12 जनवरी 2025 को काठमांडू का चौघड़िया

रविवार, 12 जनवरी 2025, काठमांडू, नेपाल। समय Asia/Kathmandu में है।

रविवार, 12 जनवरी 2025 को काठमांडू में सूर्योदय के समय तिथि शुक्ल चतुर्दशी (05:18, 13 जन॰ तक), नक्षत्र मृगशिरा (11:39 तक) और योग ब्रह्म है। सूर्योदय 06:55 पर और सूर्यास्त 17:28 पर है। राहुकाल 16:09 से 17:28 तक है।

दिन और रात
दिन 06:55 – 17:28
रात 06:55 तक
तिथि
चतुर्दशी, 05:18 तक
पूर्णिमा
नक्षत्र
मृगशिरा, 11:39 तक
आर्द्रा
चौघड़िया
उद्वेग
चर
लाभ
अमृत
काल
शुभ
रोग
उद्वेग
शुभ
अमृत
चर
रोग
काल
लाभ
उद्वेग
शुभ
राहुकाल, यमगंड और गुलिक
राहु
यम
गुलिक
अभिजीत और ब्रह्म मुहूर्त

12 जनवरी 2025 का चौघड़िया

चौघड़िया दिन (सूर्योदय से सूर्यास्त) और रात (सूर्यास्त से अगले सूर्योदय) को आठ-आठ भागों में बांटता है। अमृत, शुभ और लाभ कार्य शुरू करने के लिए अच्छे हैं; चर यात्रा के लिए अच्छा है; उद्वेग, काल और रोग में नई शुरुआत से बचना बेहतर है।

दिन का चौघड़ियासमयफल
उद्वेग06:55 – 08:14टालें
चर08:14 – 09:33सामान्य
लाभ09:33 – 10:53शुभ
अमृत10:53 – 12:12शुभ
काल12:12 – 13:31टालें
शुभ13:31 – 14:50शुभ
रोग14:50 – 16:09टालें
उद्वेग16:09 – 17:28टालें
रात का चौघड़ियासमयफल
शुभ17:28 – 19:09शुभ
अमृत19:09 – 20:50शुभ
चर20:50 – 22:31सामान्य
रोग22:31 – 00:12टालें
काल00:12 – 01:53टालें
लाभ01:53 – 03:33शुभ
उद्वेग03:33 – 05:14टालें
शुभ05:14 – 06:55शुभ

12 जनवरी 2025 का पंचांग

वाररविवार
तिथि
शुक्ल चतुर्दशी 05:18, 13 जन॰ तक
पूर्णिमा 04:11, 14 जन॰ तक
नक्षत्र
आर्द्रा 10:53, 13 जन॰ तक
योग
ब्रह्म 09:24 तक
इंद्र 06:59, 13 जन॰ तक
करण
गर 18:01 तक
वणिज 05:18, 13 जन॰ तक
विष्टि (भद्रा) 16:41, 13 जन॰ तक
चंद्र राशि
सूर्य राशिधनु
पक्षशुक्ल पक्ष

सूर्य और चंद्रमा

सूर्योदय
06:55
सूर्यास्त
17:28
चंद्रोदय
15:44
चंद्रास्त
05:29
दिनमान
10h 32m

हिंदू कैलेंडर

मास (अमांत)
पौष
मास (पूर्णिमांत)
पौष
विक्रम संवत
2081
शक संवत
1946, क्रोधी संवत्सर
ऋतु
हेमंत
अयन
दक्षिणायन

शुभ समय

ब्रह्म मुहूर्त
05:08 – 06:01
अभिजीत मुहूर्त
11:51 – 12:33

अशुभ समय

राहुकाल
16:09 – 17:28
यमगंड
12:12 – 13:31
गुलिक काल
14:50 – 16:09

होरा (ग्रहों के घंटे)

हर होरा दिन या रात का बारहवां भाग होता है और उस पर एक ग्रह का शासन होता है; सूर्योदय पर पहला होरा वार के स्वामी का होता है। किसी ग्रह के होरा का उपयोग उसके कारक कार्यों के लिए करें — पढ़ाई के लिए गुरु, कला के लिए शुक्र, व्यापार के लिए बुध।

होरा स्वामीसेतकदिन / रात
सूर्य06:5507:48दिन
शुक्र07:4808:41दिन
बुध08:4109:33दिन
चंद्र09:3310:26दिन
शनि10:2611:19दिन
गुरु11:1912:12दिन
मंगल12:1213:04दिन
सूर्य13:0413:57दिन
शुक्र13:5714:50दिन
बुध14:5015:42दिन
चंद्र15:4216:35दिन
शनि16:3517:28दिन
गुरु17:2818:35रात
मंगल18:3519:42रात
सूर्य19:4220:50रात
शुक्र20:5021:57रात
बुध21:5723:04रात
चंद्र23:0400:12रात
शनि00:1201:19रात
गुरु01:1902:26रात
मंगल02:2603:33रात
सूर्य03:3304:41रात
शुक्र04:4105:48रात
बुध05:4806:55रात

अयनांश 24.2067° (लाहिड़ी)। समय काठमांडू (Asia/Kathmandu) के स्थानीय हैं।

किसी अन्य शहर का चौघड़िया

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अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

चौघड़िया क्या है?

चौघड़िया समय देखने की एक वैदिक पद्धति है, जो गुजरात और राजस्थान में लोकप्रिय है। इसमें दिन और रात को आठ-आठ भागों में बाँटा जाता है। हर भाग का स्वामी एक ग्रह होता है और उसका नाम अमृत, शुभ, लाभ, चर, उद्वेग, काल या रोग होता है।

कौन-सा चौघड़िया सबसे अच्छा है?

अमृत, शुभ और लाभ नए काम की शुरुआत, दस्तावेज़ों पर हस्ताक्षर और खरीदारी के लिए शुभ माने जाते हैं। चर यात्रा के लिए अच्छा है। उद्वेग, काल और रोग में परंपरागत रूप से नई शुरुआत से बचा जाता है।

चौघड़िया का समय हर दिन अलग क्यों होता है?

ये अवधियाँ आपके स्थान पर वास्तविक दिन (सूर्योदय से सूर्यास्त) और रात (सूर्यास्त से अगले सूर्योदय) का आठवाँ भाग होती हैं, इसलिए साल भर सूर्योदय और सूर्यास्त के साथ बदलती रहती हैं।

क्या चौघड़िया और राहु काल एक ही हैं?

नहीं। राहु काल हर दिन एक अशुभ अवधि है। चौघड़िया दिन और रात की सभी सोलह अवधियों का मूल्यांकन करता है।