अनुराधा नक्षत्र

अनुराधा, जिसके स्वामी शनि और देवता मित्र हैं, मित्रता और भक्ति का नक्षत्र है। यह वफ़ादारी, संगठन की क्षमता और विदेश में सफलता देता है।

विशेषताएं

  • वफ़ादार
  • अनुशासित
  • मिलनसार
  • समर्पित

अनुकूल करियर

  • प्रबंधन
  • विदेश व्यापार
  • गणित
  • आध्यात्मिक कार्य

पद (चरण)

पदराशिविस्तारनवांशनाम अक्षर
1वृश्चिक3° 20′ 00″ – 6° 40′ 00″सिंहNa
2वृश्चिक6° 40′ 00″ – 10° 00′ 00″कन्याNi
3वृश्चिक10° 00′ 00″ – 13° 20′ 00″तुलाNu
4वृश्चिक13° 20′ 00″ – 16° 40′ 00″वृश्चिकNe

पिछला: विशाखा। अगला: ज्येष्ठा।

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

अनुराधा नक्षत्र का स्वामी कौन है?

शनि। जिनके जन्म के समय चंद्रमा अनुराधा में होता है, उनका जीवन विंशोत्तरी पद्धति की शनि महादशा से शुरू होता है।

अनुराधा के नाम अक्षर कौन-से हैं?

अनुराधा के चार पद Na, Ni, Nu, Ne अक्षरों से जुड़े हैं। परंपरा के अनुसार बच्चे का नाम जन्म के समय चंद्रमा के पद के अक्षर से शुरू होता है।

अनुराधा किस गण और नाड़ी का है?

अनुराधा देव गण, मध्य नाड़ी और मृग योनि का है — ये कारक कुंडली मिलान में उपयोग होते हैं।