रह्म मुहूर्त
05:07 – 05:57
अभिजीत मुहूर्त
12:11 – 12:57

अशुभ समय

राहुकाल
08:14 – 09:40
यमगंड
11:07 – 12:34
गुलिक काल
14:01 – 15:28

होरा (ग्रहों के घंटे)

हर होरा दिन या रात का बारहवां भाग होता है और उस पर एक ग्रह का शासन होता है; सूर्योदय पर पहला होरा वार के स्वामी का होता है। किसी ग्रह के होरा का उपयोग उसके कारक कार्यों के लिए करें — पढ़ाई के लिए गुरु, कला के लिए शुक्र, व्यापार के लिए बुध।

होरा स्वामीसेतकदिन / रात
चंद्र06:4707:45दिन
शनि07:4508:43दिन
गुरु08:4309:40दिन
मंगल09:4010:38दिन
सूर्य10:3811:36दिन
शुक्र11:3612:34दिन
बुध12:3413:32दिन
चंद्र13:3214:30दिन
शनि14:3015:28दिन
गुरु15:2816:26दिन
मंगल16:2617:24दिन
सूर्य17:2418:22दिन
शुक्र18:2219:24रात
बुध19:2420:26रात
चंद्र20:2621:28रात
शनि21:2822:30रात
गुरु22:3023:32रात
मंगल23:3200:35रात
सूर्य00:3501:37रात
शुक्र01:3702:39रात
बुध02:3903:41रात
चंद्र03:4104:43रात
शनि04:4305:45रात
गुरु05:4506:47रात

अयनांश 24.2453° (लाहिड़ी)। समय जामनगर (Asia/Kolkata) के स्थानीय हैं।

किसी अन्य शहर का चौघड़िया

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अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

चौघड़िया क्या है?

चौघड़िया समय देखने की एक वैदिक पद्धति है, जो गुजरात और राजस्थान में लोकप्रिय है। इसमें दिन और रात को आठ-आठ भागों में बाँटा जाता है। हर भाग का स्वामी एक ग्रह होता है और उसका नाम अमृत, शुभ, लाभ, चर, उद्वेग, काल या रोग होता है।

कौन-सा चौघड़िया सबसे अच्छा है?

अमृत, शुभ और लाभ नए काम की शुरुआत, दस्तावेज़ों पर हस्ताक्षर और खरीदारी के लिए शुभ माने जाते हैं। चर यात्रा के लिए अच्छा है। उद्वेग, काल और रोग में परंपरागत रूप से नई शुरुआत से बचा जाता है।

चौघड़िया का समय हर दिन अलग क्यों होता है?

ये अवधियाँ आपके स्थान पर वास्तविक दिन (सूर्योदय से सूर्यास्त) और रात (सूर्यास्त से अगले सूर्योदय) का आठवाँ भाग होती हैं, इसलिए साल भर सूर्योदय और सूर्यास्त के साथ बदलती रहती हैं।

क्या चौघड़िया और राहु काल एक ही हैं?

नहीं। राहु काल हर दिन एक अशुभ अवधि है। चौघड़िया दिन और रात की सभी सोलह अवधियों का मूल्यांकन करता है।