8 जनवरी 2027 को पुष्कर का चौघड़िया

शुक्रवार, 8 जनवरी 2027, पुष्कर, भारत। समय Asia/Kolkata में है।

शुक्रवार, 8 जनवरी 2027 को पुष्कर में सूर्योदय के समय तिथि शुक्ल प्रतिपदा (04:34, 9 जन॰ तक), नक्षत्र पूर्वाषाढ़ा (09:13 तक) और योग व्याघात है। सूर्योदय 07:21 पर और सूर्यास्त 17:55 पर है। राहुकाल 11:19 से 12:38 तक है।

दिन और रात
दिन 07:21 – 17:55
रात 07:21 तक
तिथि
प्रतिपदा, 04:34 तक
द्वितीया
नक्षत्र
उत्तराषाढ़ा
चौघड़िया
चर
लाभ
अमृत
काल
शुभ
रोग
उद्वेग
चर
रोग
काल
लाभ
उद्वेग
शुभ
अमृत
चर
रोग
राहुकाल, यमगंड और गुलिक
राहु
यम
गुलिक
अभिजीत और ब्रह्म मुहूर्त

8 जनवरी 2027 का चौघड़िया

चौघड़िया दिन (सूर्योदय से सूर्यास्त) और रात (सूर्यास्त से अगले सूर्योदय) को आठ-आठ भागों में बांटता है। अमृत, शुभ और लाभ कार्य शुरू करने के लिए अच्छे हैं; चर यात्रा के लिए अच्छा है; उद्वेग, काल और रोग में नई शुरुआत से बचना बेहतर है।

दिन का चौघड़ियासमयफल
चर07:21 – 08:40सामान्य
लाभ08:40 – 09:59शुभ
अमृत09:59 – 11:19शुभ
काल11:19 – 12:38टालें
शुभ12:38 – 13:57शुभ
रोग13:57 – 15:16टालें
उद्वेग15:16 – 16:36टालें
चर16:36 – 17:55सामान्य
रात का चौघड़ियासमयफल
रोग17:55 – 19:36टालें
काल19:36 – 21:16टालें
लाभ21:16 – 22:57शुभ
उद्वेग22:57 – 00:38टालें
शुभ00:38 – 02:19शुभ
अमृत02:19 – 03:59शुभ
चर03:59 – 05:40सामान्य
रोग05:40 – 07:21टालें

8 जनवरी 2027 का पंचांग

वारशुक्रवार
तिथि
शुक्ल प्रतिपदा 04:34, 9 जन॰ तक
शुक्ल द्वितीया 07:07, 10 जन॰ तक
नक्षत्र
उत्तराषाढ़ा 12:16, 9 जन॰ तक
योग
व्याघातअशुभ 15:22 तक
हर्षण 16:15, 9 जन॰ तक
करण
किंस्तुघ्न 15:14 तक
बव 04:34, 9 जन॰ तक
बालव 17:52, 9 जन॰ तक
चंद्र राशि
धनु 15:59 तक
सूर्य राशिधनु
पक्षशुक्ल पक्ष

सूर्य और चंद्रमा

सूर्योदय
07:21
सूर्यास्त
17:55
चंद्रोदय
07:44
चंद्रास्त
18:21
दिनमान
10h 34m

हिंदू कैलेंडर

मास (अमांत)
पौष
मास (पूर्णिमांत)
पौष
विक्रम संवत
2083
शक संवत
1948, पराभव संवत्सर
ऋतु
हेमंत
अयन
दक्षिणायन

शुभ समय

ब्रह्म मुहूर्त
05:33 – 06:27
अभिजीत मुहूर्त
12:17 – 12:59

अशुभ समय

राहुकाल
11:19 – 12:38
यमगंड
15:16 – 16:36
गुलिक काल
08:40 – 09:59

होरा (ग्रहों के घंटे)

हर होरा दिन या रात का बारहवां भाग होता है और उस पर एक ग्रह का शासन होता है; सूर्योदय पर पहला होरा वार के स्वामी का होता है। किसी ग्रह के होरा का उपयोग उसके कारक कार्यों के लिए करें — पढ़ाई के लिए गुरु, कला के लिए शुक्र, व्यापार के लिए बुध।

होरा स्वामीसेतकदिन / रात
शुक्र07:2108:14दिन
बुध08:1409:06दिन
चंद्र09:0609:59दिन
शनि09:5910:52दिन
गुरु10:5211:45दिन
मंगल11:4512:38दिन
सूर्य12:3813:31दिन
शुक्र13:3114:24दिन
बुध14:2415:16दिन
चंद्र15:1616:09दिन
शनि16:0917:02दिन
गुरु17:0217:55दिन
मंगल17:5519:02रात
सूर्य19:0220:09रात
शुक्र20:0921:16रात
बुध21:1622:24रात
चंद्र22:2423:31रात
शनि23:3100:38रात
गुरु00:3801:45रात
मंगल01:4502:52रात
सूर्य02:5203:59रात
शुक्र03:5905:07रात
बुध05:0706:14रात
चंद्र06:1407:21रात

अयनांश 24.2345° (लाहिड़ी)। समय पुष्कर (Asia/Kolkata) के स्थानीय हैं।

किसी अन्य शहर का चौघड़िया

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अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

चौघड़िया क्या है?

चौघड़िया समय देखने की एक वैदिक पद्धति है, जो गुजरात और राजस्थान में लोकप्रिय है। इसमें दिन और रात को आठ-आठ भागों में बाँटा जाता है। हर भाग का स्वामी एक ग्रह होता है और उसका नाम अमृत, शुभ, लाभ, चर, उद्वेग, काल या रोग होता है।

कौन-सा चौघड़िया सबसे अच्छा है?

अमृत, शुभ और लाभ नए काम की शुरुआत, दस्तावेज़ों पर हस्ताक्षर और खरीदारी के लिए शुभ माने जाते हैं। चर यात्रा के लिए अच्छा है। उद्वेग, काल और रोग में परंपरागत रूप से नई शुरुआत से बचा जाता है।

चौघड़िया का समय हर दिन अलग क्यों होता है?

ये अवधियाँ आपके स्थान पर वास्तविक दिन (सूर्योदय से सूर्यास्त) और रात (सूर्यास्त से अगले सूर्योदय) का आठवाँ भाग होती हैं, इसलिए साल भर सूर्योदय और सूर्यास्त के साथ बदलती रहती हैं।

क्या चौघड़िया और राहु काल एक ही हैं?

नहीं। राहु काल हर दिन एक अशुभ अवधि है। चौघड़िया दिन और रात की सभी सोलह अवधियों का मूल्यांकन करता है।