16 मार्च 2028 को बरेली का चौघड़िया

गुरुवार, 16 मार्च 2028, बरेली, भारत। समय Asia/Kolkata में है।

गुरुवार, 16 मार्च 2028 को बरेली में सूर्योदय के समय तिथि कृष्ण षष्ठी (16:12 तक), नक्षत्र अनुराधा (20:54 तक) और योग वज्र है। सूर्योदय 06:20 पर और सूर्यास्त 18:21 पर है। राहुकाल 13:51 से 15:21 तक है।

दिन और रात
दिन 06:20 – 18:21
रात 06:19 तक
तिथि
षष्ठी, 16:12 तक
सप्तमी
नक्षत्र
अनुराधा, 20:54 तक
ज्येष्ठा
चौघड़िया
शुभ
रोग
उद्वेग
चर
लाभ
अमृत
काल
शुभ
अमृत
चर
रोग
काल
लाभ
उद्वेग
शुभ
अमृत
राहुकाल, यमगंड और गुलिक
राहु
यम
गुलिक
अभिजीत और ब्रह्म मुहूर्त

16 मार्च 2028 का चौघड़िया

चौघड़िया दिन (सूर्योदय से सूर्यास्त) और रात (सूर्यास्त से अगले सूर्योदय) को आठ-आठ भागों में बांटता है। अमृत, शुभ और लाभ कार्य शुरू करने के लिए अच्छे हैं; चर यात्रा के लिए अच्छा है; उद्वेग, काल और रोग में नई शुरुआत से बचना बेहतर है।

दिन का चौघड़ियासमयफल
शुभ06:20 – 07:50शुभ
रोग07:50 – 09:20टालें
उद्वेग09:20 – 10:50टालें
चर10:50 – 12:21सामान्य
लाभ12:21 – 13:51शुभ
अमृत13:51 – 15:21शुभ
काल15:21 – 16:51टालें
शुभ16:51 – 18:21शुभ
रात का चौघड़ियासमयफल
अमृत18:21 – 19:51शुभ
चर19:51 – 21:20सामान्य
रोग21:20 – 22:50टालें
काल22:50 – 00:20टालें
लाभ00:20 – 01:50शुभ
उद्वेग01:50 – 03:19टालें
शुभ03:19 – 04:49शुभ
अमृत04:49 – 06:19शुभ

16 मार्च 2028 का पंचांग

वारगुरुवार
तिथि
कृष्ण षष्ठी 16:12 तक
कृष्ण सप्तमी 16:26, 17 मार्च तक
नक्षत्र
ज्येष्ठा 21:55, 17 मार्च तक
योग
वज्रअशुभ 22:39 तक
सिद्धि 21:53, 17 मार्च तक
करण
वणिज 16:12 तक
विष्टि (भद्रा) 04:13, 17 मार्च तक
बव 16:26, 17 मार्च तक
चंद्र राशि
सूर्य राशिमीन
पक्षकृष्ण पक्ष

सूर्य और चंद्रमा

सूर्योदय
06:20
सूर्यास्त
18:21
चंद्रोदय
इस दिन चंद्रोदय नहीं
चंद्रास्त
09:43
दिनमान
12h 1m

हिंदू कैलेंडर

मास (अमांत)
फाल्गुन
मास (पूर्णिमांत)
चैत्र
विक्रम संवत
2084
शक संवत
1949, प्लवंग संवत्सर
ऋतु
शिशिर
अयन
उत्तरायण

शुभ समय

ब्रह्म मुहूर्त
04:44 – 05:32
अभिजीत मुहूर्त
11:56 – 12:45

अशुभ समय

राहुकाल
13:51 – 15:21
यमगंड
06:20 – 07:50
गुलिक काल
09:20 – 10:50

होरा (ग्रहों के घंटे)

हर होरा दिन या रात का बारहवां भाग होता है और उस पर एक ग्रह का शासन होता है; सूर्योदय पर पहला होरा वार के स्वामी का होता है। किसी ग्रह के होरा का उपयोग उसके कारक कार्यों के लिए करें — पढ़ाई के लिए गुरु, कला के लिए शुक्र, व्यापार के लिए बुध।

होरा स्वामीसेतकदिन / रात
गुरु06:2007:20दिन
मंगल07:2008:20दिन
सूर्य08:2009:20दिन
शुक्र09:2010:20दिन
बुध10:2011:20दिन
चंद्र11:2012:21दिन
शनि12:2113:21दिन
गुरु13:2114:21दिन
मंगल14:2115:21दिन
सूर्य15:2116:21दिन
शुक्र16:2117:21दिन
बुध17:2118:21दिन
चंद्र18:2119:21रात
शनि19:2120:21रात
गुरु20:2121:20रात
मंगल21:2022:20रात
सूर्य22:2023:20रात
शुक्र23:2000:20रात
बुध00:2001:20रात
चंद्र01:2002:20रात
शनि02:2003:19रात
गुरु03:1904:19रात
मंगल04:1905:19रात
सूर्य05:1906:19रात

अयनांश 24.2511° (लाहिड़ी)। समय बरेली (Asia/Kolkata) के स्थानीय हैं।

किसी अन्य शहर का चौघड़िया

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अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

चौघड़िया क्या है?

चौघड़िया समय देखने की एक वैदिक पद्धति है, जो गुजरात और राजस्थान में लोकप्रिय है। इसमें दिन और रात को आठ-आठ भागों में बाँटा जाता है। हर भाग का स्वामी एक ग्रह होता है और उसका नाम अमृत, शुभ, लाभ, चर, उद्वेग, काल या रोग होता है।

कौन-सा चौघड़िया सबसे अच्छा है?

अमृत, शुभ और लाभ नए काम की शुरुआत, दस्तावेज़ों पर हस्ताक्षर और खरीदारी के लिए शुभ माने जाते हैं। चर यात्रा के लिए अच्छा है। उद्वेग, काल और रोग में परंपरागत रूप से नई शुरुआत से बचा जाता है।

चौघड़िया का समय हर दिन अलग क्यों होता है?

ये अवधियाँ आपके स्थान पर वास्तविक दिन (सूर्योदय से सूर्यास्त) और रात (सूर्यास्त से अगले सूर्योदय) का आठवाँ भाग होती हैं, इसलिए साल भर सूर्योदय और सूर्यास्त के साथ बदलती रहती हैं।

क्या चौघड़िया और राहु काल एक ही हैं?

नहीं। राहु काल हर दिन एक अशुभ अवधि है। चौघड़िया दिन और रात की सभी सोलह अवधियों का मूल्यांकन करता है।