9 सितंबर 2027 को शिकागो का पंचांग

गुरुवार, 9 सितंबर 2027, शिकागो, संयुक्त राज्य। समय America/Chicago में है।

गुरुवार, 9 सितंबर 2027 को शिकागो में सूर्योदय के समय तिथि शुक्ल दशमी (06:30, 10 सित॰ तक), नक्षत्र मूल (10:22 तक) और योग आयुष्मान है। सूर्योदय 06:24 पर और सूर्यास्त 19:10 पर है। राहुकाल 14:23 से 15:59 तक है।

दिन और रात
दिन 06:24 – 19:10
रात 06:25 तक
तिथि
दशमी
नक्षत्र
मूल, 10:22 तक
पूर्वाषाढ़ा
चौघड़िया
शुभ
रोग
उद्वेग
चर
लाभ
अमृत
काल
शुभ
अमृत
चर
रोग
काल
लाभ
उद्वेग
शुभ
अमृत
राहुकाल, यमगंड और गुलिक
राहु
यम
गुलिक
अभिजीत और ब्रह्म मुहूर्त

9 सितंबर 2027 का पंचांग

वारगुरुवार
तिथि
शुक्ल दशमी 06:30, 10 सित॰ तक
नक्षत्र
मूल 10:22 तक
पूर्वाषाढ़ा 13:20, 10 सित॰ तक
योग
आयुष्मान 18:09 तक
सौभाग्य 19:08, 10 सित॰ तक
करण
तैतिल 17:17 तक
गर 06:30, 10 सित॰ तक
चंद्र राशि
सूर्य राशिसिंह
पक्षशुक्ल पक्ष

सूर्य और चंद्रमा

सूर्योदय
06:24
सूर्यास्त
19:10
चंद्रोदय
16:04
चंद्रास्त
00:01
दिनमान
12h 46m

हिंदू कैलेंडर

मास (अमांत)
भाद्रपद
मास (पूर्णिमांत)
भाद्रपद
विक्रम संवत
2084
शक संवत
1949, प्लवंग संवत्सर
ऋतु
वर्षा
अयन
दक्षिणायन

शुभ समय

ब्रह्म मुहूर्त
04:54 – 05:39
अभिजीत मुहूर्त
12:21 – 13:13

अशुभ समय

राहुकाल
14:23 – 15:59
यमगंड
06:24 – 08:00
गुलिक काल
09:35 – 11:11

9 सितंबर 2027 का चौघड़िया

चौघड़िया दिन (सूर्योदय से सूर्यास्त) और रात (सूर्यास्त से अगले सूर्योदय) को आठ-आठ भागों में बांटता है। अमृत, शुभ और लाभ कार्य शुरू करने के लिए अच्छे हैं; चर यात्रा के लिए अच्छा है; उद्वेग, काल और रोग में नई शुरुआत से बचना बेहतर है।

दिन का चौघड़ियासमयफल
शुभ06:24 – 08:00शुभ
रोग08:00 – 09:35टालें
उद्वेग09:35 – 11:11टालें
चर11:11 – 12:47सामान्य
लाभ12:47 – 14:23शुभ
अमृत14:23 – 15:59शुभ
काल15:59 – 17:34टालें
शुभ17:34 – 19:10शुभ
रात का चौघड़ियासमयफल
अमृत19:10 – 20:34शुभ
चर20:34 – 21:59सामान्य
रोग21:59 – 23:23टालें
काल23:23 – 00:47टालें
लाभ00:47 – 02:12शुभ
उद्वेग02:12 – 03:36टालें
शुभ03:36 – 05:01शुभ
अमृत05:01 – 06:25शुभ

होरा (ग्रहों के घंटे)

हर होरा दिन या रात का बारहवां भाग होता है और उस पर एक ग्रह का शासन होता है; सूर्योदय पर पहला होरा वार के स्वामी का होता है। किसी ग्रह के होरा का उपयोग उसके कारक कार्यों के लिए करें — पढ़ाई के लिए गुरु, कला के लिए शुक्र, व्यापार के लिए बुध।

होरा स्वामीसेतकदिन / रात
गुरु06:2407:28दिन
मंगल07:2808:32दिन
सूर्य08:3209:35दिन
शुक्र09:3510:39दिन
बुध10:3911:43दिन
चंद्र11:4312:47दिन
शनि12:4713:51दिन
गुरु13:5114:55दिन
मंगल14:5515:59दिन
सूर्य15:5917:02दिन
शुक्र17:0218:06दिन
बुध18:0619:10दिन
चंद्र19:1020:06रात
शनि20:0621:03रात
गुरु21:0321:59रात
मंगल21:5922:55रात
सूर्य22:5523:51रात
शुक्र23:5100:47रात
बुध00:4701:44रात
चंद्र01:4402:40रात
शनि02:4003:36रात
गुरु03:3604:32रात
मंगल04:3205:29रात
सूर्य05:2906:25रात

आने वाले व्रत और तिथियां

तारीखव्रत/पर्वतिथि / घटना
11 सित॰ 2027शुक्ल एकादशीशुक्ल एकादशी
13 सित॰ 2027प्रदोष व्रतशुक्ल त्रयोदशी
15 सित॰ 2027भाद्रपद पूर्णिमापूर्णिमा
17 सित॰ 2027कन्या संक्रांतिसूर्य का कन्या में प्रवेश
19 सित॰ 2027संकष्टी चतुर्थीकृष्ण चतुर्थी
23 सित॰ 2027कालाष्टमीकृष्ण अष्टमी
26 सित॰ 2027कृष्ण एकादशीकृष्ण एकादशी
27 सित॰ 2027प्रदोष व्रतकृष्ण त्रयोदशी
29 सित॰ 2027आश्विन अमावस्याअमावस्या
3 अक्टू॰ 2027विनायक चतुर्थीशुक्ल चतुर्थी

तिथियां शिकागो में स्थानीय सूर्योदय के समय की तिथि के अनुसार हैं। कुछ त्योहार अन्य नियमों से मनाए जाते हैं (जैसे चंद्रोदय या प्रदोष काल पर), इसलिए स्थानीय परंपरा में एक दिन का अंतर हो सकता है। सभी व्रत तिथियां →

अयनांश 24.2438° (लाहिड़ी)। समय शिकागो (America/Chicago) के स्थानीय हैं।

अगले 30 दिनों के त्योहार

किसी अन्य शहर का पंचांग

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अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

पंचांग क्या है?

पंचांग हिंदू कैलेंडर है। इसके पाँच अंग हैं: तिथि (चंद्र दिवस), वार (सप्ताह का दिन), नक्षत्र, योग और करण। सूर्योदय, राहु काल और मुहूर्त के समय के साथ मिलकर इनका उपयोग शुभ समय चुनने के लिए किया जाता है।

पंचांग हर शहर में अलग क्यों होता है?

सूर्योदय, सूर्यास्त, राहु काल, चौघड़िया और सूर्योदय के समय की तिथि, सब आपके स्थान पर निर्भर करते हैं। तिथि और नक्षत्र के समाप्त होने का क्षण हर जगह एक ही होता है, पर इसे आपके स्थानीय समय में दिखाया जाता है।

दिन के लिए कौन-सी तिथि मानी जाती है?

परंपरागत रूप से स्थानीय सूर्योदय के समय की तिथि (उदया तिथि) ज़्यादातर व्रत-त्योहारों के लिए पूरे दिन मान्य होती है। अगर कोई तिथि दो सूर्योदयों के बीच ही शुरू होकर समाप्त हो जाए, तो उसे क्षय तिथि कहते हैं।

राहु काल की गणना कैसे होती है?

सूर्योदय से सूर्यास्त तक के समय को आठ बराबर भागों में बाँटा जाता है। राहु काल रविवार को 8वाँ, सोमवार को 2रा, मंगलवार को 7वाँ, बुधवार को 5वाँ, गुरुवार को 6ठा, शुक्रवार को 4था और शनिवार को 3रा भाग होता है।

यह पंचांग कौन-सा अयनांश इस्तेमाल करता है?

लाहिड़ी (चित्रपक्ष) अयनांश, जो भारतीय राष्ट्रीय कैलेंडर और उत्तर भारत के अधिकांश पंचांगों का मानक है। सूर्योदय वह क्षण माना जाता है जब सूर्य का ऊपरी किनारा क्षितिज पर दिखाई देता है, सामान्य वायुमंडलीय अपवर्तन के साथ।