8 अक्टूबर 2028 को ढाका का पंचांग

रविवार, 8 अक्टूबर 2028, ढाका, बांग्लादेश। समय Asia/Dhaka में है।

रविवार, 8 अक्टूबर 2028 को ढाका में सूर्योदय के समय तिथि कृष्ण पंचमी (06:12, 9 अक्टू॰ तक), नक्षत्र कृत्तिका (07:22 तक) और योग सिद्धि है। सूर्योदय 05:52 पर और सूर्यास्त 17:38 पर है। राहुकाल 16:10 से 17:38 तक है।

दिन और रात
दिन 05:52 – 17:38
रात 05:53 तक
तिथि
पंचमी
नक्षत्र
रोहिणी
चौघड़िया
उद्वेग
चर
लाभ
अमृत
काल
शुभ
रोग
उद्वेग
शुभ
अमृत
चर
रोग
काल
लाभ
उद्वेग
शुभ
राहुकाल, यमगंड और गुलिक
राहु
यम
गुलिक
अभिजीत और ब्रह्म मुहूर्त

8 अक्टूबर 2028 का पंचांग

वाररविवार
तिथि
कृष्ण पंचमी 06:12, 9 अक्टू॰ तक
नक्षत्र
रोहिणी 08:46, 9 अक्टू॰ तक
योग
सिद्धि 11:27 तक
व्यतीपातअशुभ 10:58, 9 अक्टू॰ तक
करण
कौलव 17:50 तक
तैतिल 06:12, 9 अक्टू॰ तक
चंद्र राशि
सूर्य राशिकन्या
पक्षकृष्ण पक्ष

सूर्य और चंद्रमा

सूर्योदय
05:52
सूर्यास्त
17:38
चंद्रोदय
20:36
चंद्रास्त
09:46
दिनमान
11h 46m

हिंदू कैलेंडर

मास (अमांत)
आश्विन
मास (पूर्णिमांत)
कार्तिक
विक्रम संवत
2085
शक संवत
1950, कीलक संवत्सर
ऋतु
शरद
अयन
दक्षिणायन

शुभ समय

ब्रह्म मुहूर्त
04:15 – 05:03
अभिजीत मुहूर्त
11:22 – 12:09

अशुभ समय

राहुकाल
16:10 – 17:38
यमगंड
11:45 – 13:13
गुलिक काल
14:42 – 16:10

8 अक्टूबर 2028 का चौघड़िया

चौघड़िया दिन (सूर्योदय से सूर्यास्त) और रात (सूर्यास्त से अगले सूर्योदय) को आठ-आठ भागों में बांटता है। अमृत, शुभ और लाभ कार्य शुरू करने के लिए अच्छे हैं; चर यात्रा के लिए अच्छा है; उद्वेग, काल और रोग में नई शुरुआत से बचना बेहतर है।

दिन का चौघड़ियासमयफल
उद्वेग05:52 – 07:21टालें
चर07:21 – 08:49सामान्य
लाभ08:49 – 10:17शुभ
अमृत10:17 – 11:45शुभ
काल11:45 – 13:13टालें
शुभ13:13 – 14:42शुभ
रोग14:42 – 16:10टालें
उद्वेग16:10 – 17:38टालें
रात का चौघड़ियासमयफल
शुभ17:38 – 19:10शुभ
अमृत19:10 – 20:42शुभ
चर20:42 – 22:13सामान्य
रोग22:13 – 23:45टालें
काल23:45 – 01:17टालें
लाभ01:17 – 02:49शुभ
उद्वेग02:49 – 04:21टालें
शुभ04:21 – 05:53शुभ

होरा (ग्रहों के घंटे)

हर होरा दिन या रात का बारहवां भाग होता है और उस पर एक ग्रह का शासन होता है; सूर्योदय पर पहला होरा वार के स्वामी का होता है। किसी ग्रह के होरा का उपयोग उसके कारक कार्यों के लिए करें — पढ़ाई के लिए गुरु, कला के लिए शुक्र, व्यापार के लिए बुध।

होरा स्वामीसेतकदिन / रात
सूर्य05:5206:51दिन
शुक्र06:5107:50दिन
बुध07:5008:49दिन
चंद्र08:4909:48दिन
शनि09:4810:46दिन
गुरु10:4611:45दिन
मंगल11:4512:44दिन
सूर्य12:4413:43दिन
शुक्र13:4314:42दिन
बुध14:4215:40दिन
चंद्र15:4016:39दिन
शनि16:3917:38दिन
गुरु17:3818:39रात
मंगल18:3919:40रात
सूर्य19:4020:42रात
शुक्र20:4221:43रात
बुध21:4322:44रात
चंद्र22:4423:45रात
शनि23:4500:47रात
गुरु00:4701:48रात
मंगल01:4802:49रात
सूर्य02:4903:50रात
शुक्र03:5004:52रात
बुध04:5205:53रात

आने वाले व्रत और तिथियां

तारीखव्रत/पर्वतिथि / घटना
11 अक्टू॰ 2028कालाष्टमीकृष्ण अष्टमी
14 अक्टू॰ 2028कृष्ण एकादशीकृष्ण एकादशी
16 अक्टू॰ 2028प्रदोष व्रतकृष्ण त्रयोदशी
17 अक्टू॰ 2028तुला संक्रांतिसूर्य का तुला में प्रवेश
18 अक्टू॰ 2028कार्तिक अमावस्याअमावस्या
21 अक्टू॰ 2028विनायक चतुर्थीशुक्ल चतुर्थी
28 अक्टू॰ 2028शुक्ल एकादशीशुक्ल एकादशी
31 अक्टू॰ 2028प्रदोष व्रतशुक्ल त्रयोदशी
2 नव॰ 2028कार्तिक पूर्णिमापूर्णिमा
6 नव॰ 2028संकष्टी चतुर्थीकृष्ण चतुर्थी

तिथियां ढाका में स्थानीय सूर्योदय के समय की तिथि के अनुसार हैं। कुछ त्योहार अन्य नियमों से मनाए जाते हैं (जैसे चंद्रोदय या प्रदोष काल पर), इसलिए स्थानीय परंपरा में एक दिन का अंतर हो सकता है। सभी व्रत तिथियां →

अयनांश 24.2589° (लाहिड़ी)। समय ढाका (Asia/Dhaka) के स्थानीय हैं।

अगले 30 दिनों के त्योहार

किसी अन्य शहर का पंचांग

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अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

पंचांग क्या है?

पंचांग हिंदू कैलेंडर है। इसके पाँच अंग हैं: तिथि (चंद्र दिवस), वार (सप्ताह का दिन), नक्षत्र, योग और करण। सूर्योदय, राहु काल और मुहूर्त के समय के साथ मिलकर इनका उपयोग शुभ समय चुनने के लिए किया जाता है।

पंचांग हर शहर में अलग क्यों होता है?

सूर्योदय, सूर्यास्त, राहु काल, चौघड़िया और सूर्योदय के समय की तिथि, सब आपके स्थान पर निर्भर करते हैं। तिथि और नक्षत्र के समाप्त होने का क्षण हर जगह एक ही होता है, पर इसे आपके स्थानीय समय में दिखाया जाता है।

दिन के लिए कौन-सी तिथि मानी जाती है?

परंपरागत रूप से स्थानीय सूर्योदय के समय की तिथि (उदया तिथि) ज़्यादातर व्रत-त्योहारों के लिए पूरे दिन मान्य होती है। अगर कोई तिथि दो सूर्योदयों के बीच ही शुरू होकर समाप्त हो जाए, तो उसे क्षय तिथि कहते हैं।

राहु काल की गणना कैसे होती है?

सूर्योदय से सूर्यास्त तक के समय को आठ बराबर भागों में बाँटा जाता है। राहु काल रविवार को 8वाँ, सोमवार को 2रा, मंगलवार को 7वाँ, बुधवार को 5वाँ, गुरुवार को 6ठा, शुक्रवार को 4था और शनिवार को 3रा भाग होता है।

यह पंचांग कौन-सा अयनांश इस्तेमाल करता है?

लाहिड़ी (चित्रपक्ष) अयनांश, जो भारतीय राष्ट्रीय कैलेंडर और उत्तर भारत के अधिकांश पंचांगों का मानक है। सूर्योदय वह क्षण माना जाता है जब सूर्य का ऊपरी किनारा क्षितिज पर दिखाई देता है, सामान्य वायुमंडलीय अपवर्तन के साथ।