18 नवंबर 2026 को नैरोबी का चौघड़िया

बुधवार, 18 नवंबर 2026, नैरोबी, Kenya। समय Africa/Nairobi में है।

बुधवार, 18 नवंबर 2026 को नैरोबी में सूर्योदय के समय तिथि शुक्ल नवमी (04:36, 19 नव॰ तक), नक्षत्र शतभिषा (03:40, 19 नव॰ तक) और योग व्याघात है। सूर्योदय 06:12 पर और सूर्यास्त 18:23 पर है। राहुकाल 12:17 से 13:49 तक है।

दिन और रात
दिन 06:12 – 18:23
रात 06:12 तक
तिथि
नवमी, 04:36 तक
दशमी
नक्षत्र
शतभिषा, 03:40 तक
पूर्वा भाद्रपद
चौघड़िया
लाभ
अमृत
काल
शुभ
रोग
उद्वेग
चर
लाभ
उद्वेग
शुभ
अमृत
चर
रोग
काल
लाभ
उद्वेग
राहुकाल, यमगंड और गुलिक
राहु
यम
गुलिक
अभिजीत और ब्रह्म मुहूर्त

18 नवंबर 2026 का चौघड़िया

चौघड़िया दिन (सूर्योदय से सूर्यास्त) और रात (सूर्यास्त से अगले सूर्योदय) को आठ-आठ भागों में बांटता है। अमृत, शुभ और लाभ कार्य शुरू करने के लिए अच्छे हैं; चर यात्रा के लिए अच्छा है; उद्वेग, काल और रोग में नई शुरुआत से बचना बेहतर है।

दिन का चौघड़ियासमयफल
लाभ06:12 – 07:43शुभ
अमृत07:43 – 09:15शुभ
काल09:15 – 10:46टालें
शुभ10:46 – 12:17शुभ
रोग12:17 – 13:49टालें
उद्वेग13:49 – 15:20टालें
चर15:20 – 16:51सामान्य
लाभ16:51 – 18:23शुभ
रात का चौघड़ियासमयफल
उद्वेग18:23 – 19:51टालें
शुभ19:51 – 21:20शुभ
अमृत21:20 – 22:49शुभ
चर22:49 – 00:17सामान्य
रोग00:17 – 01:46टालें
काल01:46 – 03:15टालें
लाभ03:15 – 04:44शुभ
उद्वेग04:44 – 06:12टालें

18 नवंबर 2026 का पंचांग

वारबुधवार
तिथि
शुक्ल नवमी 04:36, 19 नव॰ तक
शुक्ल दशमी 04:46, 20 नव॰ तक
नक्षत्र
शतभिषा 03:40, 19 नव॰ तक
पूर्वा भाद्रपद 04:26, 20 नव॰ तक
योग
व्याघातअशुभ 05:12, 19 नव॰ तक
हर्षण 04:10, 20 नव॰ तक
करण
बालव 16:12 तक
कौलव 04:36, 19 नव॰ तक
तैतिल 16:48, 19 नव॰ तक
चंद्र राशि
सूर्य राशिवृश्चिक
पक्षशुक्ल पक्ष

सूर्य और चंद्रमा

सूर्योदय
06:12
सूर्यास्त
18:23
चंद्रोदय
13:14
चंद्रास्त
00:54
दिनमान
12h 11m

हिंदू कैलेंडर

मास (अमांत)
कार्तिक
मास (पूर्णिमांत)
कार्तिक
विक्रम संवत
2083
शक संवत
1948, पराभव संवत्सर
ऋतु
शरद
अयन
दक्षिणायन

शुभ समय

ब्रह्म मुहूर्त
04:37 – 05:25
अभिजीत मुहूर्त
11:53 – 12:42 (बुधवार को पारंपरिक रूप से वर्जित)

अशुभ समय

राहुकाल
12:17 – 13:49
यमगंड
07:43 – 09:15
गुलिक काल
10:46 – 12:17

होरा (ग्रहों के घंटे)

हर होरा दिन या रात का बारहवां भाग होता है और उस पर एक ग्रह का शासन होता है; सूर्योदय पर पहला होरा वार के स्वामी का होता है। किसी ग्रह के होरा का उपयोग उसके कारक कार्यों के लिए करें — पढ़ाई के लिए गुरु, कला के लिए शुक्र, व्यापार के लिए बुध।

होरा स्वामीसेतकदिन / रात
बुध06:1207:13दिन
चंद्र07:1308:14दिन
शनि08:1409:15दिन
गुरु09:1510:16दिन
मंगल10:1611:16दिन
सूर्य11:1612:17दिन
शुक्र12:1713:18दिन
बुध13:1814:19दिन
चंद्र14:1915:20दिन
शनि15:2016:21दिन
गुरु16:2117:22दिन
मंगल17:2218:23दिन
सूर्य18:2319:22रात
शुक्र19:2220:21रात
बुध20:2121:20रात
चंद्र21:2022:19रात
शनि22:1923:18रात
गुरु23:1800:17रात
मंगल00:1701:17रात
सूर्य01:1702:16रात
शुक्र02:1603:15रात
बुध03:1504:14रात
चंद्र04:1405:13रात
शनि05:1306:12रात

अयनांश 24.2325° (लाहिड़ी)। समय नैरोबी (Africa/Nairobi) के स्थानीय हैं।

किसी अन्य शहर का चौघड़िया

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अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

चौघड़िया क्या है?

चौघड़िया समय देखने की एक वैदिक पद्धति है, जो गुजरात और राजस्थान में लोकप्रिय है। इसमें दिन और रात को आठ-आठ भागों में बाँटा जाता है। हर भाग का स्वामी एक ग्रह होता है और उसका नाम अमृत, शुभ, लाभ, चर, उद्वेग, काल या रोग होता है।

कौन-सा चौघड़िया सबसे अच्छा है?

अमृत, शुभ और लाभ नए काम की शुरुआत, दस्तावेज़ों पर हस्ताक्षर और खरीदारी के लिए शुभ माने जाते हैं। चर यात्रा के लिए अच्छा है। उद्वेग, काल और रोग में परंपरागत रूप से नई शुरुआत से बचा जाता है।

चौघड़िया का समय हर दिन अलग क्यों होता है?

ये अवधियाँ आपके स्थान पर वास्तविक दिन (सूर्योदय से सूर्यास्त) और रात (सूर्यास्त से अगले सूर्योदय) का आठवाँ भाग होती हैं, इसलिए साल भर सूर्योदय और सूर्यास्त के साथ बदलती रहती हैं।

क्या चौघड़िया और राहु काल एक ही हैं?

नहीं। राहु काल हर दिन एक अशुभ अवधि है। चौघड़िया दिन और रात की सभी सोलह अवधियों का मूल्यांकन करता है।