23 फ़रवरी 2026 को रियाद का चौघड़िया

सोमवार, 23 फ़रवरी 2026, रियाद, Saudi Arabia। समय Asia/Riyadh में है।

सोमवार, 23 फ़रवरी 2026 को रियाद में सूर्योदय के समय तिथि शुक्ल षष्ठी (06:39 तक), नक्षत्र भरणी (14:03 तक) और योग ब्रह्म है। सूर्योदय 06:21 पर और सूर्यास्त 17:52 पर है। राहुकाल 07:47 से 09:13 तक है।

दिन और रात
दिन 06:21 – 17:52
रात 06:20 तक
तिथि
सप्तमी, 04:32 तक
अष्टमी
नक्षत्र
भरणी, 14:03 तक
कृत्तिका
चौघड़िया
अमृत
काल
शुभ
रोग
उद्वेग
चर
लाभ
अमृत
चर
रोग
काल
लाभ
उद्वेग
शुभ
अमृत
चर
राहुकाल, यमगंड और गुलिक
राहु
यम
गुलिक
अभिजीत और ब्रह्म मुहूर्त

23 फ़रवरी 2026 का चौघड़िया

चौघड़िया दिन (सूर्योदय से सूर्यास्त) और रात (सूर्यास्त से अगले सूर्योदय) को आठ-आठ भागों में बांटता है। अमृत, शुभ और लाभ कार्य शुरू करने के लिए अच्छे हैं; चर यात्रा के लिए अच्छा है; उद्वेग, काल और रोग में नई शुरुआत से बचना बेहतर है।

दिन का चौघड़ियासमयफल
अमृत06:21 – 07:47शुभ
काल07:47 – 09:13टालें
शुभ09:13 – 10:40शुभ
रोग10:40 – 12:06टालें
उद्वेग12:06 – 13:32टालें
चर13:32 – 14:59सामान्य
लाभ14:59 – 16:25शुभ
अमृत16:25 – 17:52शुभ
रात का चौघड़ियासमयफल
चर17:52 – 19:25सामान्य
रोग19:25 – 20:59टालें
काल20:59 – 22:32टालें
लाभ22:32 – 00:06शुभ
उद्वेग00:06 – 01:39टालें
शुभ01:39 – 03:13शुभ
अमृत03:13 – 04:46शुभ
चर04:46 – 06:20सामान्य

23 फ़रवरी 2026 का पंचांग

वारसोमवार
तिथि
शुक्ल षष्ठी 06:39 तक
शुक्ल सप्तमी 04:32, 24 फ़र॰ तक
शुक्ल अष्टमी 02:22, 25 फ़र॰ तक
नक्षत्र
भरणी 14:03 तक
कृत्तिका 12:37, 24 फ़र॰ तक
योग
ब्रह्म 07:48 तक
इंद्र 04:53, 24 फ़र॰ तक
वैधृतिअशुभ 01:56, 25 फ़र॰ तक
करण
तैतिल 06:39 तक
गर 17:36 तक
वणिज 04:32, 24 फ़र॰ तक
विष्टि (भद्रा) 15:27, 24 फ़र॰ तक
चंद्र राशि
मेष 19:42 तक
सूर्य राशिकुंभ
पक्षशुक्ल पक्ष

सूर्य और चंद्रमा

सूर्योदय
06:21
सूर्यास्त
17:52
चंद्रोदय
09:56
चंद्रास्त
23:58
दिनमान
11h 31m

हिंदू कैलेंडर

मास (अमांत)
फाल्गुन
मास (पूर्णिमांत)
फाल्गुन
विक्रम संवत
2082
शक संवत
1947, विश्वावसु संवत्सर
ऋतु
शिशिर
अयन
उत्तरायण

शुभ समय

ब्रह्म मुहूर्त
04:41 – 05:31
अभिजीत मुहूर्त
11:43 – 12:29

अशुभ समय

राहुकाल
07:47 – 09:13
यमगंड
10:40 – 12:06
गुलिक काल
13:32 – 14:59

होरा (ग्रहों के घंटे)

हर होरा दिन या रात का बारहवां भाग होता है और उस पर एक ग्रह का शासन होता है; सूर्योदय पर पहला होरा वार के स्वामी का होता है। किसी ग्रह के होरा का उपयोग उसके कारक कार्यों के लिए करें — पढ़ाई के लिए गुरु, कला के लिए शुक्र, व्यापार के लिए बुध।

होरा स्वामीसेतकदिन / रात
चंद्र06:2107:18दिन
शनि07:1808:16दिन
गुरु08:1609:13दिन
मंगल09:1310:11दिन
सूर्य10:1111:09दिन
शुक्र11:0912:06दिन
बुध12:0613:04दिन
चंद्र13:0414:01दिन
शनि14:0114:59दिन
गुरु14:5915:56दिन
मंगल15:5616:54दिन
सूर्य16:5417:52दिन
शुक्र17:5218:54रात
बुध18:5419:56रात
चंद्र19:5620:59रात
शनि20:5922:01रात
गुरु22:0123:03रात
मंगल23:0300:06रात
सूर्य00:0601:08रात
शुक्र01:0802:10रात
बुध02:1003:13रात
चंद्र03:1304:15रात
शनि04:1505:17रात
गुरु05:1706:20रात

अयनांश 24.2223° (लाहिड़ी)। समय रियाद (Asia/Riyadh) के स्थानीय हैं।

किसी अन्य शहर का चौघड़िया

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अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

चौघड़िया क्या है?

चौघड़िया समय देखने की एक वैदिक पद्धति है, जो गुजरात और राजस्थान में लोकप्रिय है। इसमें दिन और रात को आठ-आठ भागों में बाँटा जाता है। हर भाग का स्वामी एक ग्रह होता है और उसका नाम अमृत, शुभ, लाभ, चर, उद्वेग, काल या रोग होता है।

कौन-सा चौघड़िया सबसे अच्छा है?

अमृत, शुभ और लाभ नए काम की शुरुआत, दस्तावेज़ों पर हस्ताक्षर और खरीदारी के लिए शुभ माने जाते हैं। चर यात्रा के लिए अच्छा है। उद्वेग, काल और रोग में परंपरागत रूप से नई शुरुआत से बचा जाता है।

चौघड़िया का समय हर दिन अलग क्यों होता है?

ये अवधियाँ आपके स्थान पर वास्तविक दिन (सूर्योदय से सूर्यास्त) और रात (सूर्यास्त से अगले सूर्योदय) का आठवाँ भाग होती हैं, इसलिए साल भर सूर्योदय और सूर्यास्त के साथ बदलती रहती हैं।

क्या चौघड़िया और राहु काल एक ही हैं?

नहीं। राहु काल हर दिन एक अशुभ अवधि है। चौघड़िया दिन और रात की सभी सोलह अवधियों का मूल्यांकन करता है।