30 जनवरी 2015 को चेन्नई का चौघड़िया

शुक्रवार, 30 जनवरी 2015, चेन्नई, भारत। समय Asia/Kolkata में है।

शुक्रवार, 30 जनवरी 2015 को चेन्नई में सूर्योदय के समय तिथि शुक्ल एकादशी (22:14 तक), नक्षत्र रोहिणी (12:37 तक) और योग इंद्र है। सूर्योदय 06:35 पर और सूर्यास्त 18:08 पर है। राहुकाल 10:55 से 12:22 तक है।

दिन और रात
दिन 06:35 – 18:08
रात 06:35 तक
तिथि
एकादशी, 22:14 तक
द्वादशी
नक्षत्र
रोहिणी, 12:37 तक
मृगशिरा
चौघड़िया
चर
लाभ
अमृत
काल
शुभ
रोग
उद्वेग
चर
रोग
काल
लाभ
उद्वेग
शुभ
अमृत
चर
रोग
राहुकाल, यमगंड और गुलिक
राहु
यम
गुलिक
अभिजीत और ब्रह्म मुहूर्त

30 जनवरी 2015 का चौघड़िया

चौघड़िया दिन (सूर्योदय से सूर्यास्त) और रात (सूर्यास्त से अगले सूर्योदय) को आठ-आठ भागों में बांटता है। अमृत, शुभ और लाभ कार्य शुरू करने के लिए अच्छे हैं; चर यात्रा के लिए अच्छा है; उद्वेग, काल और रोग में नई शुरुआत से बचना बेहतर है।

दिन का चौघड़ियासमयफल
चर06:35 – 08:02सामान्य
लाभ08:02 – 09:28शुभ
अमृत09:28 – 10:55शुभ
काल10:55 – 12:22टालें
शुभ12:22 – 13:48शुभ
रोग13:48 – 15:15टालें
उद्वेग15:15 – 16:42टालें
चर16:42 – 18:08सामान्य
रात का चौघड़ियासमयफल
रोग18:08 – 19:42टालें
काल19:42 – 21:15टालें
लाभ21:15 – 22:48शुभ
उद्वेग22:48 – 00:22टालें
शुभ00:22 – 01:55शुभ
अमृत01:55 – 03:28शुभ
चर03:28 – 05:02सामान्य
रोग05:02 – 06:35टालें

30 जनवरी 2015 का पंचांग

वारशुक्रवार
तिथि
शुक्ल एकादशी 22:14 तक
शुक्ल द्वादशी 23:17, 31 जन॰ तक
नक्षत्र
रोहिणी 12:37 तक
मृगशिरा 14:03, 31 जन॰ तक
योग
इंद्र 01:32, 31 जन॰ तक
वैधृतिअशुभ 01:13, 1 फ़र॰ तक
करण
वणिज 09:52 तक
विष्टि (भद्रा) 22:14 तक
बव 10:42, 31 जन॰ तक
चंद्र राशि
वृषभ 01:17, 31 जन॰ तक
सूर्य राशिमकर
पक्षशुक्ल पक्ष

सूर्य और चंद्रमा

सूर्योदय
06:35
सूर्यास्त
18:08
चंद्रोदय
14:25
चंद्रास्त
02:35
दिनमान
11h 33m

हिंदू कैलेंडर

मास (अमांत)
माघ
मास (पूर्णिमांत)
माघ
विक्रम संवत
2071
शक संवत
1936, जय संवत्सर
ऋतु
शिशिर
अयन
उत्तरायण

शुभ समय

ब्रह्म मुहूर्त
04:55 – 05:45
अभिजीत मुहूर्त
11:59 – 12:45

अशुभ समय

राहुकाल
10:55 – 12:22
यमगंड
15:15 – 16:42
गुलिक काल
08:02 – 09:28

होरा (ग्रहों के घंटे)

हर होरा दिन या रात का बारहवां भाग होता है और उस पर एक ग्रह का शासन होता है; सूर्योदय पर पहला होरा वार के स्वामी का होता है। किसी ग्रह के होरा का उपयोग उसके कारक कार्यों के लिए करें — पढ़ाई के लिए गुरु, कला के लिए शुक्र, व्यापार के लिए बुध।

होरा स्वामीसेतकदिन / रात
शुक्र06:3507:33दिन
बुध07:3308:31दिन
चंद्र08:3109:28दिन
शनि09:2810:26दिन
गुरु10:2611:24दिन
मंगल11:2412:22दिन
सूर्य12:2213:19दिन
शुक्र13:1914:17दिन
बुध14:1715:15दिन
चंद्र15:1516:13दिन
शनि16:1317:11दिन
गुरु17:1118:08दिन
मंगल18:0819:11रात
सूर्य19:1120:13रात
शुक्र20:1321:15रात
बुध21:1522:17रात
चंद्र22:1723:19रात
शनि23:1900:22रात
गुरु00:2201:24रात
मंगल01:2402:26रात
सूर्य02:2603:28रात
शुक्र03:2804:31रात
बुध04:3105:33रात
चंद्र05:3306:35रात

अयनांश 24.0677° (लाहिड़ी)। समय चेन्नई (Asia/Kolkata) के स्थानीय हैं।

किसी अन्य शहर का चौघड़िया

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अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

चौघड़िया क्या है?

चौघड़िया समय देखने की एक वैदिक पद्धति है, जो गुजरात और राजस्थान में लोकप्रिय है। इसमें दिन और रात को आठ-आठ भागों में बाँटा जाता है। हर भाग का स्वामी एक ग्रह होता है और उसका नाम अमृत, शुभ, लाभ, चर, उद्वेग, काल या रोग होता है।

कौन-सा चौघड़िया सबसे अच्छा है?

अमृत, शुभ और लाभ नए काम की शुरुआत, दस्तावेज़ों पर हस्ताक्षर और खरीदारी के लिए शुभ माने जाते हैं। चर यात्रा के लिए अच्छा है। उद्वेग, काल और रोग में परंपरागत रूप से नई शुरुआत से बचा जाता है।

चौघड़िया का समय हर दिन अलग क्यों होता है?

ये अवधियाँ आपके स्थान पर वास्तविक दिन (सूर्योदय से सूर्यास्त) और रात (सूर्यास्त से अगले सूर्योदय) का आठवाँ भाग होती हैं, इसलिए साल भर सूर्योदय और सूर्यास्त के साथ बदलती रहती हैं।

क्या चौघड़िया और राहु काल एक ही हैं?

नहीं। राहु काल हर दिन एक अशुभ अवधि है। चौघड़िया दिन और रात की सभी सोलह अवधियों का मूल्यांकन करता है।