7 जनवरी 2028 को पारामारिबो का पंचांग

शुक्रवार, 7 जनवरी 2028, पारामारिबो, Suriname। समय America/Paramaribo में है।

शुक्रवार, 7 जनवरी 2028 को पारामारिबो में सूर्योदय के समय तिथि शुक्ल दशमी (12:00 तक), नक्षत्र भरणी (19:22 तक) और योग साध्य है। सूर्योदय 06:52 पर और सूर्यास्त 18:40 पर है। राहुकाल 11:18 से 12:46 तक है।

दिन और रात
दिन 06:52 – 18:40
रात 06:53 तक
तिथि
दशमी, 12:00 तक
एकादशी
नक्षत्र
भरणी, 19:22 तक
कृत्तिका
चौघड़िया
चर
लाभ
अमृत
काल
शुभ
रोग
उद्वेग
चर
रोग
काल
लाभ
उद्वेग
शुभ
अमृत
चर
रोग
राहुकाल, यमगंड और गुलिक
राहु
यम
गुलिक
अभिजीत और ब्रह्म मुहूर्त

7 जनवरी 2028 का पंचांग

वारशुक्रवार
तिथि
शुक्ल दशमी 12:00 तक
शुक्ल एकादशी 11:06, 8 जन॰ तक
नक्षत्र
भरणी 19:22 तक
कृत्तिका 18:50, 8 जन॰ तक
योग
साध्य 01:37, 8 जन॰ तक
शुभ 23:19, 8 जन॰ तक
करण
गर 12:00 तक
वणिज 23:39 तक
विष्टि (भद्रा) 11:06, 8 जन॰ तक
चंद्र राशि
मेष 01:18, 8 जन॰ तक
सूर्य राशिधनु
पक्षशुक्ल पक्ष

सूर्य और चंद्रमा

सूर्योदय
06:52
सूर्यास्त
18:40
चंद्रोदय
14:20
चंद्रास्त
02:12
दिनमान
11h 48m

हिंदू कैलेंडर

मास (अमांत)
पौष
मास (पूर्णिमांत)
पौष
विक्रम संवत
2084
शक संवत
1949, प्लवंग संवत्सर
ऋतु
हेमंत
अयन
दक्षिणायन

शुभ समय

ब्रह्म मुहूर्त
05:15 – 06:03
अभिजीत मुहूर्त
12:23 – 13:10

अशुभ समय

राहुकाल
11:18 – 12:46
यमगंड
15:43 – 17:12
गुलिक काल
08:21 – 09:49

7 जनवरी 2028 का चौघड़िया

चौघड़िया दिन (सूर्योदय से सूर्यास्त) और रात (सूर्यास्त से अगले सूर्योदय) को आठ-आठ भागों में बांटता है। अमृत, शुभ और लाभ कार्य शुरू करने के लिए अच्छे हैं; चर यात्रा के लिए अच्छा है; उद्वेग, काल और रोग में नई शुरुआत से बचना बेहतर है।

दिन का चौघड़ियासमयफल
चर06:52 – 08:21सामान्य
लाभ08:21 – 09:49शुभ
अमृत09:49 – 11:18शुभ
काल11:18 – 12:46टालें
शुभ12:46 – 14:15शुभ
रोग14:15 – 15:43टालें
उद्वेग15:43 – 17:12टालें
चर17:12 – 18:40सामान्य
रात का चौघड़ियासमयफल
रोग18:40 – 20:12टालें
काल20:12 – 21:43टालें
लाभ21:43 – 23:15शुभ
उद्वेग23:15 – 00:46टालें
शुभ00:46 – 02:18शुभ
अमृत02:18 – 03:50शुभ
चर03:50 – 05:21सामान्य
रोग05:21 – 06:53टालें

होरा (ग्रहों के घंटे)

हर होरा दिन या रात का बारहवां भाग होता है और उस पर एक ग्रह का शासन होता है; सूर्योदय पर पहला होरा वार के स्वामी का होता है। किसी ग्रह के होरा का उपयोग उसके कारक कार्यों के लिए करें — पढ़ाई के लिए गुरु, कला के लिए शुक्र, व्यापार के लिए बुध।

होरा स्वामीसेतकदिन / रात
शुक्र06:5207:51दिन
बुध07:5108:50दिन
चंद्र08:5009:49दिन
शनि09:4910:48दिन
गुरु10:4811:47दिन
मंगल11:4712:46दिन
सूर्य12:4613:45दिन
शुक्र13:4514:44दिन
बुध14:4415:43दिन
चंद्र15:4316:42दिन
शनि16:4217:41दिन
गुरु17:4118:40दिन
मंगल18:4019:41रात
सूर्य19:4120:42रात
शुक्र20:4221:43रात
बुध21:4322:44रात
चंद्र22:4423:45रात
शनि23:4500:46रात
गुरु00:4601:48रात
मंगल01:4802:49रात
सूर्य02:4903:50रात
शुक्र03:5004:51रात
बुध04:5105:52रात
चंद्र05:5206:53रात

आने वाले व्रत और तिथियां

तारीखव्रत/पर्वतिथि / घटना
8 जन॰ 2028शुक्ल एकादशीशुक्ल एकादशी
10 जन॰ 2028प्रदोष व्रतशुक्ल त्रयोदशी
11 जन॰ 2028पौष पूर्णिमापूर्णिमा
14 जन॰ 2028मकर संक्रांतिसूर्य का मकर में प्रवेश
15 जन॰ 2028संकष्टी चतुर्थीकृष्ण चतुर्थी
18 जन॰ 2028कालाष्टमीकृष्ण अष्टमी
21 जन॰ 2028कृष्ण एकादशीकृष्ण एकादशी
23 जन॰ 2028प्रदोष व्रतकृष्ण त्रयोदशी
26 जन॰ 2028माघ अमावस्याअमावस्या
30 जन॰ 2028विनायक चतुर्थीशुक्ल चतुर्थी

तिथियां पारामारिबो में स्थानीय सूर्योदय के समय की तिथि के अनुसार हैं। कुछ त्योहार अन्य नियमों से मनाए जाते हैं (जैसे चंद्रोदय या प्रदोष काल पर), इसलिए स्थानीय परंपरा में एक दिन का अंतर हो सकता है। सभी व्रत तिथियां →

अयनांश 24.2484° (लाहिड़ी)। समय पारामारिबो (America/Paramaribo) के स्थानीय हैं।

अगले 30 दिनों के त्योहार

किसी अन्य शहर का पंचांग

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अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

पंचांग क्या है?

पंचांग हिंदू कैलेंडर है। इसके पाँच अंग हैं: तिथि (चंद्र दिवस), वार (सप्ताह का दिन), नक्षत्र, योग और करण। सूर्योदय, राहु काल और मुहूर्त के समय के साथ मिलकर इनका उपयोग शुभ समय चुनने के लिए किया जाता है।

पंचांग हर शहर में अलग क्यों होता है?

सूर्योदय, सूर्यास्त, राहु काल, चौघड़िया और सूर्योदय के समय की तिथि, सब आपके स्थान पर निर्भर करते हैं। तिथि और नक्षत्र के समाप्त होने का क्षण हर जगह एक ही होता है, पर इसे आपके स्थानीय समय में दिखाया जाता है।

दिन के लिए कौन-सी तिथि मानी जाती है?

परंपरागत रूप से स्थानीय सूर्योदय के समय की तिथि (उदया तिथि) ज़्यादातर व्रत-त्योहारों के लिए पूरे दिन मान्य होती है। अगर कोई तिथि दो सूर्योदयों के बीच ही शुरू होकर समाप्त हो जाए, तो उसे क्षय तिथि कहते हैं।

राहु काल की गणना कैसे होती है?

सूर्योदय से सूर्यास्त तक के समय को आठ बराबर भागों में बाँटा जाता है। राहु काल रविवार को 8वाँ, सोमवार को 2रा, मंगलवार को 7वाँ, बुधवार को 5वाँ, गुरुवार को 6ठा, शुक्रवार को 4था और शनिवार को 3रा भाग होता है।

यह पंचांग कौन-सा अयनांश इस्तेमाल करता है?

लाहिड़ी (चित्रपक्ष) अयनांश, जो भारतीय राष्ट्रीय कैलेंडर और उत्तर भारत के अधिकांश पंचांगों का मानक है। सूर्योदय वह क्षण माना जाता है जब सूर्य का ऊपरी किनारा क्षितिज पर दिखाई देता है, सामान्य वायुमंडलीय अपवर्तन के साथ।