17 अक्टूबर 2028 को बरेली का चौघड़िया

मंगलवार, 17 अक्टूबर 2028, बरेली, भारत। समय Asia/Kolkata में है।

मंगलवार, 17 अक्टूबर 2028 को बरेली में सूर्योदय के समय तिथि कृष्ण चतुर्दशी (12:05 तक), नक्षत्र हस्त (20:16 तक) और योग इंद्र है। सूर्योदय 06:14 पर और सूर्यास्त 17:40 पर है। राहुकाल 14:48 से 16:14 तक है।

दिन और रात
दिन 06:14 – 17:40
रात 06:14 तक
तिथि
चतुर्दशी, 12:05 तक
अमावस्या
नक्षत्र
हस्त, 20:16 तक
चित्रा
चौघड़िया
रोग
उद्वेग
चर
लाभ
अमृत
काल
शुभ
रोग
काल
लाभ
उद्वेग
शुभ
अमृत
चर
रोग
काल
राहुकाल, यमगंड और गुलिक
राहु
यम
गुलिक
अभिजीत और ब्रह्म मुहूर्त

17 अक्टूबर 2028 का चौघड़िया

चौघड़िया दिन (सूर्योदय से सूर्यास्त) और रात (सूर्यास्त से अगले सूर्योदय) को आठ-आठ भागों में बांटता है। अमृत, शुभ और लाभ कार्य शुरू करने के लिए अच्छे हैं; चर यात्रा के लिए अच्छा है; उद्वेग, काल और रोग में नई शुरुआत से बचना बेहतर है।

दिन का चौघड़ियासमयफल
रोग06:14 – 07:40टालें
उद्वेग07:40 – 09:05टालें
चर09:05 – 10:31सामान्य
लाभ10:31 – 11:57शुभ
अमृत11:57 – 13:23शुभ
काल13:23 – 14:48टालें
शुभ14:48 – 16:14शुभ
रोग16:14 – 17:40टालें
रात का चौघड़ियासमयफल
काल17:40 – 19:14टालें
लाभ19:14 – 20:49शुभ
उद्वेग20:49 – 22:23टालें
शुभ22:23 – 23:57शुभ
अमृत23:57 – 01:31शुभ
चर01:31 – 03:06सामान्य
रोग03:06 – 04:40टालें
काल04:40 – 06:14टालें

17 अक्टूबर 2028 का पंचांग

वारमंगलवार
तिथि
कृष्ण चतुर्दशी 12:05 तक
अमावस्या 08:26, 18 अक्टू॰ तक
नक्षत्र
हस्त 20:16 तक
चित्रा 17:28, 18 अक्टू॰ तक
योग
इंद्र 09:38 तक
वैधृतिअशुभ 05:27, 18 अक्टू॰ तक
विष्कंभअशुभ 01:26, 19 अक्टू॰ तक
करण
शकुनि 12:05 तक
चतुष्पद 22:15 तक
नाग 08:26, 18 अक्टू॰ तक
चंद्र राशि
सूर्य राशिकन्या
पक्षकृष्ण पक्ष

सूर्य और चंद्रमा

सूर्योदय
06:14
सूर्यास्त
17:40
चंद्रोदय
05:07
चंद्रास्त
16:51
दिनमान
11h 26m

हिंदू कैलेंडर

मास (अमांत)
आश्विन
मास (पूर्णिमांत)
कार्तिक
विक्रम संवत
2085
शक संवत
1950, कीलक संवत्सर
ऋतु
शरद
अयन
दक्षिणायन

शुभ समय

ब्रह्म मुहूर्त
04:33 – 05:24
अभिजीत मुहूर्त
11:34 – 12:20

अशुभ समय

राहुकाल
14:48 – 16:14
यमगंड
09:05 – 10:31
गुलिक काल
11:57 – 13:23

होरा (ग्रहों के घंटे)

हर होरा दिन या रात का बारहवां भाग होता है और उस पर एक ग्रह का शासन होता है; सूर्योदय पर पहला होरा वार के स्वामी का होता है। किसी ग्रह के होरा का उपयोग उसके कारक कार्यों के लिए करें — पढ़ाई के लिए गुरु, कला के लिए शुक्र, व्यापार के लिए बुध।

होरा स्वामीसेतकदिन / रात
मंगल06:1407:11दिन
सूर्य07:1108:08दिन
शुक्र08:0809:05दिन
बुध09:0510:02दिन
चंद्र10:0211:00दिन
शनि11:0011:57दिन
गुरु11:5712:54दिन
मंगल12:5413:51दिन
सूर्य13:5114:48दिन
शुक्र14:4815:46दिन
बुध15:4616:43दिन
चंद्र16:4317:40दिन
शनि17:4018:43रात
गुरु18:4319:46रात
मंगल19:4620:49रात
सूर्य20:4921:51रात
शुक्र21:5122:54रात
बुध22:5423:57रात
चंद्र23:5701:00रात
शनि01:0002:03रात
गुरु02:0303:06रात
मंगल03:0604:09रात
सूर्य04:0905:11रात
शुक्र05:1106:14रात

अयनांश 24.2593° (लाहिड़ी)। समय बरेली (Asia/Kolkata) के स्थानीय हैं।

किसी अन्य शहर का चौघड़िया

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अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

चौघड़िया क्या है?

चौघड़िया समय देखने की एक वैदिक पद्धति है, जो गुजरात और राजस्थान में लोकप्रिय है। इसमें दिन और रात को आठ-आठ भागों में बाँटा जाता है। हर भाग का स्वामी एक ग्रह होता है और उसका नाम अमृत, शुभ, लाभ, चर, उद्वेग, काल या रोग होता है।

कौन-सा चौघड़िया सबसे अच्छा है?

अमृत, शुभ और लाभ नए काम की शुरुआत, दस्तावेज़ों पर हस्ताक्षर और खरीदारी के लिए शुभ माने जाते हैं। चर यात्रा के लिए अच्छा है। उद्वेग, काल और रोग में परंपरागत रूप से नई शुरुआत से बचा जाता है।

चौघड़िया का समय हर दिन अलग क्यों होता है?

ये अवधियाँ आपके स्थान पर वास्तविक दिन (सूर्योदय से सूर्यास्त) और रात (सूर्यास्त से अगले सूर्योदय) का आठवाँ भाग होती हैं, इसलिए साल भर सूर्योदय और सूर्यास्त के साथ बदलती रहती हैं।

क्या चौघड़िया और राहु काल एक ही हैं?

नहीं। राहु काल हर दिन एक अशुभ अवधि है। चौघड़िया दिन और रात की सभी सोलह अवधियों का मूल्यांकन करता है।