18 नवंबर 2029 को पर्थ का चौघड़िया

रविवार, 18 नवंबर 2029, पर्थ, ऑस्ट्रेलिया। समय Australia/Perth में है।

रविवार, 18 नवंबर 2029 को पर्थ में सूर्योदय के समय तिथि शुक्ल त्रयोदशी (06:57, 19 नव॰ तक), नक्षत्र रेवती (13:30 तक) और योग सिद्धि है। सूर्योदय 05:07 पर और सूर्यास्त 18:56 पर है। राहुकाल 17:12 से 18:56 तक है।

दिन और रात
दिन 05:07 – 18:56
रात 05:06 तक
तिथि
त्रयोदशी
नक्षत्र
रेवती, 13:30 तक
अश्विनी
चौघड़िया
उद्वेग
चर
लाभ
अमृत
काल
शुभ
रोग
उद्वेग
शुभ
अमृत
चर
रोग
काल
लाभ
उद्वेग
शुभ
राहुकाल, यमगंड और गुलिक
राहु
यम
गुलिक
अभिजीत और ब्रह्म मुहूर्त

18 नवंबर 2029 का चौघड़िया

चौघड़िया दिन (सूर्योदय से सूर्यास्त) और रात (सूर्यास्त से अगले सूर्योदय) को आठ-आठ भागों में बांटता है। अमृत, शुभ और लाभ कार्य शुरू करने के लिए अच्छे हैं; चर यात्रा के लिए अच्छा है; उद्वेग, काल और रोग में नई शुरुआत से बचना बेहतर है।

दिन का चौघड़ियासमयफल
उद्वेग05:07 – 06:50टालें
चर06:50 – 08:34सामान्य
लाभ08:34 – 10:18शुभ
अमृत10:18 – 12:01शुभ
काल12:01 – 13:45टालें
शुभ13:45 – 15:29शुभ
रोग15:29 – 17:12टालें
उद्वेग17:12 – 18:56टालें
रात का चौघड़ियासमयफल
शुभ18:56 – 20:12शुभ
अमृत20:12 – 21:29शुभ
चर21:29 – 22:45सामान्य
रोग22:45 – 00:01टालें
काल00:01 – 01:17टालें
लाभ01:17 – 02:34शुभ
उद्वेग02:34 – 03:50टालें
शुभ03:50 – 05:06शुभ

18 नवंबर 2029 का पंचांग

वाररविवार
तिथि
शुक्ल त्रयोदशी 06:57, 19 नव॰ तक
नक्षत्र
रेवती 13:30 तक
अश्विनी 16:31, 19 नव॰ तक
योग
सिद्धि 16:12 तक
व्यतीपातअशुभ 17:07, 19 नव॰ तक
करण
कौलव 17:40 तक
तैतिल 06:57, 19 नव॰ तक
चंद्र राशि
मीन 13:30 तक
सूर्य राशिवृश्चिक
पक्षशुक्ल पक्ष

सूर्य और चंद्रमा

सूर्योदय
05:07
सूर्यास्त
18:56
चंद्रोदय
16:31
चंद्रास्त
03:00
दिनमान
13h 49m

हिंदू कैलेंडर

मास (अमांत)
कार्तिक
मास (पूर्णिमांत)
कार्तिक
विक्रम संवत
2086
शक संवत
1951, सौम्य संवत्सर
ऋतु
शरद
अयन
दक्षिणायन

शुभ समय

ब्रह्म मुहूर्त
03:45 – 04:26
अभिजीत मुहूर्त
11:34 – 12:29

अशुभ समय

राहुकाल
17:12 – 18:56
यमगंड
12:01 – 13:45
गुलिक काल
15:29 – 17:12

होरा (ग्रहों के घंटे)

हर होरा दिन या रात का बारहवां भाग होता है और उस पर एक ग्रह का शासन होता है; सूर्योदय पर पहला होरा वार के स्वामी का होता है। किसी ग्रह के होरा का उपयोग उसके कारक कार्यों के लिए करें — पढ़ाई के लिए गुरु, कला के लिए शुक्र, व्यापार के लिए बुध।

होरा स्वामीसेतकदिन / रात
सूर्य05:0706:16दिन
शुक्र06:1607:25दिन
बुध07:2508:34दिन
चंद्र08:3409:43दिन
शनि09:4310:52दिन
गुरु10:5212:01दिन
मंगल12:0113:11दिन
सूर्य13:1114:20दिन
शुक्र14:2015:29दिन
बुध15:2916:38दिन
चंद्र16:3817:47दिन
शनि17:4718:56दिन
गुरु18:5619:47रात
मंगल19:4720:38रात
सूर्य20:3821:29रात
शुक्र21:2922:19रात
बुध22:1923:10रात
चंद्र23:1000:01रात
शनि00:0100:52रात
गुरु00:5201:43रात
मंगल01:4302:34रात
सूर्य02:3403:25रात
शुक्र03:2504:15रात
बुध04:1505:06रात

अयनांश 24.2745° (लाहिड़ी)। समय पर्थ (Australia/Perth) के स्थानीय हैं।

किसी अन्य शहर का चौघड़िया

सूची में से सबसे नज़दीकी शहर चुनें।

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

चौघड़िया क्या है?

चौघड़िया समय देखने की एक वैदिक पद्धति है, जो गुजरात और राजस्थान में लोकप्रिय है। इसमें दिन और रात को आठ-आठ भागों में बाँटा जाता है। हर भाग का स्वामी एक ग्रह होता है और उसका नाम अमृत, शुभ, लाभ, चर, उद्वेग, काल या रोग होता है।

कौन-सा चौघड़िया सबसे अच्छा है?

अमृत, शुभ और लाभ नए काम की शुरुआत, दस्तावेज़ों पर हस्ताक्षर और खरीदारी के लिए शुभ माने जाते हैं। चर यात्रा के लिए अच्छा है। उद्वेग, काल और रोग में परंपरागत रूप से नई शुरुआत से बचा जाता है।

चौघड़िया का समय हर दिन अलग क्यों होता है?

ये अवधियाँ आपके स्थान पर वास्तविक दिन (सूर्योदय से सूर्यास्त) और रात (सूर्यास्त से अगले सूर्योदय) का आठवाँ भाग होती हैं, इसलिए साल भर सूर्योदय और सूर्यास्त के साथ बदलती रहती हैं।

क्या चौघड़िया और राहु काल एक ही हैं?

नहीं। राहु काल हर दिन एक अशुभ अवधि है। चौघड़िया दिन और रात की सभी सोलह अवधियों का मूल्यांकन करता है।