9 अक्टूबर 2029 को बरेली का चौघड़िया

मंगलवार, 9 अक्टूबर 2029, बरेली, भारत। समय Asia/Kolkata में है।

मंगलवार, 9 अक्टूबर 2029 को बरेली में सूर्योदय के समय तिथि शुक्ल द्वितीया (17:10 तक), नक्षत्र स्वाति (23:13 तक) और योग विष्कंभ है। सूर्योदय 06:09 पर और सूर्यास्त 17:49 पर है। राहुकाल 14:54 से 16:21 तक है।

दिन और रात
दिन 06:09 – 17:49
रात 06:10 तक
तिथि
द्वितीया, 17:10 तक
तृतीया
नक्षत्र
स्वाति, 23:13 तक
विशाखा
चौघड़िया
रोग
उद्वेग
चर
लाभ
अमृत
काल
शुभ
रोग
काल
लाभ
उद्वेग
शुभ
अमृत
चर
रोग
काल
राहुकाल, यमगंड और गुलिक
राहु
यम
गुलिक
अभिजीत और ब्रह्म मुहूर्त

9 अक्टूबर 2029 का चौघड़िया

चौघड़िया दिन (सूर्योदय से सूर्यास्त) और रात (सूर्यास्त से अगले सूर्योदय) को आठ-आठ भागों में बांटता है। अमृत, शुभ और लाभ कार्य शुरू करने के लिए अच्छे हैं; चर यात्रा के लिए अच्छा है; उद्वेग, काल और रोग में नई शुरुआत से बचना बेहतर है।

दिन का चौघड़ियासमयफल
रोग06:09 – 07:36टालें
उद्वेग07:36 – 09:04टालें
चर09:04 – 10:31सामान्य
लाभ10:31 – 11:59शुभ
अमृत11:59 – 13:26शुभ
काल13:26 – 14:54टालें
शुभ14:54 – 16:21शुभ
रोग16:21 – 17:49टालें
रात का चौघड़ियासमयफल
काल17:49 – 19:21टालें
लाभ19:21 – 20:54शुभ
उद्वेग20:54 – 22:26टालें
शुभ22:26 – 23:59शुभ
अमृत23:59 – 01:32शुभ
चर01:32 – 03:04सामान्य
रोग03:04 – 04:37टालें
काल04:37 – 06:10टालें

9 अक्टूबर 2029 का पंचांग

वारमंगलवार
तिथि
शुक्ल द्वितीया 17:10 तक
शुक्ल तृतीया 13:41, 10 अक्टू॰ तक
नक्षत्र
स्वाति 23:13 तक
विशाखा 20:37, 10 अक्टू॰ तक
योग
विष्कंभअशुभ 00:33, 10 अक्टू॰ तक
प्रीति 20:38, 10 अक्टू॰ तक
करण
बालव 07:02 तक
कौलव 17:10 तक
तैतिल 03:23, 10 अक्टू॰ तक
गर 13:41, 10 अक्टू॰ तक
चंद्र राशि
सूर्य राशिकन्या
पक्षशुक्ल पक्ष

सूर्य और चंद्रमा

सूर्योदय
06:09
सूर्यास्त
17:49
चंद्रोदय
07:41
चंद्रास्त
18:46
दिनमान
11h 40m

हिंदू कैलेंडर

मास (अमांत)
आश्विन
मास (पूर्णिमांत)
आश्विन
विक्रम संवत
2086
शक संवत
1951, सौम्य संवत्सर
ऋतु
शरद
अयन
दक्षिणायन

शुभ समय

ब्रह्म मुहूर्त
04:30 – 05:20
अभिजीत मुहूर्त
11:35 – 12:22

अशुभ समय

राहुकाल
14:54 – 16:21
यमगंड
09:04 – 10:31
गुलिक काल
11:59 – 13:26

होरा (ग्रहों के घंटे)

हर होरा दिन या रात का बारहवां भाग होता है और उस पर एक ग्रह का शासन होता है; सूर्योदय पर पहला होरा वार के स्वामी का होता है। किसी ग्रह के होरा का उपयोग उसके कारक कार्यों के लिए करें — पढ़ाई के लिए गुरु, कला के लिए शुक्र, व्यापार के लिए बुध।

होरा स्वामीसेतकदिन / रात
मंगल06:0907:07दिन
सूर्य07:0708:06दिन
शुक्र08:0609:04दिन
बुध09:0410:02दिन
चंद्र10:0211:01दिन
शनि11:0111:59दिन
गुरु11:5912:57दिन
मंगल12:5713:55दिन
सूर्य13:5514:54दिन
शुक्र14:5415:52दिन
बुध15:5216:50दिन
चंद्र16:5017:49दिन
शनि17:4918:50रात
गुरु18:5019:52रात
मंगल19:5220:54रात
सूर्य20:5421:56रात
शुक्र21:5622:57रात
बुध22:5723:59रात
चंद्र23:5901:01रात
शनि01:0102:03रात
गुरु02:0303:04रात
मंगल03:0404:06रात
सूर्य04:0605:08रात
शुक्र05:0806:10रात

अयनांश 24.2729° (लाहिड़ी)। समय बरेली (Asia/Kolkata) के स्थानीय हैं।

किसी अन्य शहर का चौघड़िया

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अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

चौघड़िया क्या है?

चौघड़िया समय देखने की एक वैदिक पद्धति है, जो गुजरात और राजस्थान में लोकप्रिय है। इसमें दिन और रात को आठ-आठ भागों में बाँटा जाता है। हर भाग का स्वामी एक ग्रह होता है और उसका नाम अमृत, शुभ, लाभ, चर, उद्वेग, काल या रोग होता है।

कौन-सा चौघड़िया सबसे अच्छा है?

अमृत, शुभ और लाभ नए काम की शुरुआत, दस्तावेज़ों पर हस्ताक्षर और खरीदारी के लिए शुभ माने जाते हैं। चर यात्रा के लिए अच्छा है। उद्वेग, काल और रोग में परंपरागत रूप से नई शुरुआत से बचा जाता है।

चौघड़िया का समय हर दिन अलग क्यों होता है?

ये अवधियाँ आपके स्थान पर वास्तविक दिन (सूर्योदय से सूर्यास्त) और रात (सूर्यास्त से अगले सूर्योदय) का आठवाँ भाग होती हैं, इसलिए साल भर सूर्योदय और सूर्यास्त के साथ बदलती रहती हैं।

क्या चौघड़िया और राहु काल एक ही हैं?

नहीं। राहु काल हर दिन एक अशुभ अवधि है। चौघड़िया दिन और रात की सभी सोलह अवधियों का मूल्यांकन करता है।