23 सितंबर 2026 को रियाद का चौघड़िया

बुधवार, 23 सितंबर 2026, रियाद, Saudi Arabia। समय Asia/Riyadh में है।

बुधवार, 23 सितंबर 2026 को रियाद में सूर्योदय के समय तिथि शुक्ल द्वादशी (20:20 तक), नक्षत्र श्रवण (06:39 तक) और योग सुकर्मा है। सूर्योदय 05:42 पर और सूर्यास्त 17:48 पर है। राहुकाल 11:45 से 13:16 तक है।

दिन और रात
दिन 05:42 – 17:48
रात 05:42 तक
तिथि
द्वादशी, 20:20 तक
त्रयोदशी
नक्षत्र
धनिष्ठा
चौघड़िया
लाभ
अमृत
काल
शुभ
रोग
उद्वेग
चर
लाभ
उद्वेग
शुभ
अमृत
चर
रोग
काल
लाभ
उद्वेग
राहुकाल, यमगंड और गुलिक
राहु
यम
गुलिक
अभिजीत और ब्रह्म मुहूर्त

23 सितंबर 2026 का चौघड़िया

चौघड़िया दिन (सूर्योदय से सूर्यास्त) और रात (सूर्यास्त से अगले सूर्योदय) को आठ-आठ भागों में बांटता है। अमृत, शुभ और लाभ कार्य शुरू करने के लिए अच्छे हैं; चर यात्रा के लिए अच्छा है; उद्वेग, काल और रोग में नई शुरुआत से बचना बेहतर है।

दिन का चौघड़ियासमयफल
लाभ05:42 – 07:12शुभ
अमृत07:12 – 08:43शुभ
काल08:43 – 10:14टालें
शुभ10:14 – 11:45शुभ
रोग11:45 – 13:16टालें
उद्वेग13:16 – 14:47टालें
चर14:47 – 16:17सामान्य
लाभ16:17 – 17:48शुभ
रात का चौघड़ियासमयफल
उद्वेग17:48 – 19:17टालें
शुभ19:17 – 20:47शुभ
अमृत20:47 – 22:16शुभ
चर22:16 – 23:45सामान्य
रोग23:45 – 01:14टालें
काल01:14 – 02:43टालें
लाभ02:43 – 04:13शुभ
उद्वेग04:13 – 05:42टालें

23 सितंबर 2026 का पंचांग

वारबुधवार
तिथि
शुक्ल द्वादशी 20:20 तक
शुक्ल त्रयोदशी 20:48, 24 सित॰ तक
नक्षत्र
श्रवण 06:39 तक
धनिष्ठा 08:05, 24 सित॰ तक
योग
सुकर्मा 13:57 तक
धृति 13:24, 24 सित॰ तक
करण
बव 07:52 तक
बालव 20:20 तक
कौलव 08:39, 24 सित॰ तक
चंद्र राशि
मकर 19:27 तक
सूर्य राशिकन्या
पक्षशुक्ल पक्ष

सूर्य और चंद्रमा

सूर्योदय
05:42
सूर्यास्त
17:48
चंद्रोदय
15:51
चंद्रास्त
02:24
दिनमान
12h 7m

हिंदू कैलेंडर

मास (अमांत)
भाद्रपद
मास (पूर्णिमांत)
भाद्रपद
विक्रम संवत
2083
शक संवत
1948, पराभव संवत्सर
ऋतु
वर्षा
अयन
दक्षिणायन

शुभ समय

ब्रह्म मुहूर्त
04:07 – 04:54
अभिजीत मुहूर्त
11:21 – 12:09 (बुधवार को पारंपरिक रूप से वर्जित)

अशुभ समय

राहुकाल
11:45 – 13:16
यमगंड
07:12 – 08:43
गुलिक काल
10:14 – 11:45

होरा (ग्रहों के घंटे)

हर होरा दिन या रात का बारहवां भाग होता है और उस पर एक ग्रह का शासन होता है; सूर्योदय पर पहला होरा वार के स्वामी का होता है। किसी ग्रह के होरा का उपयोग उसके कारक कार्यों के लिए करें — पढ़ाई के लिए गुरु, कला के लिए शुक्र, व्यापार के लिए बुध।

होरा स्वामीसेतकदिन / रात
बुध05:4206:42दिन
चंद्र06:4207:43दिन
शनि07:4308:43दिन
गुरु08:4309:44दिन
मंगल09:4410:44दिन
सूर्य10:4411:45दिन
शुक्र11:4512:45दिन
बुध12:4513:46दिन
चंद्र13:4614:47दिन
शनि14:4715:47दिन
गुरु15:4716:48दिन
मंगल16:4817:48दिन
सूर्य17:4818:48रात
शुक्र18:4819:47रात
बुध19:4720:47रात
चंद्र20:4721:46रात
शनि21:4622:46रात
गुरु22:4623:45रात
मंगल23:4500:45रात
सूर्य00:4501:44रात
शुक्र01:4402:43रात
बुध02:4303:43रात
चंद्र03:4304:42रात
शनि04:4205:42रात

अयनांश 24.2304° (लाहिड़ी)। समय रियाद (Asia/Riyadh) के स्थानीय हैं।

किसी अन्य शहर का चौघड़िया

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अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

चौघड़िया क्या है?

चौघड़िया समय देखने की एक वैदिक पद्धति है, जो गुजरात और राजस्थान में लोकप्रिय है। इसमें दिन और रात को आठ-आठ भागों में बाँटा जाता है। हर भाग का स्वामी एक ग्रह होता है और उसका नाम अमृत, शुभ, लाभ, चर, उद्वेग, काल या रोग होता है।

कौन-सा चौघड़िया सबसे अच्छा है?

अमृत, शुभ और लाभ नए काम की शुरुआत, दस्तावेज़ों पर हस्ताक्षर और खरीदारी के लिए शुभ माने जाते हैं। चर यात्रा के लिए अच्छा है। उद्वेग, काल और रोग में परंपरागत रूप से नई शुरुआत से बचा जाता है।

चौघड़िया का समय हर दिन अलग क्यों होता है?

ये अवधियाँ आपके स्थान पर वास्तविक दिन (सूर्योदय से सूर्यास्त) और रात (सूर्यास्त से अगले सूर्योदय) का आठवाँ भाग होती हैं, इसलिए साल भर सूर्योदय और सूर्यास्त के साथ बदलती रहती हैं।

क्या चौघड़िया और राहु काल एक ही हैं?

नहीं। राहु काल हर दिन एक अशुभ अवधि है। चौघड़िया दिन और रात की सभी सोलह अवधियों का मूल्यांकन करता है।