16 मार्च 2025 को अटलांटा का चौघड़िया

रविवार, 16 मार्च 2025, अटलांटा, संयुक्त राज्य। समय America/New_York में है।

रविवार, 16 मार्च 2025 को अटलांटा में सूर्योदय के समय तिथि कृष्ण तृतीया (10:03, 17 मार्च तक), नक्षत्र चित्रा (05:17, 17 मार्च तक) और योग ध्रुव है। सूर्योदय 07:46 पर और सूर्यास्त 19:46 पर है। राहुकाल 18:16 से 19:46 तक है।

दिन और रात
दिन 07:46 – 19:46
रात 07:44 तक
तिथि
तृतीया
नक्षत्र
चित्रा, 05:17 तक
स्वाति
चौघड़िया
उद्वेग
चर
लाभ
अमृत
काल
शुभ
रोग
उद्वेग
शुभ
अमृत
चर
रोग
काल
लाभ
उद्वेग
शुभ
राहुकाल, यमगंड और गुलिक
राहु
यम
गुलिक
अभिजीत और ब्रह्म मुहूर्त

16 मार्च 2025 का चौघड़िया

चौघड़िया दिन (सूर्योदय से सूर्यास्त) और रात (सूर्यास्त से अगले सूर्योदय) को आठ-आठ भागों में बांटता है। अमृत, शुभ और लाभ कार्य शुरू करने के लिए अच्छे हैं; चर यात्रा के लिए अच्छा है; उद्वेग, काल और रोग में नई शुरुआत से बचना बेहतर है।

दिन का चौघड़ियासमयफल
उद्वेग07:46 – 09:16टालें
चर09:16 – 10:46सामान्य
लाभ10:46 – 12:16शुभ
अमृत12:16 – 13:46शुभ
काल13:46 – 15:16टालें
शुभ15:16 – 16:46शुभ
रोग16:46 – 18:16टालें
उद्वेग18:16 – 19:46टालें
रात का चौघड़ियासमयफल
शुभ19:46 – 21:16शुभ
अमृत21:16 – 22:45शुभ
चर22:45 – 00:15सामान्य
रोग00:15 – 01:45टालें
काल01:45 – 03:15टालें
लाभ03:15 – 04:45शुभ
उद्वेग04:45 – 06:15टालें
शुभ06:15 – 07:44शुभ

16 मार्च 2025 का पंचांग

वाररविवार
तिथि
कृष्ण तृतीया 10:03, 17 मार्च तक
नक्षत्र
चित्रा 05:17, 17 मार्च तक
स्वाति 08:21, 18 मार्च तक
योग
ध्रुव 06:15, 17 मार्च तक
व्याघातअशुभ 07:13, 18 मार्च तक
करण
वणिज 20:45 तक
विष्टि (भद्रा) 10:03, 17 मार्च तक
चंद्र राशि
कन्या 15:45 तक
सूर्य राशिमीन
पक्षकृष्ण पक्ष

सूर्य और चंद्रमा

सूर्योदय
07:46
सूर्यास्त
19:46
चंद्रोदय
22:11
चंद्रास्त
08:45
दिनमान
12h 0m

हिंदू कैलेंडर

मास (अमांत)
फाल्गुन
मास (पूर्णिमांत)
चैत्र
विक्रम संवत
2081
शक संवत
1946, क्रोधी संवत्सर
ऋतु
शिशिर
अयन
उत्तरायण

शुभ समय

ब्रह्म मुहूर्त
06:10 – 06:58
अभिजीत मुहूर्त
13:22 – 14:10

अशुभ समय

राहुकाल
18:16 – 19:46
यमगंड
13:46 – 15:16
गुलिक काल
16:46 – 18:16

होरा (ग्रहों के घंटे)

हर होरा दिन या रात का बारहवां भाग होता है और उस पर एक ग्रह का शासन होता है; सूर्योदय पर पहला होरा वार के स्वामी का होता है। किसी ग्रह के होरा का उपयोग उसके कारक कार्यों के लिए करें — पढ़ाई के लिए गुरु, कला के लिए शुक्र, व्यापार के लिए बुध।

होरा स्वामीसेतकदिन / रात
सूर्य07:4608:46दिन
शुक्र08:4609:46दिन
बुध09:4610:46दिन
चंद्र10:4611:46दिन
शनि11:4612:46दिन
गुरु12:4613:46दिन
मंगल13:4614:46दिन
सूर्य14:4615:46दिन
शुक्र15:4616:46दिन
बुध16:4617:46दिन
चंद्र17:4618:46दिन
शनि18:4619:46दिन
गुरु19:4620:46रात
मंगल20:4621:46रात
सूर्य21:4622:45रात
शुक्र22:4523:45रात
बुध23:4500:45रात
चंद्र00:4501:45रात
शनि01:4502:45रात
गुरु02:4503:45रात
मंगल03:4504:45रात
सूर्य04:4505:45रात
शुक्र05:4506:44रात
बुध06:4407:44रात

अयनांश 24.2092° (लाहिड़ी)। समय अटलांटा (America/New_York) के स्थानीय हैं।

किसी अन्य शहर का चौघड़िया

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अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

चौघड़िया क्या है?

चौघड़िया समय देखने की एक वैदिक पद्धति है, जो गुजरात और राजस्थान में लोकप्रिय है। इसमें दिन और रात को आठ-आठ भागों में बाँटा जाता है। हर भाग का स्वामी एक ग्रह होता है और उसका नाम अमृत, शुभ, लाभ, चर, उद्वेग, काल या रोग होता है।

कौन-सा चौघड़िया सबसे अच्छा है?

अमृत, शुभ और लाभ नए काम की शुरुआत, दस्तावेज़ों पर हस्ताक्षर और खरीदारी के लिए शुभ माने जाते हैं। चर यात्रा के लिए अच्छा है। उद्वेग, काल और रोग में परंपरागत रूप से नई शुरुआत से बचा जाता है।

चौघड़िया का समय हर दिन अलग क्यों होता है?

ये अवधियाँ आपके स्थान पर वास्तविक दिन (सूर्योदय से सूर्यास्त) और रात (सूर्यास्त से अगले सूर्योदय) का आठवाँ भाग होती हैं, इसलिए साल भर सूर्योदय और सूर्यास्त के साथ बदलती रहती हैं।

क्या चौघड़िया और राहु काल एक ही हैं?

नहीं। राहु काल हर दिन एक अशुभ अवधि है। चौघड़िया दिन और रात की सभी सोलह अवधियों का मूल्यांकन करता है।