20 अक्टूबर 2029 को सेलम का चौघड़िया

शनिवार, 20 अक्टूबर 2029, सेलम, भारत। समय Asia/Kolkata में है।

शनिवार, 20 अक्टूबर 2029 को सेलम में सूर्योदय के समय तिथि शुक्ल त्रयोदशी (10:18 तक), नक्षत्र उत्तरा भाद्रपद (02:01, 21 अक्टू॰ तक) और योग ध्रुव है। सूर्योदय 06:07 पर और सूर्यास्त 17:56 पर है। राहुकाल 09:04 से 10:33 तक है।

दिन और रात
दिन 06:07 – 17:56
रात 06:07 तक
तिथि
त्रयोदशी, 10:18 तक
चतुर्दशी
नक्षत्र
उत्तरा भाद्रपद, 02:01 तक
रेवती
चौघड़िया
काल
शुभ
रोग
उद्वेग
चर
लाभ
अमृत
काल
लाभ
उद्वेग
शुभ
अमृत
चर
रोग
काल
लाभ
राहुकाल, यमगंड और गुलिक
राहु
यम
गुलिक
अभिजीत और ब्रह्म मुहूर्त

20 अक्टूबर 2029 का चौघड़िया

चौघड़िया दिन (सूर्योदय से सूर्यास्त) और रात (सूर्यास्त से अगले सूर्योदय) को आठ-आठ भागों में बांटता है। अमृत, शुभ और लाभ कार्य शुरू करने के लिए अच्छे हैं; चर यात्रा के लिए अच्छा है; उद्वेग, काल और रोग में नई शुरुआत से बचना बेहतर है।

दिन का चौघड़ियासमयफल
काल06:07 – 07:36टालें
शुभ07:36 – 09:04शुभ
रोग09:04 – 10:33टालें
उद्वेग10:33 – 12:02टालें
चर12:02 – 13:30सामान्य
लाभ13:30 – 14:59शुभ
अमृत14:59 – 16:28शुभ
काल16:28 – 17:56टालें
रात का चौघड़ियासमयफल
लाभ17:56 – 19:28शुभ
उद्वेग19:28 – 20:59टालें
शुभ20:59 – 22:30शुभ
अमृत22:30 – 00:02शुभ
चर00:02 – 01:33सामान्य
रोग01:33 – 03:04टालें
काल03:04 – 04:36टालें
लाभ04:36 – 06:07शुभ

20 अक्टूबर 2029 का पंचांग

वारशनिवार
तिथि
शुक्ल त्रयोदशी 10:18 तक
शुक्ल चतुर्दशी 12:32, 21 अक्टू॰ तक
नक्षत्र
उत्तरा भाद्रपद 02:01, 21 अक्टू॰ तक
रेवती 04:52, 22 अक्टू॰ तक
योग
ध्रुव 07:19 तक
व्याघातअशुभ 07:58, 21 अक्टू॰ तक
करण
तैतिल 10:18 तक
गर 23:23 तक
वणिज 12:32, 21 अक्टू॰ तक
चंद्र राशि
सूर्य राशितुला
पक्षशुक्ल पक्ष

सूर्य और चंद्रमा

सूर्योदय
06:07
सूर्यास्त
17:56
चंद्रोदय
16:29
चंद्रास्त
04:18
दिनमान
11h 49m

हिंदू कैलेंडर

मास (अमांत)
आश्विन
मास (पूर्णिमांत)
आश्विन
विक्रम संवत
2086
शक संवत
1951, सौम्य संवत्सर
ऋतु
शरद
अयन
दक्षिणायन

शुभ समय

ब्रह्म मुहूर्त
04:30 – 05:18
अभिजीत मुहूर्त
11:38 – 12:25

अशुभ समय

राहुकाल
09:04 – 10:33
यमगंड
13:30 – 14:59
गुलिक काल
06:07 – 07:36

होरा (ग्रहों के घंटे)

हर होरा दिन या रात का बारहवां भाग होता है और उस पर एक ग्रह का शासन होता है; सूर्योदय पर पहला होरा वार के स्वामी का होता है। किसी ग्रह के होरा का उपयोग उसके कारक कार्यों के लिए करें — पढ़ाई के लिए गुरु, कला के लिए शुक्र, व्यापार के लिए बुध।

होरा स्वामीसेतकदिन / रात
शनि06:0707:06दिन
गुरु07:0608:05दिन
मंगल08:0509:04दिन
सूर्य09:0410:03दिन
शुक्र10:0311:02दिन
बुध11:0212:02दिन
चंद्र12:0213:01दिन
शनि13:0114:00दिन
गुरु14:0014:59दिन
मंगल14:5915:58दिन
सूर्य15:5816:57दिन
शुक्र16:5717:56दिन
बुध17:5618:57रात
चंद्र18:5719:58रात
शनि19:5820:59रात
गुरु20:5922:00रात
मंगल22:0023:01रात
सूर्य23:0100:02रात
शुक्र00:0201:03रात
बुध01:0302:03रात
चंद्र02:0303:04रात
शनि03:0404:05रात
गुरु04:0505:06रात
मंगल05:0606:07रात

अयनांश 24.2734° (लाहिड़ी)। समय सेलम (Asia/Kolkata) के स्थानीय हैं।

किसी अन्य शहर का चौघड़िया

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अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

चौघड़िया क्या है?

चौघड़िया समय देखने की एक वैदिक पद्धति है, जो गुजरात और राजस्थान में लोकप्रिय है। इसमें दिन और रात को आठ-आठ भागों में बाँटा जाता है। हर भाग का स्वामी एक ग्रह होता है और उसका नाम अमृत, शुभ, लाभ, चर, उद्वेग, काल या रोग होता है।

कौन-सा चौघड़िया सबसे अच्छा है?

अमृत, शुभ और लाभ नए काम की शुरुआत, दस्तावेज़ों पर हस्ताक्षर और खरीदारी के लिए शुभ माने जाते हैं। चर यात्रा के लिए अच्छा है। उद्वेग, काल और रोग में परंपरागत रूप से नई शुरुआत से बचा जाता है।

चौघड़िया का समय हर दिन अलग क्यों होता है?

ये अवधियाँ आपके स्थान पर वास्तविक दिन (सूर्योदय से सूर्यास्त) और रात (सूर्यास्त से अगले सूर्योदय) का आठवाँ भाग होती हैं, इसलिए साल भर सूर्योदय और सूर्यास्त के साथ बदलती रहती हैं।

क्या चौघड़िया और राहु काल एक ही हैं?

नहीं। राहु काल हर दिन एक अशुभ अवधि है। चौघड़िया दिन और रात की सभी सोलह अवधियों का मूल्यांकन करता है।