28 जून 2029 को लखनऊ का चौघड़िया

गुरुवार, 28 जून 2029, लखनऊ, भारत। समय Asia/Kolkata में है।

गुरुवार, 28 जून 2029 को लखनऊ में सूर्योदय के समय तिथि कृष्ण द्वितीया (06:12 तक), नक्षत्र उत्तराषाढ़ा (12:46 तक) और योग वैधृति है। सूर्योदय 05:15 पर और सूर्यास्त 19:03 पर है। राहुकाल 13:53 से 15:36 तक है।

दिन और रात
दिन 05:15 – 19:03
रात 05:15 तक
तिथि
तृतीया
नक्षत्र
उत्तराषाढ़ा, 12:46 तक
श्रवण
चौघड़िया
शुभ
रोग
उद्वेग
चर
लाभ
अमृत
काल
शुभ
अमृत
चर
रोग
काल
लाभ
उद्वेग
शुभ
अमृत
राहुकाल, यमगंड और गुलिक
राहु
यम
गुलिक
अभिजीत और ब्रह्म मुहूर्त

28 जून 2029 का चौघड़िया

चौघड़िया दिन (सूर्योदय से सूर्यास्त) और रात (सूर्यास्त से अगले सूर्योदय) को आठ-आठ भागों में बांटता है। अमृत, शुभ और लाभ कार्य शुरू करने के लिए अच्छे हैं; चर यात्रा के लिए अच्छा है; उद्वेग, काल और रोग में नई शुरुआत से बचना बेहतर है।

दिन का चौघड़ियासमयफल
शुभ05:15 – 06:58शुभ
रोग06:58 – 08:42टालें
उद्वेग08:42 – 10:25टालें
चर10:25 – 12:09सामान्य
लाभ12:09 – 13:53शुभ
अमृत13:53 – 15:36शुभ
काल15:36 – 17:20टालें
शुभ17:20 – 19:03शुभ
रात का चौघड़ियासमयफल
अमृत19:03 – 20:20शुभ
चर20:20 – 21:36सामान्य
रोग21:36 – 22:53टालें
काल22:53 – 00:09टालें
लाभ00:09 – 01:26शुभ
उद्वेग01:26 – 02:42टालें
शुभ02:42 – 03:58शुभ
अमृत03:58 – 05:15शुभ

28 जून 2029 का पंचांग

वारगुरुवार
तिथि
कृष्ण द्वितीया 06:12 तक
कृष्ण तृतीया 05:46, 29 जून तक
नक्षत्र
श्रवण 13:15, 29 जून तक
योग
वैधृतिअशुभ 01:20, 29 जून तक
विष्कंभअशुभ 00:25, 30 जून तक
करण
गर 06:12 तक
वणिज 17:54 तक
विष्टि (भद्रा) 05:46, 29 जून तक
चंद्र राशि
सूर्य राशिमिथुन
पक्षकृष्ण पक्ष

सूर्य और चंद्रमा

सूर्योदय
05:15
सूर्यास्त
19:03
चंद्रोदय
20:51
चंद्रास्त
07:14
दिनमान
13h 49m

हिंदू कैलेंडर

मास (अमांत)
ज्येष्ठ
मास (पूर्णिमांत)
आषाढ़
विक्रम संवत
2086
शक संवत
1951, सौम्य संवत्सर
ऋतु
ग्रीष्म
अयन
उत्तरायण

शुभ समय

ब्रह्म मुहूर्त
03:53 – 04:34
अभिजीत मुहूर्त
11:41 – 12:37

अशुभ समय

राहुकाल
13:53 – 15:36
यमगंड
05:15 – 06:58
गुलिक काल
08:42 – 10:25

होरा (ग्रहों के घंटे)

हर होरा दिन या रात का बारहवां भाग होता है और उस पर एक ग्रह का शासन होता है; सूर्योदय पर पहला होरा वार के स्वामी का होता है। किसी ग्रह के होरा का उपयोग उसके कारक कार्यों के लिए करें — पढ़ाई के लिए गुरु, कला के लिए शुक्र, व्यापार के लिए बुध।

होरा स्वामीसेतकदिन / रात
गुरु05:1506:24दिन
मंगल06:2407:33दिन
सूर्य07:3308:42दिन
शुक्र08:4209:51दिन
बुध09:5111:00दिन
चंद्र11:0012:09दिन
शनि12:0913:18दिन
गुरु13:1814:27दिन
मंगल14:2715:36दिन
सूर्य15:3616:45दिन
शुक्र16:4517:54दिन
बुध17:5419:03दिन
चंद्र19:0319:54रात
शनि19:5420:45रात
गुरु20:4521:36रात
मंगल21:3622:27रात
सूर्य22:2723:18रात
शुक्र23:1800:09रात
बुध00:0901:00रात
चंद्र01:0001:51रात
शनि01:5102:42रात
गुरु02:4203:33रात
मंगल03:3304:24रात
सूर्य04:2405:15रात

अयनांश 24.2690° (लाहिड़ी)। समय लखनऊ (Asia/Kolkata) के स्थानीय हैं।

किसी अन्य शहर का चौघड़िया

सूची में से सबसे नज़दीकी शहर चुनें।

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

चौघड़िया क्या है?

चौघड़िया समय देखने की एक वैदिक पद्धति है, जो गुजरात और राजस्थान में लोकप्रिय है। इसमें दिन और रात को आठ-आठ भागों में बाँटा जाता है। हर भाग का स्वामी एक ग्रह होता है और उसका नाम अमृत, शुभ, लाभ, चर, उद्वेग, काल या रोग होता है।

कौन-सा चौघड़िया सबसे अच्छा है?

अमृत, शुभ और लाभ नए काम की शुरुआत, दस्तावेज़ों पर हस्ताक्षर और खरीदारी के लिए शुभ माने जाते हैं। चर यात्रा के लिए अच्छा है। उद्वेग, काल और रोग में परंपरागत रूप से नई शुरुआत से बचा जाता है।

चौघड़िया का समय हर दिन अलग क्यों होता है?

ये अवधियाँ आपके स्थान पर वास्तविक दिन (सूर्योदय से सूर्यास्त) और रात (सूर्यास्त से अगले सूर्योदय) का आठवाँ भाग होती हैं, इसलिए साल भर सूर्योदय और सूर्यास्त के साथ बदलती रहती हैं।

क्या चौघड़िया और राहु काल एक ही हैं?

नहीं। राहु काल हर दिन एक अशुभ अवधि है। चौघड़िया दिन और रात की सभी सोलह अवधियों का मूल्यांकन करता है।