26 अक्टूबर 2025 को रियाद का चौघड़िया

रविवार, 26 अक्टूबर 2025, रियाद, Saudi Arabia। समय Asia/Riyadh में है।

रविवार, 26 अक्टूबर 2025 को रियाद में सूर्योदय के समय तिथि शुक्ल पंचमी (03:35, 27 अक्टू॰ तक), नक्षत्र ज्येष्ठा (08:16 तक) और योग अतिगंड है। सूर्योदय 05:56 पर और सूर्यास्त 17:17 पर है। राहुकाल 15:52 से 17:17 तक है।

दिन और रात
दिन 05:56 – 17:17
रात 05:57 तक
तिथि
पंचमी, 03:35 तक
षष्ठी
नक्षत्र
मूल
चौघड़िया
उद्वेग
चर
लाभ
अमृत
काल
शुभ
रोग
उद्वेग
शुभ
अमृत
चर
रोग
काल
लाभ
उद्वेग
शुभ
राहुकाल, यमगंड और गुलिक
राहु
यम
गुलिक
अभिजीत और ब्रह्म मुहूर्त

26 अक्टूबर 2025 का चौघड़िया

चौघड़िया दिन (सूर्योदय से सूर्यास्त) और रात (सूर्यास्त से अगले सूर्योदय) को आठ-आठ भागों में बांटता है। अमृत, शुभ और लाभ कार्य शुरू करने के लिए अच्छे हैं; चर यात्रा के लिए अच्छा है; उद्वेग, काल और रोग में नई शुरुआत से बचना बेहतर है।

दिन का चौघड़ियासमयफल
उद्वेग05:56 – 07:21टालें
चर07:21 – 08:46सामान्य
लाभ08:46 – 10:11शुभ
अमृत10:11 – 11:36शुभ
काल11:36 – 13:01टालें
शुभ13:01 – 14:27शुभ
रोग14:27 – 15:52टालें
उद्वेग15:52 – 17:17टालें
रात का चौघड़ियासमयफल
शुभ17:17 – 18:52शुभ
अमृत18:52 – 20:27शुभ
चर20:27 – 22:02सामान्य
रोग22:02 – 23:37टालें
काल23:37 – 01:12टालें
लाभ01:12 – 02:47शुभ
उद्वेग02:47 – 04:22टालें
शुभ04:22 – 05:57शुभ

26 अक्टूबर 2025 का पंचांग

वाररविवार
तिथि
शुक्ल पंचमी 03:35, 27 अक्टू॰ तक
शुक्ल षष्ठी 05:30, 28 अक्टू॰ तक
नक्षत्र
मूल 10:57, 27 अक्टू॰ तक
योग
अतिगंडअशुभ 04:56, 27 अक्टू॰ तक
सुकर्मा 05:20, 28 अक्टू॰ तक
करण
बव 14:29 तक
बालव 03:35, 27 अक्टू॰ तक
कौलव 16:36, 27 अक्टू॰ तक
चंद्र राशि
सूर्य राशितुला
पक्षशुक्ल पक्ष

सूर्य और चंद्रमा

सूर्योदय
05:56
सूर्यास्त
17:17
चंद्रोदय
10:09
चंद्रास्त
20:35
दिनमान
11h 20m

हिंदू कैलेंडर

मास (अमांत)
कार्तिक
मास (पूर्णिमांत)
कार्तिक
विक्रम संवत
2082
शक संवत
1947, विश्वावसु संवत्सर
ऋतु
शरद
अयन
दक्षिणायन

शुभ समय

ब्रह्म मुहूर्त
04:15 – 05:06
अभिजीत मुहूर्त
11:14 – 11:59

अशुभ समय

राहुकाल
15:52 – 17:17
यमगंड
11:36 – 13:01
गुलिक काल
14:27 – 15:52

होरा (ग्रहों के घंटे)

हर होरा दिन या रात का बारहवां भाग होता है और उस पर एक ग्रह का शासन होता है; सूर्योदय पर पहला होरा वार के स्वामी का होता है। किसी ग्रह के होरा का उपयोग उसके कारक कार्यों के लिए करें — पढ़ाई के लिए गुरु, कला के लिए शुक्र, व्यापार के लिए बुध।

होरा स्वामीसेतकदिन / रात
सूर्य05:5606:53दिन
शुक्र06:5307:50दिन
बुध07:5008:46दिन
चंद्र08:4609:43दिन
शनि09:4310:40दिन
गुरु10:4011:36दिन
मंगल11:3612:33दिन
सूर्य12:3313:30दिन
शुक्र13:3014:27दिन
बुध14:2715:23दिन
चंद्र15:2316:20दिन
शनि16:2017:17दिन
गुरु17:1718:20रात
मंगल18:2019:23रात
सूर्य19:2320:27रात
शुक्र20:2721:30रात
बुध21:3022:33रात
चंद्र22:3323:37रात
शनि23:3700:40रात
गुरु00:4001:43रात
मंगल01:4302:47रात
सूर्य02:4703:50रात
शुक्र03:5004:53रात
बुध04:5305:57रात

अयनांश 24.2177° (लाहिड़ी)। समय रियाद (Asia/Riyadh) के स्थानीय हैं।

किसी अन्य शहर का चौघड़िया

सूची में से सबसे नज़दीकी शहर चुनें।

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

चौघड़िया क्या है?

चौघड़िया समय देखने की एक वैदिक पद्धति है, जो गुजरात और राजस्थान में लोकप्रिय है। इसमें दिन और रात को आठ-आठ भागों में बाँटा जाता है। हर भाग का स्वामी एक ग्रह होता है और उसका नाम अमृत, शुभ, लाभ, चर, उद्वेग, काल या रोग होता है।

कौन-सा चौघड़िया सबसे अच्छा है?

अमृत, शुभ और लाभ नए काम की शुरुआत, दस्तावेज़ों पर हस्ताक्षर और खरीदारी के लिए शुभ माने जाते हैं। चर यात्रा के लिए अच्छा है। उद्वेग, काल और रोग में परंपरागत रूप से नई शुरुआत से बचा जाता है।

चौघड़िया का समय हर दिन अलग क्यों होता है?

ये अवधियाँ आपके स्थान पर वास्तविक दिन (सूर्योदय से सूर्यास्त) और रात (सूर्यास्त से अगले सूर्योदय) का आठवाँ भाग होती हैं, इसलिए साल भर सूर्योदय और सूर्यास्त के साथ बदलती रहती हैं।

क्या चौघड़िया और राहु काल एक ही हैं?

नहीं। राहु काल हर दिन एक अशुभ अवधि है। चौघड़िया दिन और रात की सभी सोलह अवधियों का मूल्यांकन करता है।