16 मार्च 2029 को ऋषिकेश का चौघड़िया

शुक्रवार, 16 मार्च 2029, ऋषिकेश, भारत। समय Asia/Kolkata में है।

शुक्रवार, 16 मार्च 2029 को ऋषिकेश में सूर्योदय के समय तिथि शुक्ल प्रतिपदा (12:13 तक), नक्षत्र उत्तरा भाद्रपद (18:14 तक) और योग शुक्ल है। सूर्योदय 06:25 पर और सूर्यास्त 18:25 पर है। राहुकाल 10:55 से 12:25 तक है।

दिन और रात
दिन 06:25 – 18:25
रात 06:24 तक
तिथि
प्रतिपदा, 12:13 तक
द्वितीया
नक्षत्र
उत्तरा भाद्रपद, 18:14 तक
रेवती
चौघड़िया
चर
लाभ
अमृत
काल
शुभ
रोग
उद्वेग
चर
रोग
काल
लाभ
उद्वेग
शुभ
अमृत
चर
रोग
राहुकाल, यमगंड और गुलिक
राहु
यम
गुलिक
अभिजीत और ब्रह्म मुहूर्त

16 मार्च 2029 का चौघड़िया

चौघड़िया दिन (सूर्योदय से सूर्यास्त) और रात (सूर्यास्त से अगले सूर्योदय) को आठ-आठ भागों में बांटता है। अमृत, शुभ और लाभ कार्य शुरू करने के लिए अच्छे हैं; चर यात्रा के लिए अच्छा है; उद्वेग, काल और रोग में नई शुरुआत से बचना बेहतर है।

दिन का चौघड़ियासमयफल
चर06:25 – 07:55सामान्य
लाभ07:55 – 09:25शुभ
अमृत09:25 – 10:55शुभ
काल10:55 – 12:25टालें
शुभ12:25 – 13:55शुभ
रोग13:55 – 15:25टालें
उद्वेग15:25 – 16:55टालें
चर16:55 – 18:25सामान्य
रात का चौघड़ियासमयफल
रोग18:25 – 19:55टालें
काल19:55 – 21:25टालें
लाभ21:25 – 22:55शुभ
उद्वेग22:55 – 00:25टालें
शुभ00:25 – 01:54शुभ
अमृत01:54 – 03:24शुभ
चर03:24 – 04:54सामान्य
रोग04:54 – 06:24टालें

16 मार्च 2029 का पंचांग

वारशुक्रवार
तिथि
शुक्ल प्रतिपदा 12:13 तक
शुक्ल द्वितीया 14:43, 17 मार्च तक
नक्षत्र
रेवती 21:13, 17 मार्च तक
योग
शुक्ल 20:49 तक
ब्रह्म 21:43, 17 मार्च तक
करण
बव 12:13 तक
बालव 01:28, 17 मार्च तक
कौलव 14:43, 17 मार्च तक
चंद्र राशि
सूर्य राशिमीन
पक्षशुक्ल पक्ष

सूर्य और चंद्रमा

सूर्योदय
06:25
सूर्यास्त
18:25
चंद्रोदय
06:37
चंद्रास्त
19:34
दिनमान
12h 0m

हिंदू कैलेंडर

मास (अमांत)
अधिक चैत्र
मास (पूर्णिमांत)
अधिक चैत्र
विक्रम संवत
2086
शक संवत
1951, सौम्य संवत्सर
ऋतु
वसंत
अयन
उत्तरायण

शुभ समय

ब्रह्म मुहूर्त
04:49 – 05:37
अभिजीत मुहूर्त
12:01 – 12:49

अशुभ समय

राहुकाल
10:55 – 12:25
यमगंड
15:25 – 16:55
गुलिक काल
07:55 – 09:25

होरा (ग्रहों के घंटे)

हर होरा दिन या रात का बारहवां भाग होता है और उस पर एक ग्रह का शासन होता है; सूर्योदय पर पहला होरा वार के स्वामी का होता है। किसी ग्रह के होरा का उपयोग उसके कारक कार्यों के लिए करें — पढ़ाई के लिए गुरु, कला के लिए शुक्र, व्यापार के लिए बुध।

होरा स्वामीसेतकदिन / रात
शुक्र06:2507:25दिन
बुध07:2508:25दिन
चंद्र08:2509:25दिन
शनि09:2510:25दिन
गुरु10:2511:25दिन
मंगल11:2512:25दिन
सूर्य12:2513:25दिन
शुक्र13:2514:25दिन
बुध14:2515:25दिन
चंद्र15:2516:25दिन
शनि16:2517:25दिन
गुरु17:2518:25दिन
मंगल18:2519:25रात
सूर्य19:2520:25रात
शुक्र20:2521:25रात
बुध21:2522:25रात
चंद्र22:2523:25रात
शनि23:2500:25रात
गुरु00:2501:24रात
मंगल01:2402:24रात
सूर्य02:2403:24रात
शुक्र03:2404:24रात
बुध04:2405:24रात
चंद्र05:2406:24रात

अयनांश 24.2650° (लाहिड़ी)। समय ऋषिकेश (Asia/Kolkata) के स्थानीय हैं।

किसी अन्य शहर का चौघड़िया

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अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

चौघड़िया क्या है?

चौघड़िया समय देखने की एक वैदिक पद्धति है, जो गुजरात और राजस्थान में लोकप्रिय है। इसमें दिन और रात को आठ-आठ भागों में बाँटा जाता है। हर भाग का स्वामी एक ग्रह होता है और उसका नाम अमृत, शुभ, लाभ, चर, उद्वेग, काल या रोग होता है।

कौन-सा चौघड़िया सबसे अच्छा है?

अमृत, शुभ और लाभ नए काम की शुरुआत, दस्तावेज़ों पर हस्ताक्षर और खरीदारी के लिए शुभ माने जाते हैं। चर यात्रा के लिए अच्छा है। उद्वेग, काल और रोग में परंपरागत रूप से नई शुरुआत से बचा जाता है।

चौघड़िया का समय हर दिन अलग क्यों होता है?

ये अवधियाँ आपके स्थान पर वास्तविक दिन (सूर्योदय से सूर्यास्त) और रात (सूर्यास्त से अगले सूर्योदय) का आठवाँ भाग होती हैं, इसलिए साल भर सूर्योदय और सूर्यास्त के साथ बदलती रहती हैं।

क्या चौघड़िया और राहु काल एक ही हैं?

नहीं। राहु काल हर दिन एक अशुभ अवधि है। चौघड़िया दिन और रात की सभी सोलह अवधियों का मूल्यांकन करता है।