7 अप्रैल 2029 को कोल्हापुर का चौघड़िया

शनिवार, 7 अप्रैल 2029, कोल्हापुर, भारत। समय Asia/Kolkata में है।

शनिवार, 7 अप्रैल 2029 को कोल्हापुर में सूर्योदय के समय तिथि कृष्ण नवमी (14:20 तक), नक्षत्र उत्तराषाढ़ा (11:20 तक) और योग सिद्ध है। सूर्योदय 06:23 पर और सूर्यास्त 18:47 पर है। राहुकाल 09:29 से 11:02 तक है।

दिन और रात
दिन 06:23 – 18:47
रात 06:22 तक
तिथि
नवमी, 14:20 तक
दशमी
नक्षत्र
उत्तराषाढ़ा, 11:20 तक
श्रवण
चौघड़िया
काल
शुभ
रोग
उद्वेग
चर
लाभ
अमृत
काल
लाभ
उद्वेग
शुभ
अमृत
चर
रोग
काल
लाभ
राहुकाल, यमगंड और गुलिक
राहु
यम
गुलिक
अभिजीत और ब्रह्म मुहूर्त

7 अप्रैल 2029 का चौघड़िया

चौघड़िया दिन (सूर्योदय से सूर्यास्त) और रात (सूर्यास्त से अगले सूर्योदय) को आठ-आठ भागों में बांटता है। अमृत, शुभ और लाभ कार्य शुरू करने के लिए अच्छे हैं; चर यात्रा के लिए अच्छा है; उद्वेग, काल और रोग में नई शुरुआत से बचना बेहतर है।

दिन का चौघड़ियासमयफल
काल06:23 – 07:56टालें
शुभ07:56 – 09:29शुभ
रोग09:29 – 11:02टालें
उद्वेग11:02 – 12:35टालें
चर12:35 – 14:08सामान्य
लाभ14:08 – 15:41शुभ
अमृत15:41 – 17:14शुभ
काल17:14 – 18:47टालें
रात का चौघड़ियासमयफल
लाभ18:47 – 20:14शुभ
उद्वेग20:14 – 21:41टालें
शुभ21:41 – 23:07शुभ
अमृत23:07 – 00:34शुभ
चर00:34 – 02:01सामान्य
रोग02:01 – 03:28टालें
काल03:28 – 04:55टालें
लाभ04:55 – 06:22शुभ

7 अप्रैल 2029 का पंचांग

वारशनिवार
तिथि
कृष्ण नवमी 14:20 तक
कृष्ण दशमी 15:46, 8 अप्रैल तक
नक्षत्र
श्रवण 13:17, 8 अप्रैल तक
योग
सिद्ध 23:07 तक
साध्य 23:19, 8 अप्रैल तक
करण
गर 14:20 तक
वणिज 02:59, 8 अप्रैल तक
विष्टि (भद्रा) 15:46, 8 अप्रैल तक
चंद्र राशि
सूर्य राशिमीन
पक्षकृष्ण पक्ष

सूर्य और चंद्रमा

सूर्योदय
06:23
सूर्यास्त
18:47
चंद्रोदय
01:59
चंद्रास्त
13:37
दिनमान
12h 24m

हिंदू कैलेंडर

मास (अमांत)
अधिक चैत्र
मास (पूर्णिमांत)
अधिक चैत्र
विक्रम संवत
2086
शक संवत
1951, सौम्य संवत्सर
ऋतु
वसंत
अयन
उत्तरायण

शुभ समय

ब्रह्म मुहूर्त
04:50 – 05:37
अभिजीत मुहूर्त
12:10 – 13:00

अशुभ समय

राहुकाल
09:29 – 11:02
यमगंड
14:08 – 15:41
गुलिक काल
06:23 – 07:56

होरा (ग्रहों के घंटे)

हर होरा दिन या रात का बारहवां भाग होता है और उस पर एक ग्रह का शासन होता है; सूर्योदय पर पहला होरा वार के स्वामी का होता है। किसी ग्रह के होरा का उपयोग उसके कारक कार्यों के लिए करें — पढ़ाई के लिए गुरु, कला के लिए शुक्र, व्यापार के लिए बुध।

होरा स्वामीसेतकदिन / रात
शनि06:2307:25दिन
गुरु07:2508:27दिन
मंगल08:2709:29दिन
सूर्य09:2910:31दिन
शुक्र10:3111:33दिन
बुध11:3312:35दिन
चंद्र12:3513:37दिन
शनि13:3714:39दिन
गुरु14:3915:41दिन
मंगल15:4116:43दिन
सूर्य16:4317:45दिन
शुक्र17:4518:47दिन
बुध18:4719:45रात
चंद्र19:4520:43रात
शनि20:4321:41रात
गुरु21:4122:38रात
मंगल22:3823:36रात
सूर्य23:3600:34रात
शुक्र00:3401:32रात
बुध01:3202:30रात
चंद्र02:3003:28रात
शनि03:2804:26रात
गुरु04:2605:24रात
मंगल05:2406:22रात

अयनांश 24.2659° (लाहिड़ी)। समय कोल्हापुर (Asia/Kolkata) के स्थानीय हैं।

किसी अन्य शहर का चौघड़िया

सूची में से सबसे नज़दीकी शहर चुनें।

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

चौघड़िया क्या है?

चौघड़िया समय देखने की एक वैदिक पद्धति है, जो गुजरात और राजस्थान में लोकप्रिय है। इसमें दिन और रात को आठ-आठ भागों में बाँटा जाता है। हर भाग का स्वामी एक ग्रह होता है और उसका नाम अमृत, शुभ, लाभ, चर, उद्वेग, काल या रोग होता है।

कौन-सा चौघड़िया सबसे अच्छा है?

अमृत, शुभ और लाभ नए काम की शुरुआत, दस्तावेज़ों पर हस्ताक्षर और खरीदारी के लिए शुभ माने जाते हैं। चर यात्रा के लिए अच्छा है। उद्वेग, काल और रोग में परंपरागत रूप से नई शुरुआत से बचा जाता है।

चौघड़िया का समय हर दिन अलग क्यों होता है?

ये अवधियाँ आपके स्थान पर वास्तविक दिन (सूर्योदय से सूर्यास्त) और रात (सूर्यास्त से अगले सूर्योदय) का आठवाँ भाग होती हैं, इसलिए साल भर सूर्योदय और सूर्यास्त के साथ बदलती रहती हैं।

क्या चौघड़िया और राहु काल एक ही हैं?

नहीं। राहु काल हर दिन एक अशुभ अवधि है। चौघड़िया दिन और रात की सभी सोलह अवधियों का मूल्यांकन करता है।