4 जनवरी 2025 को रियाद का चौघड़िया

शनिवार, 4 जनवरी 2025, रियाद, Saudi Arabia। समय Asia/Riyadh में है।

शनिवार, 4 जनवरी 2025 को रियाद में सूर्योदय के समय तिथि शुक्ल पंचमी (19:31 तक), नक्षत्र शतभिषा (18:53 तक) और योग सिद्धि है। सूर्योदय 06:38 पर और सूर्यास्त 17:18 पर है। राहुकाल 09:18 से 10:38 तक है।

दिन और रात
दिन 06:38 – 17:18
रात 06:38 तक
तिथि
पंचमी, 19:31 तक
षष्ठी
नक्षत्र
शतभिषा, 18:53 तक
पूर्वा भाद्रपद
चौघड़िया
काल
शुभ
रोग
उद्वेग
चर
लाभ
अमृत
काल
लाभ
उद्वेग
शुभ
अमृत
चर
रोग
काल
लाभ
राहुकाल, यमगंड और गुलिक
राहु
यम
गुलिक
अभिजीत और ब्रह्म मुहूर्त

4 जनवरी 2025 का चौघड़िया

चौघड़िया दिन (सूर्योदय से सूर्यास्त) और रात (सूर्यास्त से अगले सूर्योदय) को आठ-आठ भागों में बांटता है। अमृत, शुभ और लाभ कार्य शुरू करने के लिए अच्छे हैं; चर यात्रा के लिए अच्छा है; उद्वेग, काल और रोग में नई शुरुआत से बचना बेहतर है।

दिन का चौघड़ियासमयफल
काल06:38 – 07:58टालें
शुभ07:58 – 09:18शुभ
रोग09:18 – 10:38टालें
उद्वेग10:38 – 11:58टालें
चर11:58 – 13:18सामान्य
लाभ13:18 – 14:38शुभ
अमृत14:38 – 15:58शुभ
काल15:58 – 17:18टालें
रात का चौघड़ियासमयफल
लाभ17:18 – 18:58शुभ
उद्वेग18:58 – 20:38टालें
शुभ20:38 – 22:18शुभ
अमृत22:18 – 23:58शुभ
चर23:58 – 01:38सामान्य
रोग01:38 – 03:18टालें
काल03:18 – 04:58टालें
लाभ04:58 – 06:38शुभ

4 जनवरी 2025 का पंचांग

वारशनिवार
तिथि
शुक्ल पंचमी 19:31 तक
शुक्ल षष्ठी 17:45, 5 जन॰ तक
नक्षत्र
शतभिषा 18:53 तक
योग
सिद्धि 07:38 तक
व्यतीपातअशुभ 05:02, 5 जन॰ तक
वरीयान 02:20, 6 जन॰ तक
करण
बव 08:21 तक
बालव 19:31 तक
कौलव 06:39, 5 जन॰ तक
चंद्र राशि
सूर्य राशिधनु
पक्षशुक्ल पक्ष

सूर्य और चंद्रमा

सूर्योदय
06:38
सूर्यास्त
17:18
चंद्रोदय
10:00
चंद्रास्त
21:51
दिनमान
10h 40m

हिंदू कैलेंडर

मास (अमांत)
पौष
मास (पूर्णिमांत)
पौष
विक्रम संवत
2081
शक संवत
1946, क्रोधी संवत्सर
ऋतु
हेमंत
अयन
दक्षिणायन

शुभ समय

ब्रह्म मुहूर्त
04:51 – 05:44
अभिजीत मुहूर्त
11:36 – 12:19

अशुभ समय

राहुकाल
09:18 – 10:38
यमगंड
13:18 – 14:38
गुलिक काल
06:38 – 07:58

होरा (ग्रहों के घंटे)

हर होरा दिन या रात का बारहवां भाग होता है और उस पर एक ग्रह का शासन होता है; सूर्योदय पर पहला होरा वार के स्वामी का होता है। किसी ग्रह के होरा का उपयोग उसके कारक कार्यों के लिए करें — पढ़ाई के लिए गुरु, कला के लिए शुक्र, व्यापार के लिए बुध।

होरा स्वामीसेतकदिन / रात
शनि06:3807:31दिन
गुरु07:3108:24दिन
मंगल08:2409:18दिन
सूर्य09:1810:11दिन
शुक्र10:1111:04दिन
बुध11:0411:58दिन
चंद्र11:5812:51दिन
शनि12:5113:44दिन
गुरु13:4414:38दिन
मंगल14:3815:31दिन
सूर्य15:3116:24दिन
शुक्र16:2417:18दिन
बुध17:1818:24रात
चंद्र18:2419:31रात
शनि19:3120:38रात
गुरु20:3821:44रात
मंगल21:4422:51रात
सूर्य22:5123:58रात
शुक्र23:5801:04रात
बुध01:0402:11रात
चंद्र02:1103:18रात
शनि03:1804:25रात
गुरु04:2505:31रात
मंगल05:3106:38रात

अयनांश 24.2064° (लाहिड़ी)। समय रियाद (Asia/Riyadh) के स्थानीय हैं।

किसी अन्य शहर का चौघड़िया

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अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

चौघड़िया क्या है?

चौघड़िया समय देखने की एक वैदिक पद्धति है, जो गुजरात और राजस्थान में लोकप्रिय है। इसमें दिन और रात को आठ-आठ भागों में बाँटा जाता है। हर भाग का स्वामी एक ग्रह होता है और उसका नाम अमृत, शुभ, लाभ, चर, उद्वेग, काल या रोग होता है।

कौन-सा चौघड़िया सबसे अच्छा है?

अमृत, शुभ और लाभ नए काम की शुरुआत, दस्तावेज़ों पर हस्ताक्षर और खरीदारी के लिए शुभ माने जाते हैं। चर यात्रा के लिए अच्छा है। उद्वेग, काल और रोग में परंपरागत रूप से नई शुरुआत से बचा जाता है।

चौघड़िया का समय हर दिन अलग क्यों होता है?

ये अवधियाँ आपके स्थान पर वास्तविक दिन (सूर्योदय से सूर्यास्त) और रात (सूर्यास्त से अगले सूर्योदय) का आठवाँ भाग होती हैं, इसलिए साल भर सूर्योदय और सूर्यास्त के साथ बदलती रहती हैं।

क्या चौघड़िया और राहु काल एक ही हैं?

नहीं। राहु काल हर दिन एक अशुभ अवधि है। चौघड़िया दिन और रात की सभी सोलह अवधियों का मूल्यांकन करता है।