3 अक्टूबर 2029 को अटलांटा का चौघड़िया

बुधवार, 3 अक्टूबर 2029, अटलांटा, संयुक्त राज्य। समय America/New_York में है।

बुधवार, 3 अक्टूबर 2029 को अटलांटा में सूर्योदय के समय तिथि कृष्ण एकादशी (03:32, 4 अक्टू॰ तक), नक्षत्र आश्लेषा (05:05, 4 अक्टू॰ तक) और योग सिद्ध है। सूर्योदय 07:33 पर और सूर्यास्त 19:18 पर है। राहुकाल 13:26 से 14:54 तक है।

दिन और रात
दिन 07:33 – 19:18
रात 07:34 तक
तिथि
एकादशी, 03:32 तक
द्वादशी
नक्षत्र
आश्लेषा, 05:05 तक
मघा
चौघड़िया
लाभ
अमृत
काल
शुभ
रोग
उद्वेग
चर
लाभ
उद्वेग
शुभ
अमृत
चर
रोग
काल
लाभ
उद्वेग
राहुकाल, यमगंड और गुलिक
राहु
यम
गुलिक
अभिजीत और ब्रह्म मुहूर्त

3 अक्टूबर 2029 का चौघड़िया

चौघड़िया दिन (सूर्योदय से सूर्यास्त) और रात (सूर्यास्त से अगले सूर्योदय) को आठ-आठ भागों में बांटता है। अमृत, शुभ और लाभ कार्य शुरू करने के लिए अच्छे हैं; चर यात्रा के लिए अच्छा है; उद्वेग, काल और रोग में नई शुरुआत से बचना बेहतर है।

दिन का चौघड़ियासमयफल
लाभ07:33 – 09:01शुभ
अमृत09:01 – 10:29शुभ
काल10:29 – 11:58टालें
शुभ11:58 – 13:26शुभ
रोग13:26 – 14:54टालें
उद्वेग14:54 – 16:22टालें
चर16:22 – 17:50सामान्य
लाभ17:50 – 19:18शुभ
रात का चौघड़ियासमयफल
उद्वेग19:18 – 20:50टालें
शुभ20:50 – 22:22शुभ
अमृत22:22 – 23:54शुभ
चर23:54 – 01:26सामान्य
रोग01:26 – 02:58टालें
काल02:58 – 04:30टालें
लाभ04:30 – 06:02शुभ
उद्वेग06:02 – 07:34टालें

3 अक्टूबर 2029 का पंचांग

वारबुधवार
तिथि
कृष्ण एकादशी 03:32, 4 अक्टू॰ तक
कृष्ण द्वादशी 01:16, 5 अक्टू॰ तक
नक्षत्र
आश्लेषा 05:05, 4 अक्टू॰ तक
मघा 03:30, 5 अक्टू॰ तक
योग
सिद्ध 17:34 तक
साध्य 14:53, 4 अक्टू॰ तक
करण
बव 16:22 तक
बालव 03:32, 4 अक्टू॰ तक
कौलव 14:29, 4 अक्टू॰ तक
चंद्र राशि
कर्क 05:05, 4 अक्टू॰ तक
सूर्य राशिकन्या
पक्षकृष्ण पक्ष

सूर्य और चंद्रमा

सूर्योदय
07:33
सूर्यास्त
19:18
चंद्रोदय
02:51
चंद्रास्त
16:31
दिनमान
11h 45m

हिंदू कैलेंडर

मास (अमांत)
भाद्रपद
मास (पूर्णिमांत)
आश्विन
विक्रम संवत
2086
शक संवत
1951, सौम्य संवत्सर
ऋतु
वर्षा
अयन
दक्षिणायन

शुभ समय

ब्रह्म मुहूर्त
05:55 – 06:44
अभिजीत मुहूर्त
13:02 – 13:49 (बुधवार को पारंपरिक रूप से वर्जित)

अशुभ समय

राहुकाल
13:26 – 14:54
यमगंड
09:01 – 10:29
गुलिक काल
11:58 – 13:26

होरा (ग्रहों के घंटे)

हर होरा दिन या रात का बारहवां भाग होता है और उस पर एक ग्रह का शासन होता है; सूर्योदय पर पहला होरा वार के स्वामी का होता है। किसी ग्रह के होरा का उपयोग उसके कारक कार्यों के लिए करें — पढ़ाई के लिए गुरु, कला के लिए शुक्र, व्यापार के लिए बुध।

होरा स्वामीसेतकदिन / रात
बुध07:3308:32दिन
चंद्र08:3209:31दिन
शनि09:3110:29दिन
गुरु10:2911:28दिन
मंगल11:2812:27दिन
सूर्य12:2713:26दिन
शुक्र13:2614:24दिन
बुध14:2415:23दिन
चंद्र15:2316:22दिन
शनि16:2217:21दिन
गुरु17:2118:19दिन
मंगल18:1919:18दिन
सूर्य19:1820:19रात
शुक्र20:1921:21रात
बुध21:2122:22रात
चंद्र22:2223:23रात
शनि23:2300:25रात
गुरु00:2501:26रात
मंगल01:2602:27रात
सूर्य02:2703:29रात
शुक्र03:2904:30रात
बुध04:3005:31रात
चंद्र05:3106:33रात
शनि06:3307:34रात

अयनांश 24.2727° (लाहिड़ी)। समय अटलांटा (America/New_York) के स्थानीय हैं।

किसी अन्य शहर का चौघड़िया

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अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

चौघड़िया क्या है?

चौघड़िया समय देखने की एक वैदिक पद्धति है, जो गुजरात और राजस्थान में लोकप्रिय है। इसमें दिन और रात को आठ-आठ भागों में बाँटा जाता है। हर भाग का स्वामी एक ग्रह होता है और उसका नाम अमृत, शुभ, लाभ, चर, उद्वेग, काल या रोग होता है।

कौन-सा चौघड़िया सबसे अच्छा है?

अमृत, शुभ और लाभ नए काम की शुरुआत, दस्तावेज़ों पर हस्ताक्षर और खरीदारी के लिए शुभ माने जाते हैं। चर यात्रा के लिए अच्छा है। उद्वेग, काल और रोग में परंपरागत रूप से नई शुरुआत से बचा जाता है।

चौघड़िया का समय हर दिन अलग क्यों होता है?

ये अवधियाँ आपके स्थान पर वास्तविक दिन (सूर्योदय से सूर्यास्त) और रात (सूर्यास्त से अगले सूर्योदय) का आठवाँ भाग होती हैं, इसलिए साल भर सूर्योदय और सूर्यास्त के साथ बदलती रहती हैं।

क्या चौघड़िया और राहु काल एक ही हैं?

नहीं। राहु काल हर दिन एक अशुभ अवधि है। चौघड़िया दिन और रात की सभी सोलह अवधियों का मूल्यांकन करता है।