14 जून 2026 को चेन्नई का चौघड़िया

रविवार, 14 जून 2026, चेन्नई, भारत। समय Asia/Kolkata में है।

रविवार, 14 जून 2026 को चेन्नई में सूर्योदय के समय तिथि कृष्ण चतुर्दशी (12:20 तक), नक्षत्र रोहिणी (22:14 तक) और योग धृति है। सूर्योदय 05:42 पर और सूर्यास्त 18:35 पर है। राहुकाल 16:59 से 18:35 तक है।

दिन और रात
दिन 05:42 – 18:35
रात 05:42 तक
तिथि
चतुर्दशी, 12:20 तक
अमावस्या
नक्षत्र
रोहिणी, 22:14 तक
मृगशिरा
चौघड़िया
उद्वेग
चर
लाभ
अमृत
काल
शुभ
रोग
उद्वेग
शुभ
अमृत
चर
रोग
काल
लाभ
उद्वेग
शुभ
राहुकाल, यमगंड और गुलिक
राहु
यम
गुलिक
अभिजीत और ब्रह्म मुहूर्त

14 जून 2026 का चौघड़िया

चौघड़िया दिन (सूर्योदय से सूर्यास्त) और रात (सूर्यास्त से अगले सूर्योदय) को आठ-आठ भागों में बांटता है। अमृत, शुभ और लाभ कार्य शुरू करने के लिए अच्छे हैं; चर यात्रा के लिए अच्छा है; उद्वेग, काल और रोग में नई शुरुआत से बचना बेहतर है।

दिन का चौघड़ियासमयफल
उद्वेग05:42 – 07:19टालें
चर07:19 – 08:55सामान्य
लाभ08:55 – 10:32शुभ
अमृत10:32 – 12:09शुभ
काल12:09 – 13:45टालें
शुभ13:45 – 15:22शुभ
रोग15:22 – 16:59टालें
उद्वेग16:59 – 18:35टालें
रात का चौघड़ियासमयफल
शुभ18:35 – 19:59शुभ
अमृत19:59 – 21:22शुभ
चर21:22 – 22:45सामान्य
रोग22:45 – 00:09टालें
काल00:09 – 01:32टालें
लाभ01:32 – 02:55शुभ
उद्वेग02:55 – 04:19टालें
शुभ04:19 – 05:42शुभ

14 जून 2026 का पंचांग

वाररविवार
तिथि
कृष्ण चतुर्दशी 12:20 तक
अमावस्या 08:24, 15 जून तक
नक्षत्र
रोहिणी 22:14 तक
मृगशिरा 19:08, 15 जून तक
योग
धृति 13:15 तक
शूलअशुभ 08:55, 15 जून तक
करण
शकुनि 12:20 तक
चतुष्पद 22:22 तक
नाग 08:24, 15 जून तक
चंद्र राशि
सूर्य राशिवृषभ
पक्षकृष्ण पक्ष

सूर्य और चंद्रमा

सूर्योदय
05:42
सूर्यास्त
18:35
चंद्रोदय
04:27
चंद्रास्त
17:56
दिनमान
12h 53m

हिंदू कैलेंडर

मास (अमांत)
अधिक ज्येष्ठ
मास (पूर्णिमांत)
अधिक ज्येष्ठ
विक्रम संवत
2083
शक संवत
1948, पराभव संवत्सर
ऋतु
ग्रीष्म
अयन
उत्तरायण

शुभ समय

ब्रह्म मुहूर्त
04:13 – 04:58
अभिजीत मुहूर्त
11:43 – 12:34

अशुभ समय

राहुकाल
16:59 – 18:35
यमगंड
12:09 – 13:45
गुलिक काल
15:22 – 16:59

होरा (ग्रहों के घंटे)

हर होरा दिन या रात का बारहवां भाग होता है और उस पर एक ग्रह का शासन होता है; सूर्योदय पर पहला होरा वार के स्वामी का होता है। किसी ग्रह के होरा का उपयोग उसके कारक कार्यों के लिए करें — पढ़ाई के लिए गुरु, कला के लिए शुक्र, व्यापार के लिए बुध।

होरा स्वामीसेतकदिन / रात
सूर्य05:4206:46दिन
शुक्र06:4607:51दिन
बुध07:5108:55दिन
चंद्र08:5510:00दिन
शनि10:0011:04दिन
गुरु11:0412:09दिन
मंगल12:0913:13दिन
सूर्य13:1314:18दिन
शुक्र14:1815:22दिन
बुध15:2216:26दिन
चंद्र16:2617:31दिन
शनि17:3118:35दिन
गुरु18:3519:31रात
मंगल19:3120:27रात
सूर्य20:2721:22रात
शुक्र21:2222:18रात
बुध22:1823:13रात
चंद्र23:1300:09रात
शनि00:0901:04रात
गुरु01:0402:00रात
मंगल02:0002:55रात
सूर्य02:5503:51रात
शुक्र03:5104:47रात
बुध04:4705:42रात

अयनांश 24.2265° (लाहिड़ी)। समय चेन्नई (Asia/Kolkata) के स्थानीय हैं।

किसी अन्य शहर का चौघड़िया

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अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

चौघड़िया क्या है?

चौघड़िया समय देखने की एक वैदिक पद्धति है, जो गुजरात और राजस्थान में लोकप्रिय है। इसमें दिन और रात को आठ-आठ भागों में बाँटा जाता है। हर भाग का स्वामी एक ग्रह होता है और उसका नाम अमृत, शुभ, लाभ, चर, उद्वेग, काल या रोग होता है।

कौन-सा चौघड़िया सबसे अच्छा है?

अमृत, शुभ और लाभ नए काम की शुरुआत, दस्तावेज़ों पर हस्ताक्षर और खरीदारी के लिए शुभ माने जाते हैं। चर यात्रा के लिए अच्छा है। उद्वेग, काल और रोग में परंपरागत रूप से नई शुरुआत से बचा जाता है।

चौघड़िया का समय हर दिन अलग क्यों होता है?

ये अवधियाँ आपके स्थान पर वास्तविक दिन (सूर्योदय से सूर्यास्त) और रात (सूर्यास्त से अगले सूर्योदय) का आठवाँ भाग होती हैं, इसलिए साल भर सूर्योदय और सूर्यास्त के साथ बदलती रहती हैं।

क्या चौघड़िया और राहु काल एक ही हैं?

नहीं। राहु काल हर दिन एक अशुभ अवधि है। चौघड़िया दिन और रात की सभी सोलह अवधियों का मूल्यांकन करता है।