24 मार्च 2027 को अटलांटा का चौघड़िया

बुधवार, 24 मार्च 2027, अटलांटा, संयुक्त राज्य। समय America/New_York में है।

बुधवार, 24 मार्च 2027 को अटलांटा में सूर्योदय के समय तिथि कृष्ण तृतीया (03:08, 25 मार्च तक), नक्षत्र चित्रा (09:55 तक) और योग व्याघात है। सूर्योदय 07:36 पर और सूर्यास्त 19:52 पर है। राहुकाल 13:44 से 15:16 तक है।

दिन और रात
दिन 07:36 – 19:52
रात 07:34 तक
तिथि
तृतीया, 03:08 तक
चतुर्थी
नक्षत्र
स्वाति
चौघड़िया
लाभ
अमृत
काल
शुभ
रोग
उद्वेग
चर
लाभ
उद्वेग
शुभ
अमृत
चर
रोग
काल
लाभ
उद्वेग
राहुकाल, यमगंड और गुलिक
राहु
यम
गुलिक
अभिजीत और ब्रह्म मुहूर्त

24 मार्च 2027 का चौघड़िया

चौघड़िया दिन (सूर्योदय से सूर्यास्त) और रात (सूर्यास्त से अगले सूर्योदय) को आठ-आठ भागों में बांटता है। अमृत, शुभ और लाभ कार्य शुरू करने के लिए अच्छे हैं; चर यात्रा के लिए अच्छा है; उद्वेग, काल और रोग में नई शुरुआत से बचना बेहतर है।

दिन का चौघड़ियासमयफल
लाभ07:36 – 09:08शुभ
अमृत09:08 – 10:40शुभ
काल10:40 – 12:12टालें
शुभ12:12 – 13:44शुभ
रोग13:44 – 15:16टालें
उद्वेग15:16 – 16:48टालें
चर16:48 – 18:20सामान्य
लाभ18:20 – 19:52शुभ
रात का चौघड़ियासमयफल
उद्वेग19:52 – 21:19टालें
शुभ21:19 – 22:47शुभ
अमृत22:47 – 00:15शुभ
चर00:15 – 01:43सामान्य
रोग01:43 – 03:11टालें
काल03:11 – 04:39टालें
लाभ04:39 – 06:06शुभ
उद्वेग06:06 – 07:34टालें

24 मार्च 2027 का पंचांग

वारबुधवार
तिथि
कृष्ण तृतीया 03:08, 25 मार्च तक
कृष्ण चतुर्थी 03:13, 26 मार्च तक
नक्षत्र
चित्रा 09:55 तक
स्वाति 10:09, 25 मार्च तक
योग
व्याघातअशुभ 22:02 तक
हर्षण 20:51, 25 मार्च तक
करण
वणिज 15:21 तक
विष्टि (भद्रा) 03:08, 25 मार्च तक
बव 15:05, 25 मार्च तक
चंद्र राशि
सूर्य राशिमीन
पक्षकृष्ण पक्ष

सूर्य और चंद्रमा

सूर्योदय
07:36
सूर्यास्त
19:52
चंद्रोदय
22:37
चंद्रास्त
08:30
दिनमान
12h 16m

हिंदू कैलेंडर

मास (अमांत)
फाल्गुन
मास (पूर्णिमांत)
चैत्र
विक्रम संवत
2083
शक संवत
1948, पराभव संवत्सर
ऋतु
शिशिर
अयन
उत्तरायण

शुभ समय

ब्रह्म मुहूर्त
06:02 – 06:49
अभिजीत मुहूर्त
13:19 – 14:08 (बुधवार को पारंपरिक रूप से वर्जित)

अशुभ समय

राहुकाल
13:44 – 15:16
यमगंड
09:08 – 10:40
गुलिक काल
12:12 – 13:44

होरा (ग्रहों के घंटे)

हर होरा दिन या रात का बारहवां भाग होता है और उस पर एक ग्रह का शासन होता है; सूर्योदय पर पहला होरा वार के स्वामी का होता है। किसी ग्रह के होरा का उपयोग उसके कारक कार्यों के लिए करें — पढ़ाई के लिए गुरु, कला के लिए शुक्र, व्यापार के लिए बुध।

होरा स्वामीसेतकदिन / रात
बुध07:3608:37दिन
चंद्र08:3709:38दिन
शनि09:3810:40दिन
गुरु10:4011:41दिन
मंगल11:4112:42दिन
सूर्य12:4213:44दिन
शुक्र13:4414:45दिन
बुध14:4515:46दिन
चंद्र15:4616:48दिन
शनि16:4817:49दिन
गुरु17:4918:50दिन
मंगल18:5019:52दिन
सूर्य19:5220:50रात
शुक्र20:5021:49रात
बुध21:4922:47रात
चंद्र22:4723:46रात
शनि23:4600:44रात
गुरु00:4401:43रात
मंगल01:4302:41रात
सूर्य02:4103:40रात
शुक्र03:4004:39रात
बुध04:3905:37रात
चंद्र05:3706:36रात
शनि06:3607:34रात

अयनांश 24.2374° (लाहिड़ी)। समय अटलांटा (America/New_York) के स्थानीय हैं।

किसी अन्य शहर का चौघड़िया

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अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

चौघड़िया क्या है?

चौघड़िया समय देखने की एक वैदिक पद्धति है, जो गुजरात और राजस्थान में लोकप्रिय है। इसमें दिन और रात को आठ-आठ भागों में बाँटा जाता है। हर भाग का स्वामी एक ग्रह होता है और उसका नाम अमृत, शुभ, लाभ, चर, उद्वेग, काल या रोग होता है।

कौन-सा चौघड़िया सबसे अच्छा है?

अमृत, शुभ और लाभ नए काम की शुरुआत, दस्तावेज़ों पर हस्ताक्षर और खरीदारी के लिए शुभ माने जाते हैं। चर यात्रा के लिए अच्छा है। उद्वेग, काल और रोग में परंपरागत रूप से नई शुरुआत से बचा जाता है।

चौघड़िया का समय हर दिन अलग क्यों होता है?

ये अवधियाँ आपके स्थान पर वास्तविक दिन (सूर्योदय से सूर्यास्त) और रात (सूर्यास्त से अगले सूर्योदय) का आठवाँ भाग होती हैं, इसलिए साल भर सूर्योदय और सूर्यास्त के साथ बदलती रहती हैं।

क्या चौघड़िया और राहु काल एक ही हैं?

नहीं। राहु काल हर दिन एक अशुभ अवधि है। चौघड़िया दिन और रात की सभी सोलह अवधियों का मूल्यांकन करता है।