4 जनवरी 2029 को पर्थ का चौघड़िया

गुरुवार, 4 जनवरी 2029, पर्थ, ऑस्ट्रेलिया। समय Australia/Perth में है।

गुरुवार, 4 जनवरी 2029 को पर्थ में सूर्योदय के समय तिथि कृष्ण चतुर्थी (17:19 तक), नक्षत्र मघा (02:13, 5 जन॰ तक) और योग प्रीति है। सूर्योदय 05:16 पर और सूर्यास्त 19:26 पर है। राहुकाल 14:07 से 15:53 तक है।

दिन और रात
दिन 05:16 – 19:26
रात 05:17 तक
तिथि
चतुर्थी, 17:19 तक
पंचमी
नक्षत्र
मघा, 02:13 तक
पूर्वा फाल्गुनी
चौघड़िया
शुभ
रोग
उद्वेग
चर
लाभ
अमृत
काल
शुभ
अमृत
चर
रोग
काल
लाभ
उद्वेग
शुभ
अमृत
राहुकाल, यमगंड और गुलिक
राहु
यम
गुलिक
अभिजीत और ब्रह्म मुहूर्त

4 जनवरी 2029 का चौघड़िया

चौघड़िया दिन (सूर्योदय से सूर्यास्त) और रात (सूर्यास्त से अगले सूर्योदय) को आठ-आठ भागों में बांटता है। अमृत, शुभ और लाभ कार्य शुरू करने के लिए अच्छे हैं; चर यात्रा के लिए अच्छा है; उद्वेग, काल और रोग में नई शुरुआत से बचना बेहतर है।

दिन का चौघड़ियासमयफल
शुभ05:16 – 07:02शुभ
रोग07:02 – 08:48टालें
उद्वेग08:48 – 10:35टालें
चर10:35 – 12:21सामान्य
लाभ12:21 – 14:07शुभ
अमृत14:07 – 15:53शुभ
काल15:53 – 17:40टालें
शुभ17:40 – 19:26शुभ
रात का चौघड़ियासमयफल
अमृत19:26 – 20:40शुभ
चर20:40 – 21:54सामान्य
रोग21:54 – 23:07टालें
काल23:07 – 00:21टालें
लाभ00:21 – 01:35शुभ
उद्वेग01:35 – 02:49टालें
शुभ02:49 – 04:03शुभ
अमृत04:03 – 05:17शुभ

4 जनवरी 2029 का पंचांग

वारगुरुवार
तिथि
कृष्ण चतुर्थी 17:19 तक
कृष्ण पंचमी 15:01, 5 जन॰ तक
नक्षत्र
मघा 02:13, 5 जन॰ तक
योग
प्रीति 15:07 तक
आयुष्मान 12:01, 5 जन॰ तक
करण
बव 06:27 तक
बालव 17:19 तक
कौलव 04:10, 5 जन॰ तक
तैतिल 15:01, 5 जन॰ तक
चंद्र राशि
सूर्य राशिधनु
पक्षकृष्ण पक्ष

सूर्य और चंद्रमा

सूर्योदय
05:16
सूर्यास्त
19:26
चंद्रोदय
21:55
चंद्रास्त
08:50
दिनमान
14h 10m

हिंदू कैलेंडर

मास (अमांत)
पौष
मास (पूर्णिमांत)
माघ
विक्रम संवत
2085
शक संवत
1950, कीलक संवत्सर
ऋतु
हेमंत
अयन
दक्षिणायन

शुभ समय

ब्रह्म मुहूर्त
03:57 – 04:37
अभिजीत मुहूर्त
11:53 – 12:49

अशुभ समय

राहुकाल
14:07 – 15:53
यमगंड
05:16 – 07:02
गुलिक काल
08:48 – 10:35

होरा (ग्रहों के घंटे)

हर होरा दिन या रात का बारहवां भाग होता है और उस पर एक ग्रह का शासन होता है; सूर्योदय पर पहला होरा वार के स्वामी का होता है। किसी ग्रह के होरा का उपयोग उसके कारक कार्यों के लिए करें — पढ़ाई के लिए गुरु, कला के लिए शुक्र, व्यापार के लिए बुध।

होरा स्वामीसेतकदिन / रात
गुरु05:1606:27दिन
मंगल06:2707:38दिन
सूर्य07:3808:48दिन
शुक्र08:4809:59दिन
बुध09:5911:10दिन
चंद्र11:1012:21दिन
शनि12:2113:32दिन
गुरु13:3214:43दिन
मंगल14:4315:53दिन
सूर्य15:5317:04दिन
शुक्र17:0418:15दिन
बुध18:1519:26दिन
चंद्र19:2620:15रात
शनि20:1521:04रात
गुरु21:0421:54रात
मंगल21:5422:43रात
सूर्य22:4323:32रात
शुक्र23:3200:21रात
बुध00:2101:11रात
चंद्र01:1102:00रात
शनि02:0002:49रात
गुरु02:4903:38रात
मंगल03:3804:27रात
सूर्य04:2705:17रात

अयनांश 24.2623° (लाहिड़ी)। समय पर्थ (Australia/Perth) के स्थानीय हैं।

किसी अन्य शहर का चौघड़िया

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अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

चौघड़िया क्या है?

चौघड़िया समय देखने की एक वैदिक पद्धति है, जो गुजरात और राजस्थान में लोकप्रिय है। इसमें दिन और रात को आठ-आठ भागों में बाँटा जाता है। हर भाग का स्वामी एक ग्रह होता है और उसका नाम अमृत, शुभ, लाभ, चर, उद्वेग, काल या रोग होता है।

कौन-सा चौघड़िया सबसे अच्छा है?

अमृत, शुभ और लाभ नए काम की शुरुआत, दस्तावेज़ों पर हस्ताक्षर और खरीदारी के लिए शुभ माने जाते हैं। चर यात्रा के लिए अच्छा है। उद्वेग, काल और रोग में परंपरागत रूप से नई शुरुआत से बचा जाता है।

चौघड़िया का समय हर दिन अलग क्यों होता है?

ये अवधियाँ आपके स्थान पर वास्तविक दिन (सूर्योदय से सूर्यास्त) और रात (सूर्यास्त से अगले सूर्योदय) का आठवाँ भाग होती हैं, इसलिए साल भर सूर्योदय और सूर्यास्त के साथ बदलती रहती हैं।

क्या चौघड़िया और राहु काल एक ही हैं?

नहीं। राहु काल हर दिन एक अशुभ अवधि है। चौघड़िया दिन और रात की सभी सोलह अवधियों का मूल्यांकन करता है।