29 सितंबर 2029 को बरेली का चौघड़िया

शनिवार, 29 सितंबर 2029, बरेली, भारत। समय Asia/Kolkata में है।

शनिवार, 29 सितंबर 2029 को बरेली में सूर्योदय के समय तिथि कृष्ण षष्ठी (12:04 तक), नक्षत्र रोहिणी (10:29 तक) और योग सिद्धि है। सूर्योदय 06:04 पर और सूर्यास्त 18:00 पर है। राहुकाल 09:03 से 10:32 तक है।

दिन और रात
दिन 06:04 – 18:00
रात 06:04 तक
तिथि
षष्ठी, 12:04 तक
सप्तमी
नक्षत्र
रोहिणी, 10:29 तक
मृगशिरा
चौघड़िया
काल
शुभ
रोग
उद्वेग
चर
लाभ
अमृत
काल
लाभ
उद्वेग
शुभ
अमृत
चर
रोग
काल
लाभ
राहुकाल, यमगंड और गुलिक
राहु
यम
गुलिक
अभिजीत और ब्रह्म मुहूर्त

29 सितंबर 2029 का चौघड़िया

चौघड़िया दिन (सूर्योदय से सूर्यास्त) और रात (सूर्यास्त से अगले सूर्योदय) को आठ-आठ भागों में बांटता है। अमृत, शुभ और लाभ कार्य शुरू करने के लिए अच्छे हैं; चर यात्रा के लिए अच्छा है; उद्वेग, काल और रोग में नई शुरुआत से बचना बेहतर है।

दिन का चौघड़ियासमयफल
काल06:04 – 07:33टालें
शुभ07:33 – 09:03शुभ
रोग09:03 – 10:32टालें
उद्वेग10:32 – 12:02टालें
चर12:02 – 13:31सामान्य
लाभ13:31 – 15:01शुभ
अमृत15:01 – 16:30शुभ
काल16:30 – 18:00टालें
रात का चौघड़ियासमयफल
लाभ18:00 – 19:31शुभ
उद्वेग19:31 – 21:01टालें
शुभ21:01 – 22:32शुभ
अमृत22:32 – 00:02शुभ
चर00:02 – 01:33सामान्य
रोग01:33 – 03:03टालें
काल03:03 – 04:34टालें
लाभ04:34 – 06:04शुभ

29 सितंबर 2029 का पंचांग

वारशनिवार
तिथि
कृष्ण षष्ठी 12:04 तक
कृष्ण सप्तमी 13:49, 30 सित॰ तक
नक्षत्र
रोहिणी 10:29 तक
मृगशिरा 12:48, 30 सित॰ तक
योग
सिद्धि 06:40 तक
व्यतीपातअशुभ 07:06, 30 सित॰ तक
करण
वणिज 12:04 तक
विष्टि (भद्रा) 01:01, 30 सित॰ तक
बव 13:49, 30 सित॰ तक
चंद्र राशि
वृषभ 23:43 तक
सूर्य राशिकन्या
पक्षकृष्ण पक्ष

सूर्य और चंद्रमा

सूर्योदय
06:04
सूर्यास्त
18:00
चंद्रोदय
22:14
चंद्रास्त
11:42
दिनमान
11h 56m

हिंदू कैलेंडर

मास (अमांत)
भाद्रपद
मास (पूर्णिमांत)
आश्विन
विक्रम संवत
2086
शक संवत
1951, सौम्य संवत्सर
ऋतु
वर्षा
अयन
दक्षिणायन

शुभ समय

ब्रह्म मुहूर्त
04:27 – 05:15
अभिजीत मुहूर्त
11:38 – 12:26

अशुभ समय

राहुकाल
09:03 – 10:32
यमगंड
13:31 – 15:01
गुलिक काल
06:04 – 07:33

होरा (ग्रहों के घंटे)

हर होरा दिन या रात का बारहवां भाग होता है और उस पर एक ग्रह का शासन होता है; सूर्योदय पर पहला होरा वार के स्वामी का होता है। किसी ग्रह के होरा का उपयोग उसके कारक कार्यों के लिए करें — पढ़ाई के लिए गुरु, कला के लिए शुक्र, व्यापार के लिए बुध।

होरा स्वामीसेतकदिन / रात
शनि06:0407:03दिन
गुरु07:0308:03दिन
मंगल08:0309:03दिन
सूर्य09:0310:02दिन
शुक्र10:0211:02दिन
बुध11:0212:02दिन
चंद्र12:0213:02दिन
शनि13:0214:01दिन
गुरु14:0115:01दिन
मंगल15:0116:01दिन
सूर्य16:0117:00दिन
शुक्र17:0018:00दिन
बुध18:0019:00रात
चंद्र19:0020:01रात
शनि20:0121:01रात
गुरु21:0122:01रात
मंगल22:0123:02रात
सूर्य23:0200:02रात
शुक्र00:0201:02रात
बुध01:0202:03रात
चंद्र02:0303:03रात
शनि03:0304:03रात
गुरु04:0305:04रात
मंगल05:0406:04रात

अयनांश 24.2726° (लाहिड़ी)। समय बरेली (Asia/Kolkata) के स्थानीय हैं।

किसी अन्य शहर का चौघड़िया

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अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

चौघड़िया क्या है?

चौघड़िया समय देखने की एक वैदिक पद्धति है, जो गुजरात और राजस्थान में लोकप्रिय है। इसमें दिन और रात को आठ-आठ भागों में बाँटा जाता है। हर भाग का स्वामी एक ग्रह होता है और उसका नाम अमृत, शुभ, लाभ, चर, उद्वेग, काल या रोग होता है।

कौन-सा चौघड़िया सबसे अच्छा है?

अमृत, शुभ और लाभ नए काम की शुरुआत, दस्तावेज़ों पर हस्ताक्षर और खरीदारी के लिए शुभ माने जाते हैं। चर यात्रा के लिए अच्छा है। उद्वेग, काल और रोग में परंपरागत रूप से नई शुरुआत से बचा जाता है।

चौघड़िया का समय हर दिन अलग क्यों होता है?

ये अवधियाँ आपके स्थान पर वास्तविक दिन (सूर्योदय से सूर्यास्त) और रात (सूर्यास्त से अगले सूर्योदय) का आठवाँ भाग होती हैं, इसलिए साल भर सूर्योदय और सूर्यास्त के साथ बदलती रहती हैं।

क्या चौघड़िया और राहु काल एक ही हैं?

नहीं। राहु काल हर दिन एक अशुभ अवधि है। चौघड़िया दिन और रात की सभी सोलह अवधियों का मूल्यांकन करता है।