30 मार्च 2025 को रियाद का चौघड़िया

रविवार, 30 मार्च 2025, रियाद, Saudi Arabia। समय Asia/Riyadh में है।

रविवार, 30 मार्च 2025 को रियाद में सूर्योदय के समय तिथि शुक्ल प्रतिपदा (10:19 तक), नक्षत्र रेवती (14:05 तक) और योग इंद्र है। सूर्योदय 05:46 पर और सूर्यास्त 18:08 पर है। राहुकाल 16:35 से 18:08 तक है।

दिन और रात
दिन 05:46 – 18:08
रात 05:45 तक
तिथि
प्रतिपदा, 10:19 तक
द्वितीया
नक्षत्र
रेवती, 14:05 तक
अश्विनी
चौघड़िया
उद्वेग
चर
लाभ
अमृत
काल
शुभ
रोग
उद्वेग
शुभ
अमृत
चर
रोग
काल
लाभ
उद्वेग
शुभ
राहुकाल, यमगंड और गुलिक
राहु
यम
गुलिक
अभिजीत और ब्रह्म मुहूर्त

30 मार्च 2025 का चौघड़िया

चौघड़िया दिन (सूर्योदय से सूर्यास्त) और रात (सूर्यास्त से अगले सूर्योदय) को आठ-आठ भागों में बांटता है। अमृत, शुभ और लाभ कार्य शुरू करने के लिए अच्छे हैं; चर यात्रा के लिए अच्छा है; उद्वेग, काल और रोग में नई शुरुआत से बचना बेहतर है।

दिन का चौघड़ियासमयफल
उद्वेग05:46 – 07:19टालें
चर07:19 – 08:52सामान्य
लाभ08:52 – 10:24शुभ
अमृत10:24 – 11:57शुभ
काल11:57 – 13:30टालें
शुभ13:30 – 15:03शुभ
रोग15:03 – 16:35टालें
उद्वेग16:35 – 18:08टालें
रात का चौघड़ियासमयफल
शुभ18:08 – 19:35शुभ
अमृत19:35 – 21:02शुभ
चर21:02 – 22:30सामान्य
रोग22:30 – 23:57टालें
काल23:57 – 01:24टालें
लाभ01:24 – 02:51शुभ
उद्वेग02:51 – 04:18टालें
शुभ04:18 – 05:45शुभ

30 मार्च 2025 का पंचांग

वाररविवार
तिथि
शुक्ल प्रतिपदा 10:19 तक
शुक्ल द्वितीया 06:41, 31 मार्च तक
नक्षत्र
रेवती 14:05 तक
अश्विनी 11:15, 31 मार्च तक
योग
इंद्र 15:23 तक
वैधृतिअशुभ 11:15, 31 मार्च तक
करण
बव 10:19 तक
बालव 20:30 तक
कौलव 06:41, 31 मार्च तक
चंद्र राशि
मीन 14:05 तक
सूर्य राशिमीन
पक्षशुक्ल पक्ष

सूर्य और चंद्रमा

सूर्योदय
05:46
सूर्यास्त
18:08
चंद्रोदय
06:13
चंद्रास्त
19:21
दिनमान
12h 22m

हिंदू कैलेंडर

मास (अमांत)
चैत्र
मास (पूर्णिमांत)
चैत्र
विक्रम संवत
2082
शक संवत
1947, विश्वावसु संवत्सर
ऋतु
वसंत
अयन
उत्तरायण

शुभ समय

ब्रह्म मुहूर्त
04:13 – 05:00
अभिजीत मुहूर्त
11:32 – 12:22

अशुभ समय

राहुकाल
16:35 – 18:08
यमगंड
11:57 – 13:30
गुलिक काल
15:03 – 16:35

होरा (ग्रहों के घंटे)

हर होरा दिन या रात का बारहवां भाग होता है और उस पर एक ग्रह का शासन होता है; सूर्योदय पर पहला होरा वार के स्वामी का होता है। किसी ग्रह के होरा का उपयोग उसके कारक कार्यों के लिए करें — पढ़ाई के लिए गुरु, कला के लिए शुक्र, व्यापार के लिए बुध।

होरा स्वामीसेतकदिन / रात
सूर्य05:4606:48दिन
शुक्र06:4807:50दिन
बुध07:5008:52दिन
चंद्र08:5209:54दिन
शनि09:5410:55दिन
गुरु10:5511:57दिन
मंगल11:5712:59दिन
सूर्य12:5914:01दिन
शुक्र14:0115:03दिन
बुध15:0316:04दिन
चंद्र16:0417:06दिन
शनि17:0618:08दिन
गुरु18:0819:06रात
मंगल19:0620:04रात
सूर्य20:0421:02रात
शुक्र21:0222:00रात
बुध22:0022:59रात
चंद्र22:5923:57रात
शनि23:5700:55रात
गुरु00:5501:53रात
मंगल01:5302:51रात
सूर्य02:5103:49रात
शुक्र03:4904:47रात
बुध04:4705:45रात

अयनांश 24.2097° (लाहिड़ी)। समय रियाद (Asia/Riyadh) के स्थानीय हैं।

किसी अन्य शहर का चौघड़िया

सूची में से सबसे नज़दीकी शहर चुनें।

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

चौघड़िया क्या है?

चौघड़िया समय देखने की एक वैदिक पद्धति है, जो गुजरात और राजस्थान में लोकप्रिय है। इसमें दिन और रात को आठ-आठ भागों में बाँटा जाता है। हर भाग का स्वामी एक ग्रह होता है और उसका नाम अमृत, शुभ, लाभ, चर, उद्वेग, काल या रोग होता है।

कौन-सा चौघड़िया सबसे अच्छा है?

अमृत, शुभ और लाभ नए काम की शुरुआत, दस्तावेज़ों पर हस्ताक्षर और खरीदारी के लिए शुभ माने जाते हैं। चर यात्रा के लिए अच्छा है। उद्वेग, काल और रोग में परंपरागत रूप से नई शुरुआत से बचा जाता है।

चौघड़िया का समय हर दिन अलग क्यों होता है?

ये अवधियाँ आपके स्थान पर वास्तविक दिन (सूर्योदय से सूर्यास्त) और रात (सूर्यास्त से अगले सूर्योदय) का आठवाँ भाग होती हैं, इसलिए साल भर सूर्योदय और सूर्यास्त के साथ बदलती रहती हैं।

क्या चौघड़िया और राहु काल एक ही हैं?

नहीं। राहु काल हर दिन एक अशुभ अवधि है। चौघड़िया दिन और रात की सभी सोलह अवधियों का मूल्यांकन करता है।