29 नवंबर 2029 को लखनऊ का चौघड़िया

गुरुवार, 29 नवंबर 2029, लखनऊ, भारत। समय Asia/Kolkata में है।

गुरुवार, 29 नवंबर 2029 को लखनऊ में सूर्योदय के समय तिथि कृष्ण अष्टमी (16:40 तक), नक्षत्र पूर्वा फाल्गुनी (05:32, 30 नव॰ तक) और योग वैधृति है। सूर्योदय 06:36 पर और सूर्यास्त 17:12 पर है। राहुकाल 13:13 से 14:33 तक है।

दिन और रात
दिन 06:36 – 17:12
रात 06:37 तक
तिथि
अष्टमी, 16:40 तक
नवमी
नक्षत्र
पूर्वा फाल्गुनी, 05:32 तक
चौघड़िया
शुभ
रोग
उद्वेग
चर
लाभ
अमृत
काल
शुभ
अमृत
चर
रोग
काल
लाभ
उद्वेग
शुभ
अमृत
राहुकाल, यमगंड और गुलिक
राहु
यम
गुलिक
अभिजीत और ब्रह्म मुहूर्त

29 नवंबर 2029 का चौघड़िया

चौघड़िया दिन (सूर्योदय से सूर्यास्त) और रात (सूर्यास्त से अगले सूर्योदय) को आठ-आठ भागों में बांटता है। अमृत, शुभ और लाभ कार्य शुरू करने के लिए अच्छे हैं; चर यात्रा के लिए अच्छा है; उद्वेग, काल और रोग में नई शुरुआत से बचना बेहतर है।

दिन का चौघड़ियासमयफल
शुभ06:36 – 07:55शुभ
रोग07:55 – 09:15टालें
उद्वेग09:15 – 10:34टालें
चर10:34 – 11:54सामान्य
लाभ11:54 – 13:13शुभ
अमृत13:13 – 14:33शुभ
काल14:33 – 15:53टालें
शुभ15:53 – 17:12शुभ
रात का चौघड़ियासमयफल
अमृत17:12 – 18:53शुभ
चर18:53 – 20:33सामान्य
रोग20:33 – 22:14टालें
काल22:14 – 23:54टालें
लाभ23:54 – 01:35शुभ
उद्वेग01:35 – 03:15टालें
शुभ03:15 – 04:56शुभ
अमृत04:56 – 06:37शुभ

29 नवंबर 2029 का पंचांग

वारगुरुवार
तिथि
कृष्ण अष्टमी 16:40 तक
कृष्ण नवमी 14:58, 30 नव॰ तक
नक्षत्र
उत्तरा फाल्गुनी 04:10, 1 दिस॰ तक
योग
वैधृतिअशुभ 12:39 तक
विष्कंभअशुभ 10:09, 30 नव॰ तक
करण
कौलव 16:40 तक
तैतिल 03:54, 30 नव॰ तक
गर 14:58, 30 नव॰ तक
चंद्र राशि
सूर्य राशिवृश्चिक
पक्षकृष्ण पक्ष

सूर्य और चंद्रमा

सूर्योदय
06:36
सूर्यास्त
17:12
चंद्रोदय
इस दिन चंद्रोदय नहीं
चंद्रास्त
12:19
दिनमान
10h 36m

हिंदू कैलेंडर

मास (अमांत)
कार्तिक
मास (पूर्णिमांत)
मार्गशीर्ष
विक्रम संवत
2086
शक संवत
1951, सौम्य संवत्सर
ऋतु
शरद
अयन
दक्षिणायन

शुभ समय

ब्रह्म मुहूर्त
04:49 – 05:42
अभिजीत मुहूर्त
11:33 – 12:15

अशुभ समय

राहुकाल
13:13 – 14:33
यमगंड
06:36 – 07:55
गुलिक काल
09:15 – 10:34

होरा (ग्रहों के घंटे)

हर होरा दिन या रात का बारहवां भाग होता है और उस पर एक ग्रह का शासन होता है; सूर्योदय पर पहला होरा वार के स्वामी का होता है। किसी ग्रह के होरा का उपयोग उसके कारक कार्यों के लिए करें — पढ़ाई के लिए गुरु, कला के लिए शुक्र, व्यापार के लिए बुध।

होरा स्वामीसेतकदिन / रात
गुरु06:3607:29दिन
मंगल07:2908:22दिन
सूर्य08:2209:15दिन
शुक्र09:1510:08दिन
बुध10:0811:01दिन
चंद्र11:0111:54दिन
शनि11:5412:47दिन
गुरु12:4713:40दिन
मंगल13:4014:33दिन
सूर्य14:3315:26दिन
शुक्र15:2616:19दिन
बुध16:1917:12दिन
चंद्र17:1218:19रात
शनि18:1919:26रात
गुरु19:2620:33रात
मंगल20:3321:40रात
सूर्य21:4022:47रात
शुक्र22:4723:54रात
बुध23:5401:01रात
चंद्र01:0102:08रात
शनि02:0803:15रात
गुरु03:1504:22रात
मंगल04:2205:30रात
सूर्य05:3006:37रात

अयनांश 24.2749° (लाहिड़ी)। समय लखनऊ (Asia/Kolkata) के स्थानीय हैं।

किसी अन्य शहर का चौघड़िया

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अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

चौघड़िया क्या है?

चौघड़िया समय देखने की एक वैदिक पद्धति है, जो गुजरात और राजस्थान में लोकप्रिय है। इसमें दिन और रात को आठ-आठ भागों में बाँटा जाता है। हर भाग का स्वामी एक ग्रह होता है और उसका नाम अमृत, शुभ, लाभ, चर, उद्वेग, काल या रोग होता है।

कौन-सा चौघड़िया सबसे अच्छा है?

अमृत, शुभ और लाभ नए काम की शुरुआत, दस्तावेज़ों पर हस्ताक्षर और खरीदारी के लिए शुभ माने जाते हैं। चर यात्रा के लिए अच्छा है। उद्वेग, काल और रोग में परंपरागत रूप से नई शुरुआत से बचा जाता है।

चौघड़िया का समय हर दिन अलग क्यों होता है?

ये अवधियाँ आपके स्थान पर वास्तविक दिन (सूर्योदय से सूर्यास्त) और रात (सूर्यास्त से अगले सूर्योदय) का आठवाँ भाग होती हैं, इसलिए साल भर सूर्योदय और सूर्यास्त के साथ बदलती रहती हैं।

क्या चौघड़िया और राहु काल एक ही हैं?

नहीं। राहु काल हर दिन एक अशुभ अवधि है। चौघड़िया दिन और रात की सभी सोलह अवधियों का मूल्यांकन करता है।